गुरुग्राम में हुई हालिया भारी बारिश ने शहर की रफ्तार पर एक बार फिर ब्रेक लगा दिया है। सड़कें जलमग्न हो गईं, वाहन पानी के बीच फंसे रहे और स्कूली बच्चों को तीन-तीन घंटे तक लंबे ट्रैफिक जाम में जूझना पड़ा। सालों से दोहराई जा रही इस गंभीर जलभराव समस्या को लेकर अब राजनीतिक बयानबाजी तेज हो गई है। गुरुग्राम से भारतीय जनता पार्टी के सांसद और केंद्रीय राज्यमंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने इस अव्यवस्था के लिए पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकारों को जिम्मेदार ठहराया है, जबकि कांग्रेस नेता और रेवाड़ी के पूर्व विधायक चिरंजीव राव ने सांसद पर जनता की दुर्दशा पर चुप रहने का आरोप लगाते हुए जोरदार हमला बोला है।
पुराने ड्रेनेज सिस्टम और अव्यवस्थित विकास को बताया वजह
केंद्रीय राज्यमंत्री राव इंद्रजीत सिंह ने गुरुग्राम में बार-बार पैदा होने वाले जल संकट पर अपनी बात रखी। उन्होंने स्पष्ट किया कि शहर में जलभराव की समस्या कई सालों से चली आ रही है। इसका मुख्य कारण यह है कि गुरुग्राम में जल निकासी की व्यवस्था अभी भी पुरानी और पारंपरिक नालियों पर टिकी हुई है। उन्होंने कहा कि अतीत में कांग्रेस के शासनकाल के दौरान हुए विकास कार्यों में अरावली की पहाड़ियों से यमुना नदी तक पानी ले जाने वाले प्राकृतिक नालों के ऊपर निर्माण करा दिया गया। इसी अनियोजित विकास के नतीजे आज शहरवासियों को भुगतने पड़ रहे हैं।
भूमिगत टनल को बताया स्थायी समाधान
सांसद राव इंद्रजीत सिंह का मानना है कि इस दीर्घकालिक समस्या से मुक्ति पाने का केवल एक ही ठोस रास्ता है और वह है शहर में अंडरग्राउंड यानी भूमिगत टनल का निर्माण करना। उन्होंने बताया कि वर्तमान में जलभराव से तुरंत राहत देने के लिए तात्कालिक उपाय किए जा रहे हैं, लेकिन यदि पानी को एक स्थान पर रोका जाएगा तो वह किसी दूसरे रास्ते से बाहर निकलेगा। उन्होंने आश्वासन दिया कि सरकार इस बड़ी योजना पर गंभीरता से विचार कर रही है और इसके लिए जरूरी फंड की व्यवस्था की जा रही है ताकि भविष्य में ऐसी स्थिति न बने।
कांग्रेस नेता चिरंजीव राव का सांसद पर पलटवार
उधर, रेवाड़ी के पूर्व विधायक चिरंजीव राव ने सोशल मीडिया पर पोस्ट साझा कर सांसद राव इंद्रजीत सिंह पर निशाना साधा है। चिरंजीव राव ने कहा कि जब सांसद को किसी सार्वजनिक कार्यक्रम में आमंत्रित नहीं किया गया था, तब उन्होंने मंच से अपनी नाराजगी जताई थी। लेकिन अब जब पूरा गुरुग्राम पानी में डूब चुका है, सड़कें लबालब हैं, गाड़ियां बंद पड़ी हैं और नन्हे स्कूली बच्चे घंटों जाम में फंसे हुए हैं, तब सांसद की तरफ से एक शब्द भी सुनने को नहीं मिल रहा है। उन्होंने कहा कि जनता इस भारी परेशानी से गुजर रही है और जनप्रतिनिधि खामोश हैं।
सदर बाजार में जाम और अव्यवस्था खत्म करने की तैयारी
जलभराव की चुनौतियों के बीच गुरुग्राम के ऐतिहासिक सदर बाजार को ट्रैफिक जाम और अव्यवस्था से मुक्त कराने के लिए नई कार्ययोजना तैयार की गई है। गुरुग्राम के विधायक मुकेश शर्मा के अनुसार, सदर बाजार में नई सड़कों का निर्माण कराया गया है और बाजार के सौंदर्यकरण के लिए फैंसी लाइटें भी लगाई गई हैं। अब सबसे बड़ी चुनौती वाहनों की बेतरतीब आवाजाही को नियंत्रित करने की है।
इस योजना के तहत सदर बाजार के भीतर ई-रिक्शा और अन्य गाड़ियों के अनियंत्रित प्रवेश पर पूरी तरह रोक लगाई जाएगी। ग्राहकों और व्यापारियों की सुविधा के लिए कमान सराय में बनी पार्किंग में सभी वाहनों को खड़ा कराया जाएगा। पार्किंग स्थल से सदर बाजार तक ग्राहकों को आराम से पहुंचाने के लिए गोल्फ कार्ट चलाने की तैयारी की जा रही है, जिससे बाजार में पैदल चलने वालों को सहूलियत मिलेगी और जाम की स्थिति से राहत पाई जा सकेगी।





















