एशियाई क्रिकेट के इस बड़े मंच पर खिताबी दौड़ अब अपने रोमांचक मोड़ पर पहुंच चुकी है। टूर्नामेंट के नॉकआउट चरण का आगाज आज यानी 10 सितंबर को हो रहा है, जहां पहले सेमीफाइनल मुकाबले में भारत और बांग्लादेश की टीमें मैदान पर उतरेंगी। दुबई इंटरनेशनल क्रिकेट स्टेडियम में होने वाले इस हाई-वोल्टेज मैच को जीतने वाली टीम सीधे फाइनल का टिकट हासिल करेगी, जबकि हारने वाली टीम का सफर यहीं समाप्त हो जाएगा।
शानदार लय के साथ उतरी भारतीय टीम
हरमनप्रीत कौर की कप्तानी में खेल रही भारतीय महिला टीम ने ग्रुप ए में अपने सभी मुकाबले जीतकर पॉइंट्स टेबल में शीर्ष स्थान पक्का किया था। ग्रुप स्टेज के तीन मैचों में लगातार जीत दर्ज करते हुए टीम ने कुल 6 अंक हासिल किए। इस दौरान भारत ने थाईलैंड, हांगकांग और पाकिस्तान जैसी टीमों को शिकस्त दी। टीम की बल्लेबाजी और गेंदबाजी दोनों ही विभागों में प्रदर्शन बेहतरीन रहा है, और खिलाड़ी उसी विजयी लय को इस नॉकआउट मुकाबले में भी बरकरार रखना चाहती हैं।
बांग्लादेशी टीम का संघर्ष और वापसी
दूसरी तरफ, बांग्लादेश ने ग्रुप बी में दूसरा स्थान हासिल कर सेमीफाइनल में प्रवेश किया है। टूर्नामेंट के अपने पहले मैच में उन्होंने इंडोनेशिया को 71 रन के बड़े अंतर से हराया था। हालांकि, दूसरे मुकाबले में उन्हें श्रीलंका के हाथों चार विकेट से हार का सामना करना पड़ा। इसके बावजूद टीम ने हार नहीं मानी और यूएई के खिलाफ एक बेहद रोमांचक मुकाबले में शानदार वापसी की। उस मैच में बांग्लादेश ने पहले खेलते हुए 20 ओवर में 103 रन बनाए और बाद में अनुशासित गेंदबाजी के दम पर यूएई की टीम को 9 विकेट पर 69 रन पर रोक दिया।
पुराने इतिहास और आंकड़ों का दबाव
दोनों टीमों के बीच टी20 अंतरराष्ट्रीय मुकाबलों के आंकड़ों को देखा जाए तो पलड़ा काफी हद तक भारत का भारी नजर आता है। इसके बावजूद एशिया कप के इतिहास में बांग्लादेश ने भारत को कड़ी टक्कर दी है। साल 2018 के एशिया कप में बांग्लादेश ने भारत को दो बार मात दी थी और अंततः खिताब अपने नाम किया था। ऐसे में यह सेमीफाइनल सिर्फ एक नॉकआउट मैच नहीं है, बल्कि दोनों टीमों के बीच एक कड़ा मनोवैज्ञानिक संघर्ष भी होगा। भारतीय टीम इस बार किसी भी तरह के उलटफेर से बचते हुए अपने पुराने अनुभवों से सबक लेकर मैदान पर उतरेगी।


















