दफ्तर जाने के लिए बैग का चयन करते वक्त केवल उसकी बाहरी खूबसूरती पर गौर करना नाकाफी साबित होता है। रोजाना कार्यस्थल पर अपना लैपटॉप, चार्जर, डायरी, महत्वपूर्ण दस्तावेज, पीने के पानी की बोतल और निजी जरूरत का सामान साथ ले जाना पड़ता है। ऐसी स्थिति में बैग ऐसा होना चाहिए जो दिखने में आकर्षक लगने के साथ-साथ सामान व्यवस्थित करने के लिए भरपूर जगह दे और रोजाना इस्तेमाल करने में भी पूरी तरह आरामदायक हो। बाजार में मिलने वाले टोट बैग, लैपटॉप बैग, बैकपैक और स्लिंग बैग में से किसी एक को चुनना पूरी तरह से आपकी व्यक्तिगत जरूरत और रोजाना के सफर के तरीके पर निर्भर करता है।
टोट बैग का स्टाइलिश और क्लासी अंदाज
टोट बैग को ऑफिस के लिहाज से एक बेहद स्टाइलिश और क्लासी विकल्प के तौर पर देखा जाता है। इसका डिजाइन साधारण होने के बावजूद बहुत शालीन नजर आता है और इसमें दिनभर की जरूरत का अधिकांश सामान आसानी से समा जाता है। यदि आप अपने लैपटॉप के साथ-साथ डायरी, मेकअप पाउच, पर्स और अन्य छोटी-मोटी चीजें भी साथ रखती हैं, तो एक बड़ा टोट बैग आपके बहुत काम आ सकता है। हालांकि, ऐसा बैग खरीदते वक्त इस बात का विशेष ध्यान रखें कि उसके भीतर अलग से कम्पार्टमेंट बने हों और उसके स्ट्रैप काफी मजबूत हों ताकि वजन संभालने में दिक्कत न आए।
डेडिकेटेड लैपटॉप बैग की प्रैक्टिकल उपयोगिता
यदि आपका दफ्तर का काम बिना लैपटॉप के चल ही नहीं सकता, तो एक समर्पित लैपटॉप बैग सबसे व्यावहारिक विकल्प साबित होता है। इसमें कंप्यूटर को सुरक्षित रखने के लिए एक अलग से पैडेड कम्पार्टमेंट दिया होता है, जिससे इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस पूरी तरह सुरक्षित बनी रहती है। इसके अलावा चार्जर, माउस, जरूरी कागजात और अन्य सहायक उपकरणों को रखने के लिए भी इसमें अलग से जेबें मिल जाती हैं। इस तरह का सामान खरीदते वक्त अपने लैपटॉप की स्क्रीन के आकार को ध्यान में रखकर ही सही साइज का चयन करना सबसे समझदारी भरा कदम होता है.
लंबी यात्रा के लिए बैकपैक क्यों है जरूरी
जिन कर्मचारियों का रोजाना का सफर काफी लंबा होता है, उनके लिए बैकपैक बेहद सुविधाजनक साबित हो सकता है। इसे पीठ पर टांगने से शरीर के दोनों कंधों पर वजन बराबर हिस्सों में बंट जाता है, जिससे भारी बैग को भी लंबे समय तक उठाए रखना काफी आसान हो जाता है। लैपटॉप, टिफिन बॉक्स, पानी की बोतल और अन्य जरूरी सामान को व्यवस्थित करने के लिए कई खानों वाला बैकपैक सबसे ज्यादा उपयोगी साबित होता है। यदि आप रोजाना मेट्रो ट्रेन, बस या फिर मोटरसाइकिल से अपने कार्यस्थल तक पहुंचते हैं, तो यह विकल्प आपके लिए वरदान साबित हो सकता है।
हल्के सामान के लिए स्लिंग बैग का इस्तेमाल
अगर आपको दफ्तर जाते वक्त अपने साथ ज्यादा सामान लेकर चलने की जरूरत नहीं पड़ती है, तो आप स्लिंग बैग चुन सकते हैं। इसमें मोबाइल फोन, पर्स, चार्जर, एक छोटी डायरी और कुछ बेहद जरूरी चीजें ही आसानी से आ सकती हैं। इसका छोटा और सुडौल डिजाइन इसे ऑफिस के कैजुअल लुक के साथ भी बेहद फबने वाला बनाता है। हालांकि, भारी भरकम सामान या फिर बड़े आकार के लैपटॉप को अपने साथ ढोने के लिए स्लिंग बैग बिल्कुल भी सही विकल्प नहीं माना जाता है क्योंकि इससे कंधे पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है।
बैग खरीदते वक्त इन जरूरी बातों का रखें खास ख्याल
कार्यस्थल के लिए नया बैग खरीदते समय उसकी कुल गुणवत्ता, उसका वजन और उसका आकार बहुत मायने रखता है। विशेष तौर पर लैपटॉप रखने वाले बैग में अंदरूनी पैडिंग बहुत अच्छी गुणवत्ता की होनी चाहिए ताकि झटकों से बचाव हो सके। इसके अलावा बैग के कंधे वाले पट्टे मजबूत और आरामदायक होने चाहिए, जबकि चेन और अन्य बंद करने वाले हिस्से टिकाऊ होने चाहिए। यदि आप ऐसे इलाके में रहते हैं जहां बारिश के दौरान भी दफ्तर जाना पड़ता है, तो पानी से बचाव करने वाले यानी वॉटर-रेजिस्टेंट मटेरियल से बना बैग आपके लिए सबसे ज्यादा मददगार साबित होगा।



















