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बाराबंकी के सुरवारी में हाईवे किनारे नाले में जा घुसी बेकाबू कार, एसडीएम की सूझबूझ से टली बड़ी जनहानिउत्तर प्रदेश
22 जुल॰ 2026, 9:39 pm (52 दिन पहले)· 2

बाराबंकी के सुरवारी में हाईवे किनारे नाले में जा घुसी बेकाबू कार, एसडीएम की सूझबूझ से टली बड़ी जनहानि

उत्तर प्रदेश के बाराबंकी में बांदा-बहराइच नेशनल हाईवे पर एक तेज रफ्तार कार अनियंत्रित होकर गहरे नाले में जा गिरी। मौके से गुजर रहीं एसडीएम आकांक्षा गुप्ता की तत्परता से चालक को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया और एक बड़ा हादसा टल गया।

उत्तर प्रदेश के बाराबंकी जिले में बुधवार को एक बड़ा और जानलेवा हादसा होते-होते उस समय टल गया, जब बांदा-बहराइच नेशनल हाईवे पर दौड़ रही एक कार अचानक बेकाबू हो गई। रफ्तार अधिक होने के कारण चालक गाड़ी को संभाल नहीं पाया और यह अनियंत्रित कार सीधे सड़क किनारे बने एक गहरे नाले में जा गिरी। यह रोंगटे खड़े कर देने वाली दुर्घटना रामनगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले ग्राम सुरवारी के समीप घटित हुई। गनीमत यह रही कि ठीक उसी समय रामनगर की उप जिलाधिकारी (एसडीएम) आकांक्षा गुप्ता अपने काफिले के साथ इसी रास्ते से होकर गुजर रही थीं। अपनी आंखों के सामने इस खौफनाक हादसे को देखकर एसडीएम ने बिना एक पल की देरी किए तुरंत अपनी गाड़ी रुकवाई। उन्होंने स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए फौरन स्थानीय पुलिस को फोन पर घटना की विस्तृत जानकारी दी, जिससे समय रहते बचाव कार्य शुरू हो सका और एक बहुत बड़ी त्रासदी टल गई।

एसडीएम की सूझबूझ और पुलिस टीम का त्वरित रेस्क्यू

बाराबंकी से गुजरने वाला बांदा-बहराइच नेशनल हाईवे उत्तर प्रदेश के प्रमुख और व्यस्ततम मार्गों में से एक माना जाता है, जहां दिन भर छोटे-बड़े वाहनों की भारी आवाजाही लगी रहती है। बुधवार को भी इस मार्ग पर यातायात पूरी तरह से सामान्य था। अक्सर ऐसे व्यस्त हाईवे पर हादसे होने के बाद मदद पहुंचने में काफी समय लग जाता है। लेकिन बुधवार को हुए इस हादसे में एसडीएम आकांक्षा गुप्ता की मौजूदगी किसी देवदूत से कम नहीं रही। नाले में कार को गिरता देख उन्होंने खुद मौके पर रुककर हालात का जायजा लिया और तुरंत रामनगर पुलिस थाने को अलर्ट कर दिया। एसडीएम से सूचना मिलते ही रामनगर थाने के प्रभारी निरीक्षक (एसएचओ) अपनी पूरी पुलिस टीम के साथ फौरन घटनास्थल पर पहुंच गए। पुलिसकर्मियों ने घटनास्थल पर पहुंचते ही बिना कोई समय गंवाए राहत और बचाव अभियान शुरू कर दिया। कड़ी मशक्कत के बाद पुलिस की टीम ने कार के दरवाजे खोलकर अंदर फंसे हुए चालक को पूरी तरह से सुरक्षित बाहर निकाल लिया।

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अकेला सफर कर रहा था चालक, लखनऊ से जा रहा था बहराइच

हादसे के बाद जब पुलिस टीम ने घबराए हुए चालक को सुरक्षित बाहर निकाला, तो उससे विस्तार से पूछताछ की गई। पूछताछ के दौरान चालक ने पुलिस को बताया कि वह अपनी कार लेकर उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ से निकला था और उसे बहराइच जिले की तरफ जाना था। उसका सफर सामान्य रूप से चल रहा था, लेकिन जैसे ही वह सुरवारी गांव के करीब पहुंचा, गाड़ी अचानक अनियंत्रित हो गई। चालक के अनुसार, उसने गाड़ी को नियंत्रित करने की पूरी कोशिश की, लेकिन स्टेयरिंग पर उसका काबू नहीं रहा और कार सीधे नाले में जा घुसी। पुलिस और प्रशासन के लिए सबसे बड़ी राहत की बात यह रही कि जिस वक्त यह भयानक हादसा हुआ, उस समय कार में चालक के अलावा कोई और यात्री सवार नहीं था। अगर कार में अन्य लोग भी मौजूद होते, तो नाले में डूबने या गहरी चोट लगने से जनहानि होने की पूरी आशंका थी।

वाहन के अनुबंध की जानकारी और भीड़ को हटाने की कार्रवाई

पुलिस द्वारा की गई प्रारंभिक जांच और चालक के बयान के आधार पर यह तथ्य सामने आया है कि दुर्घटनाग्रस्त होने वाला वाहन पूरी तरह से एक निजी वाहन है। चालक ने अधिकारियों को यह भी जानकारी दी कि उसकी यह गाड़ी पहले एक अनुबंध (कॉन्ट्रैक्ट) के तहत संचालित की जा रही थी, लेकिन वह अनुबंध करीब एक महीने पहले ही समाप्त हो चुका था। फिलहाल रामनगर थाना पुलिस ने इस पूरे मामले की गहनता से जांच शुरू कर दी है और हर पहलू को खंगाला जा रहा है। दूसरी ओर, जब यह हादसा हुआ, तो हाईवे पर से गुजरने वाले अन्य वाहन चालक और आसपास के ग्रामीण भारी संख्या में वहां जमा हो गए थे। लोगों की भारी भीड़ के कारण हाईवे पर जाम लगने की नौबत आ गई थी और राहत कार्य में भी बाधा उत्पन्न हो रही थी। लेकिन एसडीएम पहले से ही वहां मुस्तैद थीं। जैसे ही पुलिस वहां पहुंची, उन्होंने सबसे पहले वहां तमाशबीन बनी भीड़ को हटाना शुरू किया। भीड़ के हटने के बाद ही नाले से कार को बाहर निकालने और बचाव का काम आसानी से पूरा किया जा सका। इसके बाद बांदा-बहराइच हाईवे पर यातायात को एक बार फिर से सुचारू रूप से चालू करा दिया गया, जिससे सभी ने राहत की सांस ली।

सवाल-जवाब

बाराबंकी में सड़क हादसा कहां हुआ?
यह हादसा रामनगर थाना क्षेत्र के अंतर्गत ग्राम सुरवारी के पास बांदा-बहराइच नेशनल हाईवे पर हुआ।
हादसे के समय कार में कितने लोग सवार थे?
पुलिस के अनुसार, हादसे के समय कार में चालक के अलावा कोई और व्यक्ति सवार नहीं था।
दुर्घटना के समय किस अधिकारी ने पुलिस को सूचना दी?
हादसे के वक्त रामनगर की उप जिलाधिकारी (एसडीएम) आकांक्षा गुप्ता वहां से गुजर रही थीं, जिन्होंने अपनी सूझबूझ से पुलिस को घटना की जानकारी दी।
दुर्घटनाग्रस्त कार कहां से कहां जा रही थी?
चालक अपनी कार लेकर लखनऊ से बहराइच की तरफ जा रहा था।
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