प्रधानमंत्री Narendra Modi ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर एक पोस्ट साझा कर बताया कि उन्होंने Évian में दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति Lee Jae-myung के साथ मुलाकात की। खास बात यह रही कि उन्होंने यह संदेश कोरियाई भाषा में लिखा, जिसने सोशल मीडिया पर लोगों का खासा ध्यान खींचा।
क्या लिखा प्रधानमंत्री ने
अपनी पोस्ट में Modi ने Lee Jae-myung के साथ हुई बातचीत को बेहद सार्थक बताया। उन्होंने याद दिलाया कि महज दो महीने पहले उन्होंने भारत में राष्ट्रपति Lee की मेजबानी की थी। यानी दोनों नेताओं के बीच यह कुछ ही समय के भीतर दूसरी मुलाकात थी।
प्रधानमंत्री ने अपने संदेश में इस बात पर जोर दिया कि भारत और दक्षिण कोरिया केवल व्यापार और वाणिज्य तक सीमित नहीं हैं, बल्कि भविष्य की कई उन्नत और अग्रणी तकनीकी क्षेत्रों में भी एक-दूसरे के साथ नजदीकी से काम कर रहे हैं। पोस्ट में उन्होंने राष्ट्रपति Lee के हैंडल @Jaemyung_Lee और @G7 को भी टैग किया।
कोरियाई भाषा में संदेश ने बढ़ाई चर्चा
संदेश को कोरियाई भाषा में लिखे जाने की वजह से यह पोस्ट सामान्य कूटनीतिक बयानों से अलग दिखी। मेजबान देश या साथी नेता की भाषा में संदेश देना एक सद्भावना भरा संकेत माना जाता है, और यही पहलू इस बार चर्चा का बड़ा कारण बना।
दोनों देशों के रिश्तों की दिशा
यह मुलाकात इस ओर इशारा करती है कि भारत और दक्षिण कोरिया अपने संबंधों को व्यापार से आगे ले जाकर तकनीक और रणनीतिक सहयोग के नए आयामों तक पहुंचाना चाहते हैं। दो महीने के भीतर दो बार हुई नेताओं की बातचीत इस बढ़ती नजदीकी को दर्शाती है।
जनता की प्रतिक्रिया
पोस्ट पर लोगों की मिली-जुली प्रतिक्रियाएं देखने को मिलीं। कई यूजर्स ने भारत और दक्षिण कोरिया की दोस्ती की सराहना की और शांति व मजबूत साझेदारी की उम्मीद जताई, तो कुछ ने मजाकिया अंदाज में पूछा कि प्रधानमंत्री को आखिर कितनी भाषाएं आती हैं और संदेश का हिंदी में मतलब क्या है। वहीं कुछ लोगों ने इसे महज तस्वीरों तक सीमित बताते हुए सवाल भी उठाए।













