संयुक्त अरब अमीरात के दुबई अंतरराष्ट्रीय स्टेडियम में महिला एशिया कप के रोमांचक दौर के तहत भारतीय महिला क्रिकेट टीम गुरुवार को हांगकांग के खिलाफ मैदान में उतरेगी। पहले मुकाबले में थाईलैंड को 94 रनों से करारी शिकस्त देने के बाद भारतीय टीम आत्मविश्वास से भरी हुई है। हालांकि, बहुप्रतीक्षित भारत-पाकिस्तान महामुकाबले से ठीक पहले टीम प्रबंधन अपनी सभी तकनीकी और रणनीतिक कमियों को दूर करना चाहता है, ताकि आने वाली बड़ी चुनौतियों के लिए एकादश पूरी तरह तैयार हो सके।
मध्यक्रम के ढहने से बढ़ी चिंताएं और सुधार की जरूरत
वनडे प्रारूप में चार बार और टी20 प्रारूप में तीन बार एशिया कप का खिताब अपने नाम कर चुकी भारतीय टीम के पास अपार अनुभव है। इसके बावजूद, थाईलैंड के खिलाफ हुए पिछले मैच में टीम का मध्यक्रम बुरी तरह बिखर गया था। दस ओवर के खेल तक भारत ने 2 विकेट खोकर 101 रन बना लिए थे, जिससे 200 से ज्यादा रन का विशाल स्कोर बनने की उम्मीद जग गई थी। लेकिन इसके बाद 29 रनों के भीतर लगातार सात विकेट गिर गए और पूरी टीम 159 रनों पर ही सीमित हो गई। भले ही गेंदबाजों ने विरोधी टीम को समेटकर 94 रनों की आसान जीत दिला दी, लेकिन मध्यक्रम का यह अचानक ढहना टीम की सबसे बड़ी चिंता बन गया है जिसे हांगकांग के खिलाफ सुधारा जाएगा।
शेफाली की आक्रामक बल्लेबाजी और दीप्ति शर्मा का ऐतिहासिक कीर्तिमान
पहले मैच में भारत के लिए कई व्यक्तिगत उपलब्धियां भी देखने को मिलीं। सलामी बल्लेबाज शेफाली वर्मा ने मैदान के चारों तरफ चौके-छक्कों की बरसात करते हुए 64 रनों की विस्फोटक अर्धशतकीय पारी खेली। दूसरी ओर, स्टार ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने अपनी असाधारण गेंदबाजी से नया इतिहास रच दिया। उन्होंने एक भी रन दिए बिना तीन बल्लेबाजों को पवेलियन भेजा। इस जादुई प्रदर्शन के साथ ही वह महिला टी20 अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट के इतिहास में सबसे अधिक विकेट लेने वाली दुनिया की नंबर एक गेंदबाज बन गईं। इसके अलावा, स्मृति मंधाना को अपनी क्रीज पर लंबी पारी खेलने पर जोर देना होगा। साथ ही चोट के कारण बाहर हुई जेमिमा रोड्रिग्स के स्थान पर एकादश का हिस्सा बनीं प्रतिका रावल को भी मिली शुरुआती लय को एक विशाल व्यक्तिगत स्कोर तक ले जाने की चुनौती होगी।
कप्तान हरमनप्रीत कौर का फॉर्म और एशियाई खेलों की तैयारी
कप्तान हरमनप्रीत कौर के लिए भी यह टूर्नामेंट व्यक्तिगत और रणनीतिक दोनों दृष्टिकोण से बेहद महत्वपूर्ण साबित हो सकता है। टी20 प्रारूप में अपनी फॉर्म और भविष्य पर उठ रही चर्चाओं को शांत करने के लिए भारतीय कप्तान स्वयं एक बड़ी और जिम्मेदार पारी खेलने के लिए उत्सुक होंगी। महिला एशिया कप के तुरंत बाद भारतीय टीम को जापान में आयोजित होने वाले एशियाई खेलों में हिस्सा लेना है। टी20 प्रारूप में लगातार बेहतर परिणाम हासिल करने का दबाव होने के कारण, टीम के पास इस वैश्विक मंच से पहले लय हासिल करने का यही सबसे सही अवसर है।
हांगकांग टीम की ताकत और मुख्य खिलाड़ियों की चुनौती
दूसरी तरफ, हांगकांग की टीम को अपने पहले मुकाबले में थाईलैंड के हाथों छह रनों से करीबी हार झेलनी पड़ी थी। जीत के लिए मिले 121 रनों के लक्ष्य के जवाब में हांगकांग की टीम 20 ओवर में 7 विकेट खोकर केवल 114 रन ही जोड़ सकी। इसके बावजूद उनकी मुख्य तेज गेंदबाज मरीना लैम्प्लो ने किफायती गेंदबाजी करते हुए 11 रन खर्च करके 4 सफलताएं हासिल कीं, जिनसे भारतीय बल्लेबाजों को सावधान रहना होगा। इसके अलावा अनुभवी ऑलराउंडर कैरी चान ने महज 20 गेंदें खेलकर 28 रनों की आक्रामक पारी से अपनी मंशा जाहिर कर दी थी।
भारत और हांगकांग का पूरा स्क्वाड
भारतीय महिला टीम का स्क्वाड: कप्तानी का जिम्मा हरमनप्रीत कौर के पास है और उप-कप्तान स्मृति मंधाना हैं। अन्य सदस्यों में शेफाली वर्मा, दीप्ति शर्मा, प्रतिका रावल, विकेटकीपर ऋचा घोष, विकेटकीपर गुनालन कमलिनी, भारती फुलमाली, रेणुका सिंह ठाकुर, अरुंधति रेड्डी, क्रांति गौड़, प्रेमा रावत, श्री चरणी, नंदनी शर्मा और स्पिनर राधा यादव शामिल हैं।
हांगकांग महिला टीम का स्क्वाड: हांगकांग का नेतृत्व मरियम बीबी (कप्तान) कर रही हैं। टीम में यास्मीन दासवानी (विकेटकीपर), मारिको हिल, मरीना लैम्प्लो, ऑलराउंडर कैरी चान, जॉयलीन कौर, शांजीन शहजाद, रुचिता वेंकटेश, चार्लोट चैन, एलिसन सिउ, शिंग चैन डोरोथिया, इकरा सहर, नताशा माइल्स, महकदीप कौर और हेली वांग शामिल हैं।



















