हिमाचल में इलेक्ट्रिक बसों का विस्तार, 122 करोड़ से बन रहे 99 चार्जिंग स्टेशन और निगम को हो रही भारी बचतचंडीगढ़ IED केस में बड़ा खुलासा, पाकिस्तान में बैठे खालिस्तानी हैंडलर सतनाम सत्ता नौशेरा के इशारे पर रची जा रही थी बड़ी साजिशअमेरिका-कनाडा व्यापार युद्ध के बीच डॉलर पर दबाव, सुस्त पड़े बिकवालरांची में किसानों के लिए कमाई का नया जरिया बनी अरु की खेती, सालभर में होती है शानदार इनकमझोटवाड़ा में गरमाया निकाय चुनाव का सियासी माहौल, राठौड़ के घर जुटे टिकट के दावेदारएस. जयशंकर ने यूक्रेन को स्वतंत्रता दिवस की दी बधाईहांसी में भाजपा जिलाध्यक्ष अशोक सैनी की गाड़ी रोकी, युवकों ने किया विरोधहॉकी वर्ल्ड कप से बाहर हुई भारतीय महिला टीम, ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ मुकाबला रहा ड्रॉबैंक ऑफ जापान की दरों में बढ़ोतरी की उम्मीदों और डॉलर में नरमी के बीच जापानी येन में तेजीउत्तराखंड की नीति घाटी में स्थित टिम्मरसैंण गुफा का रहस्य, जहां सर्दियों में प्राकृतिक रूप से बनते हैं बाबा बर्फानी
बरसात में एडेनियम की चमक बढ़ाने का आसान तरीकाजीवनशैली
10 जुल॰ 2026, 5:07 am (45 दिन पहले)· 3

बरसात में एडेनियम की चमक बढ़ाने का आसान तरीका

मानसून का मौसम एडेनियम यानी रेगिस्तानी गुलाब के विकास के लिए एक बेहतरीन अवसर है। कृषि वैज्ञानिकों के अनुसार, सही देखभाल और मिट्टी का संतुलन अपनाकर आप अपने पौधों को फूलों से लदा हुआ देख सकते हैं।

यदि आप एडेनियम, जिसे आमतौर पर रेगिस्तानी गुलाब के नाम से जाना जाता है, की बागवानी के शौकीन हैं, तो यह मानसून का समय आपके पौधों के लिए एक संजीवनी साबित हो सकता है। बारिश का मौसम पौधों की वृद्धि में गजब का प्रभाव डालता है, क्योंकि इस दौरान मिलने वाली नमी और हवा में मौजूद पोषक तत्व पौधों को तेजी से फलने-फूलने में मदद करते हैं।

पौधों के कायाकल्प में मानसून की भूमिका

माधोपुर स्थित कृषि विज्ञान केंद्र के वरिष्ठ वैज्ञानिक डॉ. अभिषेक प्रताप सिंह के अनुसार, चिलचिलाती गर्मी के दौरान एडेनियम के पौधे सुस्त पड़ जाते हैं। हालांकि, बारिश शुरू होते ही तापमान में गिरावट और पानी की प्रचुरता के कारण इनमें नई जान आ जाती है। वर्षा के जल में प्राकृतिक रूप से घुला हुआ नाइट्रोजन पौधों की पत्तियों को फिर से गहरा हरा और चमकदार बनाने में बहुत प्रभावी होता है।

ये भी पढ़ें

नए पौधों के लिए सही समय

अगर आपकी योजना बीजों के माध्यम से नए एडेनियम उगाने की है, तो बरसात का समय इसके लिए सबसे उपयुक्त माना जाता है। हालांकि, इस प्रक्रिया में कुछ तकनीकी बारीकियों का ध्यान रखना अनिवार्य है। सबसे महत्वपूर्ण बात यह है कि पौधों की जड़ों में पानी बिल्कुल भी जमा न हो। मिट्टी का PH मान भी पौधों के स्वास्थ्य के लिए महत्वपूर्ण है। विशेषज्ञ के सुझाव के मुताबिक, 6.0 से 6.5 के बीच का PH मान एडेनियम के विकास के लिए सबसे बेहतर रहता है और इसके लिए रेतीली एवं भुरभुरी मिट्टी का उपयोग करना सबसे अच्छा होता है।

देखभाल के महत्वपूर्ण टिप्स

एडेनियम मूल रूप से एक गुदेदार प्रजाति का पौधा है, जिसे कम पानी की आवश्यकता होती है। इसलिए, बरसात के दौरान अतिरिक्त नमी इसकी जड़ों को सड़ा सकती है। गमले की मिट्टी तैयार करते समय 40 प्रतिशत रेत और 30 प्रतिशत मिट्टी या कोकोपीट का मिश्रण इस्तेमाल करना काफी फायदेमंद साबित होता है। फफूंद से पौधों को बचाने के लिए समय-समय पर फंगीसाइड का छिड़काव करना न भूलें। यदि बारिश बहुत तेज हो रही हो, तो बेहतर होगा कि आप गमलों को किसी छायादार स्थान या शेड के नीचे सुरक्षित रख दें।

सवाल-जवाब

एडेनियम को रेगिस्तानी गुलाब क्यों कहा जाता है?
एडेनियम एक गुदेदार पौधा है जो बहुत कम पानी में भी जीवित रह सकता है और फूल देता है, इसलिए इसे रेगिस्तानी गुलाब के नाम से जाना जाता है।
बरसात में एडेनियम की मिट्टी का PH मान कितना होना चाहिए?
विशेषज्ञों के अनुसार, एडेनियम के बेहतर विकास के लिए मिट्टी का PH मान 6.0 से 6.5 के बीच होना चाहिए।
क्या ज्यादा बारिश एडेनियम को नुकसान पहुंचा सकती है?
हां, एडेनियम एक गुदेदार पौधा है और अधिक नमी इसकी जड़ों और तनों को सड़ा सकती है, इसलिए अत्यधिक बारिश में इसे शेड में रखना चाहिए।
एडेनियम के गमले के लिए सबसे अच्छी मिट्टी का मिश्रण क्या है?
गमले के लिए 40 प्रतिशत रेत और 30 प्रतिशत मिट्टी या कोकोपीट का मिश्रण उपयोग करना सबसे उत्तम माना जाता है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR