सितंबर 2026 की शुरुआत के साथ देश के ऊर्जा बाजार में बदलाव देखने को मिला है। सार्वजनिक क्षेत्र की तेल विपणन कंपनियों ने 2 सितंबर 2026 को व्यावसायिक इस्तेमाल वाले 19 किलोग्राम कमर्शियल LPG सिलिंडर की दरों में 9.50 रुपये से लेकर 11.50 रुपये प्रति सिलिंडर तक की बढ़ोतरी की है। इसके अलावा, मुंबई में महानगर गैस ने पाइप्ड नेचुरल गैस (PNG) के दाम में 1 रुपये प्रति SCM की वृद्धि की है, वहीं दिल्ली, मुंबई और मेरठ जैसे शहरों में कंप्रेस्ड नेचुरल गैस (CNG) की कीमतें 2 रुपये प्रति किलोग्राम तक बढ़ गई हैं। हालांकि, आम परिवारों के लिए राहत की बात यह है कि 14.2 किलोग्राम वाले घरेलू रसोई गैस सिलिंडर की कीमतों में कोई बदलाव नहीं किया गया है।
लगातार दो महीनों की कटौती के बाद बढ़े 19 किलोग्राम कमर्शियल LPG के दाम
पिछले दो महीनों से जारी कटौती के सिलसिले को विराम देते हुए तेल कंपनियों ने कमर्शियल LPG सिलेंडर के दाम बढ़ा दिए हैं। देश की राजधानी नई दिल्ली और आर्थिक राजधानी मुंबई में 19 किलोग्राम वाले कमर्शियल सिलिंडर की कीमत में 9.50 रुपये प्रति सिलिंडर की बढ़ोतरी हुई है। इस वृद्धि के बाद नई दिल्ली में कमर्शियल सिलिंडर का नया रेट 2,747.50 रुपये और मुंबई में 2,701.00 रुपये हो गया है।
देश के अन्य प्रमुख महानगरों में भी कमर्शियल गैस महंगी हुई है। कोलकाता में सबसे ज्यादा 11.50 रुपये की वृद्धि दर्ज की गई, जिससे वहां नई कीमत 2,884.00 रुपये प्रति सिलिंडर पहुंच गई है। चेन्नई में 10.50 रुपये के इजाफे के साथ सिलिंडर 2,916.50 रुपये का हो गया है। बेंगलुरु में ओएमसी द्वारा 10.00 रुपये बढ़ाए जाने के बाद नई दर 2,831.00 रुपये दर्ज की गई है। पटना में कमर्शियल सिलिंडर देश में सबसे महंगा 3,029.00 रुपये (11.00 रुपये बढ़ोतरी) का मिल रहा है, जबकि हैदराबाद में 2,996.00 रुपये (+11.00 रुपये) और भुवनेश्वर में 2,919.00 रुपये (+11.00 रुपये) प्रति सिलिंडर रेट तय हुआ है।
अन्य प्रमुख शहरों का रेट कार्ड निम्नलिखित है
- गुरुग्राम: ₹2,764.50 (+₹9.50)
- नोएडा: ₹2,747.50 (+₹9.50)
- चंडीगढ़: ₹2,769.50 (+₹9.50)
- जयपुर: ₹2,776.00 (+₹10.50)
- लखनऊ: ₹2,870.00 (+₹9.50)
- तिरुवनंतपुरम: ₹2,784.00 (+₹10.00)
14.2 किलोग्राम घरेलू रसोई गैस सिलेंडर की कीमतें स्थिर
आम उपभोक्ताओं के रसोई बजट को राहत देते हुए 14.2 किलोग्राम घरेलू LPG सिलिंडर के दाम सितंबर 2026 के लिए यथावत रखे गए हैं। नई दिल्ली में घरेलू सिलिंडर 942.00 रुपये और मुंबई में 941.50 रुपये में उपलब्ध है। कोलकाता में इसकी कीमत 968.00 रुपये और चेन्नई में 957.50 रुपये बनी हुई है।
देश में सबसे सस्ती घरेलू LPG नोएडा में 939.50 रुपये प्रति सिलिंडर है। वहीं बेंगलुरु में यह 944.50 रुपये, जयपुर में 945.50 रुपये, गुरुग्राम में 950.50 रुपये, तिरुवनंतपुरम में 951.00 रुपये और चंडीगढ़ में 951.50 रुपये में मिल रही है। भुवनेश्वर में रेट 968.00 रुपये, लखनऊ में 979.50 रुपये, हैदराबाद में 994.00 रुपये और पटना में 1,000 रुपये का आंकड़ा पार करते हुए 1,031.50 रुपये प्रति सिलिंडर दर्ज किया गया है।
PNG और CNG की नई दरें और शहरवार आंकड़े
घरेलू पाइप गैस यानी PNG के मामले में मुंबई में महानगर गैस ने दरों में 1 रुपये प्रति SCM का संशोधन किया है, जिससे वहां नई कीमत 51.50 रुपये प्रति SCM हो गई है। दिल्ली में PNG 49.59 रुपये, कोलकाता एवं चेन्नई में 50.00 रुपये, बेंगलुरु में 53.00 रुपये, गुरुग्राम में 48.40 रुपये, नोएडा में 49.45 रुपये, पटना में 49.44 रुपये, जयपुर में 49.50 रुपये, हैदराबाद व तिरुवनंतपुरम में 51.00 रुपये, भुवनेश्वर में 45.33 रुपये, चंडीगढ़ में 54.70 रुपये और लखनऊ में 56.50 रुपये प्रति SCM पर उपलब्ध है।
वाहन चालकों के लिए CNG की कीमतों में भी कुछ स्थानों पर उछाल आया है। मुंबई और मेरठ में CNG 2.00 रुपये प्रति किलोग्राम महंगी हुई है, जिसके बाद मुंबई में भाव 88.00 रुपये और मेरठ में 93.50 रुपये प्रति किलोग्राम हो गया है। नई दिल्ली और NCR में CNG का दाम 86.98 रुपये प्रति किलोग्राम बना हुआ है। चेन्नई और बेंगलुरु में CNG 97.00 रुपये प्रति किलोग्राम है। देश में सबसे महंगी CNG हैदराबाद में 112.00 रुपये प्रति किलोग्राम बिक रही है। इसके बाद मथुरा में 100.00 रुपये, फिरोजाबाद में 99.00 रुपये, भरतपुर व देवास में 97.50 रुपये, सोनीपत में 94.00 रुपये और रीवा में 91.59 रुपये प्रति किलोग्राम रेट दर्ज हुआ है।
वैश्विक ऊर्जा संकट और कच्चे तेल का दबाव
ईंधन दरों में हुए इस इजाफे के पीछे अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की बढ़ती कीमतें मुख्य वजह हैं। इसके अतिरिक्त अमेरिका और ईरान के बीच बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव के कारण हॉर्मुज जलडमरूमध्य (Strait of Hormuz) के माध्यम से होने वाली वैश्विक तेल और प्राकृतिक गैस की आपूर्ति पर अनिश्चितता के बादल छा गए हैं। इस समुद्री मार्ग से दुनिया का एक बड़ा हिस्सा ऊर्जा आपूर्ति प्राप्त करता है, जिसके प्रभावित होने की आशंका से वैश्विक स्तर पर सभी पेट्रोलियम उत्पादों के मूल्य पर दबाव देखने को मिल रहा है।



















