टेलीविजन के लोकप्रिय धारावाहिक ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ में बबीता जी के रूप में अपनी खास पहचान बनाने वाली मुनमुन दत्ता ने अपनी मेहनत और लगन के बल पर यह मुकाम हासिल किया है। आज उन्हें देश के घर-घर में एक मशहूर अभिनेत्री के रूप में जाना जाता है, लेकिन उनका यह रास्ता कभी भी आसान नहीं था और उन्होंने कैमरे के सामने आने से पहले एक लंबा सफर तय किया है। उनका कला और संगीत से जुड़ाव उनके शुरुआती जीवन से ही शुरू हो गया था, जब वह मंच पर अपनी प्रस्तुतियां दिया करती थीं।
संगीत से जुड़ा बचपन और पहली कमाई
मुनमुन दत्ता का जन्म 28 सितंबर 1987 को पश्चिम बंगाल के दुर्गापुर शहर में हुआ था। उनके घर का माहौल पूरी तरह से संगीत और कला से ओत-प्रोत था, जिसके कारण उन्हें बचपन से ही गाने-बजाने का बेहतरीन वातावरण मिला। उन्होंने अपने स्कूली दिनों में ही स्थानीय कार्यक्रमों और मंचों पर गाना शुरू कर दिया था। बाद के दिनों में उन्होंने अपनी कुछ पुरानी यादें साझा करते हुए बताया था कि वह कोलकाता आकाशवाणी और दूरदर्शन के लिए एक बाल गायिका के रूप में भी कई कार्यक्रम कर चुकी थीं। जब वह महज 7 साल की थीं, तब उन्होंने ऑल इंडिया रेडियो के लिए गाना गाया था और इसके एवज में उन्हें अपनी जिंदगी की पहली कमाई के रूप में सिर्फ 125 रुपए मिले थे। इतनी कम उम्र में अपनी मेहनत से पैसे कमाना उनके लिए एक बेहद खास अनुभव था और उन्होंने वह पहली कमाई लाकर अपनी मां को सौंप दी थी। उस वक्त शायद उन्होंने खुद भी इस बात की कल्पना नहीं की होगी कि आने वाले समय में वह छोटे पर्दे की एक बहुत बड़ी और चर्चित हस्ती बन जाएंगी।
पुणे से पढ़ाई और मुंबई में संघर्ष के दिन
बचपन में संगीत की दुनिया से जुड़ने के साथ-साथ मुनमुन की औपचारिक शिक्षा भी लगातार जारी रही। अपनी आगे की उच्च शिक्षा को पूरा करने के लिए वह पुणे चली गईं। इसी दौरान उनका रुझान मॉडलिंग और फैशन उद्योग की तरफ तेजी से बढ़ा। उन्होंने विभिन्न फैशन शोज में हिस्सा लेना शुरू किया और फिर अपने लिए अभिनय के अवसर तलाशने के सिलसिले में मुंबई आना-जाना आरंभ कर दिया। एक पुराने साक्षात्कार में उन्होंने अपने शुरुआती दिनों को याद करते हुए साझा किया था कि मुंबई में काम ढूंढते वक्त उनके पास ज्यादा धन नहीं था और उन्हें अपनी जीविका व करियर के लिए कड़ा संघर्ष करना पड़ा था।
अभिनय करियर की शुरुआत और फिल्मों में कदम
मुनमुन दत्ता के अभिनय सफर की औपचारिक शुरुआत साल 2004 में हुई थी। उन्हें जी टीवी के प्रसिद्ध शो ‘हम सब बाराती’ में काम करने का बड़ा मौका मिला। उस दौरान वह कॉलेज में अध्ययनरत थीं और उन्होंने बताया था कि यह उनका पहला अभिनय अनुभव था। हालांकि उस समय उन्हें कैमरे के तकनीकी पहलुओं और अभिनय की बहुत ज्यादा समझ नहीं थी, लेकिन इसी धारावाहिक ने उन्हें कैमरे के सामने अपनी कला दिखाने का पहला मंच प्रदान किया। इसके बाद उन्होंने विभिन्न मॉडलिंग प्रोजेक्ट्स और विज्ञापनों में भी अपनी उपस्थिति दर्ज कराई। फिल्मों के मोर्चे पर बात करें तो उन्होंने मशहूर अभिनेता कमल हासन की फिल्म ‘मुंबई एक्सप्रेस’ में काम किया और इसके बाद वह ‘हॉलिडे’ फिल्म में भी नजर आईं। हालांकि, बड़े परदे की इन फिल्मों से उन्हें वह खास लोकप्रियता या पहचान हासिल नहीं हो सकी जिसकी उन्हें तलाश थी।
'तारक मेहता का उल्टा चश्मा' और बबीता जी का किरदार
मुनमुन के जीवन में सबसे बड़ा और निर्णायक बदलाव साल 2008 में आया, जब उन्हें सब टीवी के धारावाहिक ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ में बबीता कृष्णन अय्यर का अहम किरदार निभाने का प्रस्ताव मिला। उस वक्त मुनमुन की उम्र लगभग 20 वर्ष थी। बबीता जी के इस किरदार ने उन्हें रातों-रात देश के कोने-कोने में मशहूर कर दिया। शो के भीतर उनका ग्लैमरस अंदाज और जेठालाल के साथ उनकी नोकझोक भरी कॉमिक केमिस्ट्री दर्शकों को बेहद पसंद आई। धीरे-धीरे बबीता जी इस धारावाहिक की सबसे बड़ी पहचान बन गईं। इस मुख्य शो के अलावा उन्होंने ‘इंडियन आइडल’, ‘कौन बनेगा करोड़पति’ और ‘बिग बॉस’ जैसे लोकप्रिय टेलीविजन रियलिटी शोज में भी अपनी भागीदारी निभाई। वह पिछले कई वर्षों से सोशल मीडिया पर भी काफी सक्रिय रहती हैं और अपने चाहنے वालों के साथ अपनी जिंदगी से जुड़े पल साझा करती रहती हैं।
सम्मान और पुरस्कार
अपने लंबे और सफल अभिनय करियर के दौरान मुनमुन को कई प्रतिष्ठित पुरस्कारों और नामांकनों से नवाजा गया। साल 2018 में उन्हें ‘तारक मेहता का उल्टा चश्मा’ धारावाहिक के लिए निकेलोडियन किड्स चॉइस अवार्ड्स समारोह में फेवरेट टीवी कैरेक्टर का पुरस्कार मिला। इसके बाद साल 2021 में उन्हें इंडियन टेलिविजन एकेडमी अवॉर्ड्स के मंच पर पॉपुलर सपोर्टिंग एक्ट्रेस के खिताब से सम्मानित किया गया।


















