मुंबई के सेंट्रल इलाके में स्थित परेल के भोईवाड़ा क्षेत्र में बुधवार की देर रात दो समुदायों के बीच अचानक विवाद उत्पन्न हो गया, जिसके बाद इलाके में सुरक्षा व्यवस्था को बेहद कड़ा कर दिया गया है। तकिया मस्जिद के समीप मामूली बात से शुरू हुई कहासुनी ने देखते ही देखते उग्र रूप धारण कर लिया और दोनों तरफ से जमकर नारेबाजी और हाथापाई होने लगी। घटना की जानकारी मिलते ही मुंबई पुलिस की टीमों ने मौके पर पहुँचकर स्थिति को संभाला और माहौल को ज्यादा बिगड़ने से पहले ही पूरी तरह नियंत्रित कर लिया।
जुलूस समाप्त होने के बाद लौट रही भीड़ के बीच कहासुनी
प्राप्त विवरण के अनुसार, बुधवार को शहर में ईद-ए-मिलादुन्नबी का पारंपरिक जुलूस शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ था। जुलूस समाप्त होने के पश्चात जब लोग अपने-अपने गंतव्य की ओर वापस लौट रहे थे, उसी समय तकिया मस्जिद के पास दो पक्षों के लोगों के बीच किसी बात पर बहस शुरू हो गई। देखते ही देखते यह बहस इतनी बढ़ गई कि दोनों ओर से उग्र नारे लगाए जाने लगे और जल्द ही स्थिति मारपीट में बदल गई। घटना के कुछ ही मिनटों के भीतर सैकड़ों की संख्या में स्थानीय नागरिक और राहगीर सड़कों पर इकट्ठा हो गए, जिससे पूरे इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
पुलिस की त्वरित कार्रवाई और भीड़ की बेदखली
इलाके में तनाव बढ़ने की खबर मिलते ही स्थानीय पुलिस स्टेशन से भारी पुलिस बल तुरंत मौके पर पहुँचा। पुलिसकर्मियों ने बेहद संयम, सतर्कता और सूझबूझ के साथ काम करते हुए भीड़ को समझाने का प्रयास किया। पुलिस अधिकारियों ने सड़क पर जमा हुए सैकड़ों लोगों को पीछे धकेला और सभी नागरिकों को सुरक्षित अपने-अपने घरों की तरफ जाने का निर्देश दिया। अधिकारियों की त्वरित मौजूदगी के चलते दो पक्षों के बीच हो रहा यह टकराव किसी बड़े हिंसक रूप में तब्दील होने से बच गया और कुछ ही समय में मुख्य सड़कों से भीड़ को पूरी तरह हटा दिया गया।
एसआरपीएफ की टुकड़ियाँ तैनात, जॉइंट सीपी ने संभाला मोर्चा
संवेदनशीलता को ध्यान में रखते हुए परेल और आसपास के क्षेत्रों में मुंबई पुलिस के साथ-साथ स्टेट रिजर्व पुलिस फोर्स (SRPF) की अतिरिक्त कंपनियों को तैनात किया गया है। कानून व्यवस्था बनाए रखने के लिए जॉइंट सीपी (लॉ एंड ऑर्डर) मनोज शर्मा स्वयं वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों के दल के साथ घटनास्थल पर पहुँचे। उन्होंने पूरे इलाके का मुआयना किया और सुरक्षा तैयारियों का प्रत्यक्ष जायजा लिया। पूरे भोईवाड़ा क्षेत्र में पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है तथा संदिग्ध गतिविधियों या बिना वजह घूम रहे व्यक्तियों पर कड़ी निगाह रखी जा रही है।
गणेशोत्सव के मद्देनजर हाई अलर्ट और सोशल मीडिया निगरानी
इस बीच, घटना से जुड़े कुछ कथित वीडियो भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर प्रसारित हो रहे हैं, जिनमें सड़क पर लोगों के बीच हाथापाई होती दिखाई दे रही है। हालांकि, पुलिस और प्रशासनिक तंत्र ने साफ किया है कि इन वायरल वीडियो की आधिकारिक सत्यता की पुष्टि अभी नहीं की गई है। आने वाले गणेशोत्सव के पावन पर्व को देखते हुए मुंबई पुलिस प्रशासन पहले से ही शहर भर में हाई अलर्ट मोड पर है। विवाद के वास्तविक कारण को जानने के लिए जांच जारी है, लेकिन फिलहाल पुलिस ने कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है। प्रशासन ने नागरिकों से शांति बनाए रखने और किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न देने की सख्त अपील की है।





















