सफर के लिए शानदार वाई-फाई 7 पॉकेट राउटर: घर पर कमजोर लेकिन यात्रा में बेहद दमदार है टीपी-लिंक रोम 7द ऑफिस की याद सताने पर जरूर देखें ये 6 बेहतरीन ऑफिस कॉमेडी फिल्में, मिलेगा भरपूर मनोरंजनअफगानिस्तान टी20 सीरीज से पहले टीम इंडिया की बढ़ी परेशानी, नेट प्रैक्टिस के दौरान चोटिल हुए ईशान किशननई दिल्ली में रूसी राष्ट्रपति का बिना प्रोटोकॉल वाला इशारा, अजित डोभाल से पुतिन की मुलाकात के क्या हैं कूटनीतिक मायने?राजनाथ सिंह ने स्वामी विवेकानंद के साल 1893 के ऐतिहासिक शिकागो भाषण को भारतीय सभ्यता का निर्णायक मोड़ बतायाब्रिक्स शिखर सम्मेलन में व्लादिमीर पुतिन और मसूद पेजेशकियान से मिले पीएम नरेंद्र मोदी, अब शी जिनपिंग के साथ द्विपक्षीय बैठक पर टिकीं नजरेंगंगा के बढ़ते जलस्तर से भोजपुर के घांघर में गहराया चारे का संकट, भुखमरी की कगार पर पहुंचे मवेशीजापान सरकार के विरोध के बीच बैंक ऑफ जापान बढ़ाएगा ब्याज दरें, अप्रैल तक 1.75 प्रतिशत होने का अनुमानपॉलीमार्केट पर बड़ा संकट: अमेरिकी नियामकों ने सीक्रेट तौर पर शुरू की इनसाइडर ट्रेडिंग की तीन नई जांचेंसफर के लिए शानदार लेकिन बड़े मकानों के लिए कमजोर साबित होगा यह बेहद छोटा टीपी-लिंक Wi-Fi 6 ट्रैवल राउटर
गॉल में 112 पर सिमटी टीम इंडिया, हार के बाद शास्त्री की पार्टी से बदली सोचक्रिकेट
31 जुल॰ 2026, 3:25 pm (42 दिन पहले)· 1

गॉल में 112 पर सिमटी टीम इंडिया, हार के बाद शास्त्री की पार्टी से बदली सोच

2015 के गॉल टेस्ट में 176 रन के करीब पहुंचकर भी टीम इंडिया 112 पर ऑलआउट हो गई थी, लेकिन हार के बाद रवि शास्त्री की पार्टी ने टीम का पूरा नजरिया बदल दिया.

क्रिकेट के मैदान पर कई बार किस्मत आखिरी लम्हे में करवट बदल लेती है, जीता हुआ मुकाबला हाथ से फिसल जाता है और जश्न की तैयारी अचानक सन्नाटे में बदल जाती है. 2015 में श्रीलंका के गॉल शहर में खेला गया टेस्ट मैच टीम इंडिया के लिए कुछ ऐसा ही अनुभव लेकर आया था. उस दौर में विराट कोहली को कप्तानी की जिम्मेदारी नई नई मिली थी और उनके साथ कोच की कुर्सी पर रवि शास्त्री मौजूद थे. दोनों ने मैच जीतने के लिए रणनीति बनाने में कोई कमी नहीं रखी थी, लेकिन मैदान पर कहानी कुछ और ही लिखी जानी थी.

176 रन की दहलीज पर बिखरी उम्मीदें

मैच के तीसरे दिन का खेल खत्म होने तक टीम इंडिया को जीत के लिए 176 रन की दरकार थी और टीम ने केएल राहुल का विकेट गंवाकर 23 रन बना लिए थे. मतलब चौथे दिन जीत के लिए सिर्फ 153 रन और चाहिए थे. क्रीज पर पहली पारी में शतक जड़ चुके शिखर धवन मौजूद थे और उनके साथ नाइटवॉचमैन के तौर पर ईशांत शर्मा बल्लेबाजी कर रहे थे. दोनों बल्लेबाजों ने जब मैदान पर कदम रखा तो लग रहा था कि लंच तक टीम इंडिया जीत का जश्न मना लेगी. लेकिन तभी रंगना हेराथ की गेंदबाजी ने पूरा खेल पलट दिया. उनकी फिरकी के आगे भारतीय बल्लेबाज एक के बाद एक आउट होते चले गए और पूरी टीम सिर्फ 112 रन पर सिमट गई. श्रीलंका ने यह मैच 63 रन के बड़े अंतर से अपने नाम कर लिया और हेराथ अकेले 7 विकेट चटकाने में कामयाब रहे. प्रेजेंटेशन सेरेमनी के दौरान भारतीय खिलाड़ियों के झुके हुए चेहरे साफ बता रहे थे कि गॉल में उनसे बड़ी चूक हो चुकी है.

ये भी पढ़ें

11 साल बाद फिर गॉल, राहुल के लिए यादों की वापसी

अब 11 साल बाद टीम इंडिया एक बार फिर गॉल के उसी मैदान पर उतरने वाली है और इस बार भी दस्ते में केएल राहुल मौजूद रहेंगे, जो 2015 की उस हार के चश्मदीद रहे थे और मैदान पर हर उतार चढ़ाव उनकी आंखों के सामने से गुजरा था. इस बार एक दिलचस्प संयोग भी सामने आया है. 2015 में यह मैच 15 अगस्त को खत्म हुआ था, जबकि 2026 में यह मुकाबला ठीक इसी तारीख यानी 15 अगस्त से शुरू होगा. 14 अगस्त की शाम तक हर तरफ टीम इंडिया की जीत की ही चर्चा हो रही थी, लेकिन अगली सुबह मैदान पर कुछ और ही कहानी लिखी जाने वाली थी, और यह सब केएल राहुल की आंखों के सामने हुआ था.

हार के बाद पार्टी, शास्त्री का अनोखा फॉर्मूला

टीम इंडिया चार दिन के अंदर ही गॉल टेस्ट हार गई थी, इसलिए तय कार्यक्रम से पहले ही टीम कोलंबो के लिए रवाना हो गई. टीम को ताज समुद्रा होटल में ठहरना था और अगले दिन रवि शास्त्री प्रेस कॉन्फ्रेंस के लिए पहुंचे. जब उनसे पूछा गया कि हार के बाद टीम ने क्या किया, तो उन्होंने बताया कि उन्होंने सभी खिलाड़ियों के लिए पार्टी अरेंज करवाई थी, ताकि खिलाड़ी उस मैच के झटके को पीछे छोड़कर नए सिरे से खुद को तैयार कर सकें. इसका असर मैदान पर भी साफ दिखा, पहला टेस्ट हारने के बावजूद टीम इंडिया ने अगले दोनों टेस्ट मैच जीत लिए और पूरी सीरीज भी अपने नाम कर ली.

कल्चर जो सालों तक चला

तीन साल बाद जब रवि शास्त्री और विराट कोहली बतौर कोच और कप्तान दोबारा साथ आए, तो हार के बाद खिलाड़ियों का माहौल हल्का करने वाला यह पार्टी कल्चर टीम इंडिया के साथ लंबे समय तक बना रहा.

सवाल-जवाब

2015 के गॉल टेस्ट में टीम इंडिया को जीत के लिए कितने रन चाहिए थे?
टीम इंडिया को जीत के लिए 176 रन बनाने थे.
टीम इंडिया उस मैच में कितने रन पर ऑलआउट हुई थी?
टीम 112 रन पर ऑलआउट हो गई थी, जिससे श्रीलंका को 63 रन से जीत मिली.
उस मैच में सबसे ज्यादा विकेट किसने लिए थे?
श्रीलंका के रंगना हेराथ ने 7 विकेट लिए थे.
हार के बाद रवि शास्त्री ने क्या किया था?
उन्होंने सभी खिलाड़ियों के लिए पार्टी अरेंज करवाई थी, ताकि टीम मैच का झटका भूलकर नए सिरे से तैयार हो सके.
पार्टी अरेंज करने का नतीजा क्या निकला?
पहला टेस्ट हारने के बावजूद टीम इंडिया ने अगले दोनों टेस्ट मैच और पूरी सीरीज जीत ली.
2026 का गॉल टेस्ट कब शुरू होगा और इसका 2015 से क्या संयोग है?
यह मैच 15 अगस्त 2026 से शुरू होगा, जबकि 2015 का मैच ठीक इसी तारीख को खत्म हुआ था.
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR