गुरुग्राम में बारिश के दौरान लगने वाले भीषण ट्रैफिक जाम से निजात पाने के लिए पुलिस प्रशासन ने पूरी तरह कमर कस ली है। अब दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे यानी NH-48 पर वाहनों की लंबी कतारों को रोकने के लिए एक विशेष मेगा ट्रैफिक प्लान तैयार किया गया है, जिसे तत्काल प्रभाव से लागू भी कर दिया गया है। इस नई व्यवस्था के तहत सड़क पर सुरक्षा और प्रबंधन के लिए 260 अतिरिक्त पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया है, जो चौबीसों घंटे यानी 24×7 तैनात रहकर स्थिति पर नियंत्रण रखेंगे।
सड़क सुरक्षा के लिए नए संसाधन
ट्रैफिक के दबाव को कम करने और जाम की स्थिति को मिनटों में सुलझाने के लिए पुलिस ने विशेष इंतजाम किए हैं। हाईवे पर 5 क्रेन, 2 हाइड्रा और 6 पुलिस वाहनों के अलावा 17 बाइक राइडर तैनात किए गए हैं। किसी भी आपातकालीन स्थिति के लिए एक एंबुलेंस को भी हर समय तैयार रखा जाएगा। इस प्लान की सबसे महत्वपूर्ण कड़ी यह है कि हाईवे पर अब दोपहिया और तिपहिया वाहनों के प्रवेश पर पूरी तरह से रोक रहेगी। सुरक्षा के दृष्टिकोण से यह निर्णय लिया गया है कि किसी भी एंट्री प्वाइंट से इन्हें आने की अनुमति नहीं दी जाएगी।
रात और बारिश में विशेष निगरानी
पुलिस आयुक्त के स्पष्ट निर्देशों के अनुसार, यह व्यवस्था बुधवार रात से प्रभावी हो गई है। पुलिस की विशेष टीमें अब रात के समय और बरसात के दौरान उन सभी संवेदनशील स्थानों पर मुस्तैद रहेंगी, जहां ट्रैफिक जाम होने की सबसे ज्यादा आशंका बनी रहती है। दिल्ली-गुरुग्राम एक्सप्रेसवे के सभी मुख्य प्रवेश और निकास बिंदुओं पर पुलिस की पैनी नजर रहेगी। यदि कोई वाहन सड़क पर खराब होता है या कोई दुर्घटना होती है, तो इन टीमों का मुख्य उद्देश्य उसे तुरंत वहां से हटाकर यातायात को सुचारू बनाना होगा। नियम तोड़ने वालों के खिलाफ भी अब पुलिस सख्त रुख अपनाएगी।
नरसिंहपुर में हाईवे धंसने से बिगड़े हालात
यह कदम हाल ही में पैदा हुई गंभीर स्थिति के बाद उठाया गया है। बीते मंगलवार, 7 जुलाई को मूसलाधार बारिश के कारण दिल्ली और गुरुग्राम की सड़कें तालाब बन गई थीं, जिससे यातायात बुरी तरह बाधित हुआ। NH-48 पर नरसिंहपुर के पास सड़क का एक हिस्सा धंस जाने से दो लेन को पूरी तरह बंद करना पड़ा, जिसके कारण हीरो होंडा चौक से खेड़की दौला टोल प्लाजा तक हजारों वाहन घंटों तक फंसे रहे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने कंपनियों को भी सलाह दी है कि वे अपने कर्मचारियों के लिए वर्क फ्रॉम होम (Work From Home) की नीति अपनाएं।











