भारतीय सिनेमा की दिग्गज अभिनेत्री राखी गुलजार शनिवार को अपना जन्मदिन मना रही हैं। इस खास अवसर पर बॉलीवुड अभिनेता जैकी श्रॉफ ने सोशल मीडिया पर उनकी एक थ्रोबैक तस्वीर साझा करते हुए बधाई दी। जैकी श्रॉफ का यह अंदाज प्रशंसकों के बीच काफी चर्चा में है। बॉलीवुड के बिडू नाम से मशहूर जैकी श्रॉफ ने अभिनेत्री को याद करते हुए लिखा कि राखी जी का अभिनय और उनसे जुड़ी खूबसूरत यादें हमेशा हर प्रशंसक के दिल में जिंदा रहेंगी।
स्वतंत्रता दिवस के दिन हुआ था जन्म
राखी गुलजार का जन्म 15 अगस्त 1947 को पश्चिम बंगाल के राणाघाट शहर में हुआ था। देश की आजादी के ऐतिहासिक दिन जन्मी राखी ने अपनी मेहनत और कला के दम पर भारतीय फिल्म जगत में एक खास पहचान बनाई। 1970 के दशक से लेकर 1990 के दशक तक उन्होंने हिंदी और बंगाली सिनेमा में कई यादगार भूमिकाएं निभाईं और दर्शकों के दिलों पर राज किया। अपने लंबे और सफल अभिनय सफर के दौरान उन्हें प्रतिष्ठित पद्म श्री पुरस्कार तथा कई राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कारों से सम्मानित किया गया।
बंगाली फिल्म से शुरुआत और बॉलीवुड का पहला सफर
अभिनय की दुनिया में राखी गुलजार का कदम वर्ष 1967 में पड़ी बंगाली फिल्म वधूवरण के साथ रखा गया था। इस फिल्म से उन्हें शुरुआती पहचान मिली। इसके बाद उन्होंने हिंदी सिनेमा की ओर रुख किया और वर्ष 1970 में आई फिल्म जीवन मृत्यु के जरिए बॉलीवुड में अपना पदार्पण किया। पहली ही हिंदी फिल्म में उनके अभिनय की काफी सराहना हुई और वे जल्द ही बॉलीवुड की शीर्ष अभिनेत्रियों की पंक्ति में शामिल हो गईं।
गीतकार गुलजार से मुलाकात और शादी का सफर
फिल्म जीवन मृत्यु की शूटिंग और निर्माण के दौरान ही राखी की मुलाकात प्रसिद्ध गीतकार और लेखक गुलजार से हुई थी। दोनों के बीच शुरू हुई यह मुलाकात पहले गहरी दोस्ती में बदली और फिर दोनों एक दूसरे से प्यार करने लगे। वर्ष 1973 में दोनों ने विवाह कर लिया। विवाह के बाद उनके घर एक बेटी का जन्म हुआ, जिनका नाम मेघना गुलजार रखा गया। हालांकि दोनों का यह वैवाहिक रिश्ता ज्यादा समय तक नहीं टिक सका।
करियर की शर्तें और रिश्तों में दूरी
विवाह के बाद दोनों के रिश्तों में दूरियां आने की मुख्य वजह करियर से जुड़ी स्थितियां थीं। गुलजार साहब चाहते थे कि विवाह के बाद राखी फिल्मों में काम करना बंद कर दें और पारिवारिक जीवन पर ध्यान दें। हालांकि राखी अपने अभिनय करियर को छोड़ना नहीं चाहती थीं और उन्होंने फिल्मों में काम जारी रखा। इसी बात को लेकर दोनों के बीच अनबन रहने लगी और आखिरकार उनका यह रिश्ता समाप्त हो गया।
राष्ट्रीय पुरस्कार और पनवेल फार्महाउस का शांत जीवन
राखी गुलजार को वर्ष 2003 में रिलीज हुई फिल्म शुभ मुहूर्त के लिए राष्ट्रीय फिल्म पुरस्कार से नवाजा गया था। मुख्य अभिनेत्री के तौर पर यह उनकी आखिरी बड़ी और चर्चित फिल्म मानी जाती है। इसके बाद उन्होंने धीरे-धीरे ग्लैमर की दुनिया और फिल्मों से दूरी बना ली। वर्तमान में राखी गुलजार मुंबई के पास पनवेल स्थित अपने फार्महाउस पर सादगी भरा, शांत और सुकून का जीवन व्यतीत कर रही हैं।



















