बॉलीवुड की मशहूर अभिनेत्री शर्मिला टैगोर अपनी नई हिंदी फिल्म वाइब के जरिए सिनेमाघरों में शानदार वापसी करने जा रही हैं। इस प्रोजेक्ट की खास बात यह है कि इसका निर्देशन उनके दामाद और अभिनेता कुणाल खेमू कर रहे हैं। बुधवार को आयोजित हुए इस फिल्म के ट्रेलर लॉन्च समारोह के दौरान कुणाल खेमू ने अपनी सास शर्मिला टैगोर को सेट पर निर्देशित करने के अपने अनुभवों को मीडिया के सामने रखा। फिल्म का ट्रेलर सोशल मीडिया मंचों पर जारी कर दिया गया है, जिसे दर्शकों और प्रशंसकों की ओर से काफी सकारात्मक प्रतिक्रिया मिल रही है।
शर्मिला टैगोर को फिल्म में शामिल करने की दिलचस्प कहानी
ट्रेलर रिलीज कार्यक्रम के दौरान जब कुणाल खेमू से पूछा गया कि क्या शर्मिला टैगोर को इस प्रोजेक्ट में शामिल करना शुरुआती योजना का हिस्सा था, तो उन्होंने अपनी झिझक का जिक्र किया। कुणाल ने बताया कि शुरुआत में वे पूरी तरह आश्वस्त नहीं थे कि उनकी सास इस विशेष भूमिका के लिए सहमत होंगी या नहीं। उन्होंने अपने इस प्रयास को अनिश्चितता से भरा कदम बताया।
कुणाल खेमू ने कहा, "शर्मिला जी के साथ काम करना मेरे लिए एक तरह से शॉट इन द डार्क जैसा था।" उन्होंने आगे विस्तार से बताते हुए कहा कि जब उन्होंने पहली बार शर्मिला टैगोर से फिल्म में एक कैमियो रोल निभाने के संबंध में बात की, तो अभिनेत्री ने तुरंत कोई फैसला लेने के बजाय सबसे पहले कहानी का सार मांगा। कुणाल ने जब उन्हें पूरी कहानी सुनाई, तो शर्मिला टैगोर ने मुस्कुराते हुए कहा कि यह सिर्फ एक औपचारिक सवाल था और वे इस किरदार को करने के लिए पहले से ही तैयार थीं।
दिग्गज अभिनेत्री को डायरेक्ट करने का अहसास
सेट पर शर्मिला टैगोर के व्यवहार की सराहना करते हुए कुणाल खेमू ने कहा कि वे अपने काम के प्रति बेहद सहज, उदार और सहयोगी रहीं। उन्होंने सेट के माहौल को काफी आसान बना दिया, जिससे काम करना बहुत सुविधाजनक रहा।
कुणाल ने अपनी खुशी जाहिर करते हुए बताया कि शर्मिला टैगोर जैसी वरिष्ठ और सम्मानित अदाकारा के लिए एक्शन और कट बोलना उनके करियर का एक बहुत बड़ा मील का पत्थर है। उन्होंने इस उपलब्धि को अपने व्यक्तिगत और व्यावसायिक जीवन के सबसे गर्व महसूस कराने वाले पलों में से एक करार दिया।
बड़े पर्दे पर शर्मिला टैगोर का सफर
अपकमिंग फिल्म वाइब में शर्मिला टैगोर का एक विशेष और सरप्राइज कैमियो रोल देखने को मिलेगा। हिंदी सिनेमा के बड़े पर्दे पर उनकी मौजूदगी लंबे समय के अंतराल के बाद हो रही है। इससे पहले वे साल 2010 में रिलीज हुई हिंदी फिल्म ब्रेक के बाद में बड़े पर्दे पर नजर आई थीं।
हालांकि वे इसके बाद ओटीटी प्लेटफॉर्म पर रिलीज हुई फिल्म गुलमोहर का भी हिस्सा थीं, लेकिन वह रिलीज सिनेमाघरों के बजाय डिजिटल माध्यम पर हुई थी। इस वजह से वाइब को थिएटर्स में उनकी वास्तविक हिंदी सिनेमा वापसी के रूप में देखा जा रहा है। इसके अतिरिक्त, शर्मिला टैगोर ने साल 2025 में बंगाली फिल्म पुरातावन के माध्यम से क्षेत्रीय सिनेमा में भी अपनी दमदार उपस्थिति दर्ज कराई थी, जिसे बॉक्स ऑफिस पर दर्शकों का काफी प्यार और सफलता मिली थी।



















