क्रिप्टोकरेंसी बाजार में लगातार उतार-चढ़ाव के बीच बिटकॉइन ने मंगलवार को एक बार फिर 64,000 डॉलर का मनोवैज्ञानिक स्तर हासिल कर लिया। पिछले सत्र में देखने को मिली हल्की गिरावट के बाद संस्थागत निवेशकों की ओर से खरीदारी में सुधार आया है। अमेरिका में सूचीबद्ध स्पॉट ईटीएफ (ETF) में बड़ी मात्रा में पूंजी का प्रवाह दर्ज किया गया है, जिससे डिजिटल संपत्तियों में नया भरोसा देखने को मिल रहा है। इसके बावजूद, मध्य पूर्व में जारी भू-राजनीतिक अनिश्चितता और कच्चे तेल की कीमतों में आई रिकवरी ने निवेशकों की चिंता बढ़ा दी है। अमेरिका और ईरान के बीच शांति वार्ता पर छाए अनिश्चितता के बादलों तथा कच्चे तेल में उछाल से वैश्विक स्तर पर मुद्रास्फीति का खतरा बना हुआ है, जो बिटकॉइन की तेजी पर दबाव डाल रहा है।
ईटीएफ में 170 मिलियन डॉलर का निवेश और संस्थागत मांग
संस्थागत निवेशकों की बढ़ती दिलचस्पी के चलते अमेरिकी बिटकॉइन स्पॉट ईटीएफ में सोमवार को 170.09 मिलियन डॉलर की शुद्ध आवक दर्ज की गई। यह बढ़त पिछले सप्ताह देखी गई लगातार बिकवाली और पूंजी निकासी के बाद सामने आई है। ईटीएफ में हुए इस ताजा निवेश ने बाजार को मजबूती दी है, जिससे बिटकॉइन 63,800 डॉलर से लेकर 64,000 डॉलर के दायरे में कारोबार करता दिखा। हालांकि, तकनीकी रूप से संपत्ति अभी भी अपने प्रमुख एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज (EMA) के नीचे बनी हुई है, जो यह दर्शाता है कि दीर्घकालिक बियरिश पूर्वाग्रह अभी पूरी तरह समाप्त नहीं हुआ है।
भू-राजनीतिक तनाव और कच्चे तेल में उछाल का असर
क्रिप्टो बाजार की रिकवरी में सबसे बड़ी बाधा मध्य पूर्व का संकट बन रहा है। ईरान के सर्वोच्च नेता के वरिष्ठ सलाहकार मोहसिन रजाई ने अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के उन दावों को खारिज कर दिया, जिनमें हॉर्मुज जलडमरूमध्य के दोबारा खुलने की बात कही गई थी। मोहसिन रजाई ने स्पष्ट चेतावनी दी कि ईरान अपनी निर्धारित प्रणाली के अलावा किसी भी अनाधिकृत पोत को इस रणनीतिक जलमार्ग से गुजरने की अनुमति नहीं देगा और ऐसा करने वाले अमेरिकी युद्धपोतों को निशाना बनाया जाएगा।
इसके साथ ही, सऊदी अरब के खिलाफ ईरान समर्थित हुथी विद्रोहियों की समुद्री नाकाबंदी ने क्षेत्रीय संघर्ष को और गहरा कर दिया है। इन घटनाओं से पैदा हुए जोखिम के कारण कच्चे तेल के दामों में तेजी आ रही है। तेल महंगा होने से वैश्विक अर्थव्यवस्था में महंगाई बढ़ने की आशंका गहरा जाती है, जिससे अमेरिकी फेडरल रिजर्व द्वारा ब्याज दरों में कटौती की संभावना कम हो सकती है। यही कारण है कि बिटकॉइन जैसे जोखिम वाले परिसंपत्तियों में बड़ी रैली नहीं आ पा रही है।
बिटकॉइन का तकनीकी विश्लेषण और महत्वपूर्ण स्तर
तकनीकी चार्ट पर नजर डालें तो बिटकॉइन वर्तमान में एक गिरते हुए ट्रेंड चैनल (falling trend channel) के भीतर कारोबार कर रहा है। 50-दिवसीय ईएमए $64,653 पर, 100-दिवसीय ईएमए $67,134 पर और 200-दिवसीय ईएमए $72,615 पर ओवरहेड रेजिस्टेंस के रूप में बने हुए हैं। जब तक कीमत इन स्तरों के ऊपर मजबूती से बंद नहीं होती, हालिया उछाल को व्यापक मंदी के भीतर एक सुधारात्मक प्रयास माना जा रहा है।
डेली चार्ट पर रिलेटिव स्ट्रेंथ इंडेक्स (RSI) 49 के आसपास न्यूट्रल स्तर पर मंडरा रहा है, जो अनिश्चितता का संकेत देता है। वहीं, मूविंग एवरेज कन्वर्जेंस डाइवर्जेंस (MACD) शून्य के नीचे नकारात्मक क्षेत्र में बना हुआ है, जो दर्शाता है कि बिकवाली का दबाव अभी भी बना हुआ है। चार्ट पर $66,240 के आसपास एक इनवर्स हेड एंड शोल्डर्स (inverse head and shoulders) पैटर्न आकार ले रहा है। यदि बिटकॉइन भारी वॉल्यूम के साथ $66,240 के रेजिस्टेंस को तोड़ता है, तो नया तेजी का चक्र शुरू हो सकता है। नीचे की तरफ, immediate support $63,000 और महत्वपूर्ण मनोवैज्ञानिक सपोर्ट $60,000 पर स्थित है। यदि $60,000 का स्तर टूटता है, तो बिटकॉइन में और बड़ी गिरावट देखने को मिल सकती है। लंबी अवधि में $84,410 का स्तर एक प्रमुख रुकावट के रूप में मौजूद है।
अल्टरनेट कॉइन्स: AAVE, DOGE, XRP, ADA और HYPE का हाल
मुख्य क्रिप्टो बिटकॉइन के साथ-साथ अन्य डिजिटल संपत्तियों में भी मिला-जुला रुख देखा जा रहा है
- Aave (AAVE): यह टोकन अपने 50-दिवसीय ईएमए $90.80 के ऊपर बना हुआ है। मोनाड ब्लॉकचेन पर Aave के V3 डिप्लॉयमेंट ने पिछले महीने में 500 मिलियन डॉलर से अधिक की जमा राशि (deposits) दर्ज की है, जो इसके नेटवर्क पर उपयोगकर्ताओं के बढ़ते रुझान को दर्शाती है।
- Dogecoin (DOGE): पिछले हफ्ते 3.5% की गिरावट झेलने के बाद डॉजकॉइन $0.070 के स्तर के करीब स्थिर हो रहा है। डेरिवेटिव डेटा और मोमेंटम इंडिकेटर्स में बुलिश डाइवर्जेंस के संकेत मिल रहे हैं, जिससे बिकवाली का दबाव कम होने और रिकवरी की संभावना बन रही है।
- Ripple (XRP): एक्सआरपी $1.00 के स्तर से ऊपर बना हुआ है और सिमेट्रिकल ट्राइंगल पैटर्न के शीर्ष की ओर बढ़ रहा है। दो ट्रेंडलाइन्स के बीच फंसे होने के कारण इसका दृष्टिकोण मिला-जुला है।
- Cardano (ADA) और Hyperliquid (HYPE): कार्डानो और हाइपरलिक्विड ने हाल की तेजी से मिले लाभ को बरकरार रखा है और सकारात्मक पूर्वाग्रह के साथ स्थिर बने हुए हैं।
क्रिप्टो बाजार को प्रभावित करने वाले बुनियादी कारक
डिजिटल एसेट मार्केट में मूल्य निर्धारण और निवेशकों की धारणा को कई मौलिक कारक संचालित करते हैं
टोकन लॉन्च और एक्सचेंज लिस्टिंग: जब कोई नया टोकन लॉन्च होता है या प्रमुख एक्सचेंजों पर सूचीबद्ध होता है, तो उससे बाजार में तरलता (liquidity) बढ़ती है। नए प्रतिभागियों के जुड़ने से मांग पैदा होती है, जो आमतौर पर किसी भी क्रिप्टो संपत्ति के लिए तेजी (bullish) का संकेत होता है।
सुरक्षा हैक और एक्सप्लॉइट्स: इसके विपरीत, यदि किसी डिसेंट्रलाइज्ड फाइनेंस (DeFi) ब्रिज या एक्सचेंज के वॉलेट पर साइबर हमला होता है, तो हैकर्स चुराए गए टोकन को तुरंत बेचने या स्टेबलकॉइन्स में बदलने का प्रयास करते हैं। इससे निवेशकों में घबराहट फैलती है और संबंधित संपत्ति में भारी बिकवाली शुरू हो जाती है।
मैक्रोइकोनॉमिक नीतियां और अमेरिकी डॉलर: अमेरिकी फेडरल रिजर्व की ब्याज दर नीतियां क्रिप्टो मार्केट को सीधे प्रभावित करती हैं। ब्याज दरों में वृद्धि से अमेरिकी डॉलर मजबूत होता है और बिटकॉइन जैसी जोखिम भरी संपत्तियों की मांग घटती है। इसके विपरीत, डॉलर इंडेक्स में गिरावट आने से ट्रेडिंग लेवरेज सस्ता हो जाता है, जिससे क्रिप्टो की कीमतों को बढ़ावा मिलता है।
बिटकॉइन हाफिंग चक्र: हर चार साल में होने वाली हाफिंग घटना ब्लॉक रिवॉर्ड को आधा कर देती है। इससे नए बिटकॉइन की आपूर्ति सीमित हो जाती है। यदि बाजार में मांग स्थिर रहती है और आपूर्ति घटती है, तो अर्थशास्त्र के नियमों के अनुसार कीमत में उछाल आता है।



















