फ्रांस की जेलों में कैदियों की बढ़ती संख्या को नियंत्रित करने के लिए 'इलेक्ट्रॉनिक एंकल मॉनिटर' का उपयोग वहां की दंड प्रणाली का एक अहम हिस्सा बन गया है। हाल ही में, पेरिस की एक अपीलीय अदालत ने सुदूर-दक्षिणपंथी नेता मरिन ले पेन को सार्वजनिक धन के गबन के मामले में दोषी करार दिया है। इस फैसले के तहत अदालत ने उन्हें इलेक्ट्रॉनिक मॉनिटरिंग के अधीन रखने का निर्देश दिया है, जिसने फ्रांसीसी राजनीति में नई बहस छेड़ दी है।
चुनाव और कानूनी प्रक्रिया का भविष्य
मरिन ले पेन ने स्पष्ट किया है कि वे अगले साल फ्रांस के राष्ट्रपति पद के लिए चुनाव लड़ने के अपने इरादे पर कायम हैं। फ्रांसीसी कानून किसी दोषी व्यक्ति को भी चुनाव लड़ने से पूरी तरह प्रतिबंधित नहीं करता है। ले पेन का यह भी दावा है कि उन्हें उम्मीद है कि उन्हें यह इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस नहीं पहनना पड़ेगा, क्योंकि वे इस फैसले को फ्रांस की सर्वोच्च अदालत में चुनौती देंगी।
कोर्ट ऑफ कैसेशन की भूमिका
इस मामले की अपील 'कोर्ट ऑफ कैसेशन' में जाने की संभावना है। अदालत ने पहले संकेत दिए थे कि राष्ट्रपति चुनाव से पहले इस पर फैसला सुनाया जा सकता है। यदि यह सजा बरकरार रहती है, तो चुनाव प्रचार के दौरान उन्हें मॉनिटरिंग का सामना करना पड़ सकता है। इसके अलावा, यदि अपील विफल रहती है तो उनके चुनावी दौरों और प्रचार कार्यक्रमों पर इसका असर पड़ सकता है। फ्रांस में राष्ट्रपति चुनाव का पहला चरण 18 अप्रैल को होगा, और यदि किसी प्रत्याशी को बहुमत नहीं मिलता है, तो 2 मई को दूसरा दौर यानी रनऑफ आयोजित किया जाएगा।
इलेक्ट्रॉनिक मॉनिटरिंग के नियम
फ्रांसीसी कानूनों के अनुसार, घर पर नजरबंदी (होम डिटेंशन) के लिए एंकल डिवाइस पहनना अनिवार्य होता है। इसमें व्यक्ति को अपने आवास या जज द्वारा स्वीकृत पते पर ही रहना होता है। घर से बाहर निकलने की अनुमति केवल एक निश्चित समय सीमा के भीतर ही मिलती है, जिसे जज द्वारा निर्धारित किया जाता है। इसका उद्देश्य जन व्यवस्था को बनाए रखना और सजा के कार्यान्वयन को सुनिश्चित करना है। यदि सजा बरकरार रहती है, तो एक विशेषज्ञ जज उनके निवास और बाहर निकलने के घंटों को तय करेंगे।
सजा में कमी और रिहाई के विकल्प
सजा कार्यान्वयन न्यायाधीशों के राष्ट्रीय संघ की प्रमुख सेलिन बरटेटो ने बताया कि अदालत का निर्णय राष्ट्रपति चुनाव लड़ने की संभावना को खुला रखता है। उन्होंने कहा कि अदालत ने चुनाव लड़ने की राह आसान रखी है और इस फैसले का सम्मान किया जाना चाहिए। सेलिन बरटेटो ने सजा में कटौती के नियमों को समझाते हुए कहा कि एक साल की सजा के लिए छह महीने की कटौती संभव है, बशर्ते अपराधी समय-सीमा के नियमों का पालन करे और जुर्माना भरे।
ले पेन का रुख और पिछली नजीर
57 वर्षीय मरिन ले पेन, जो पहले भी तीन बार राष्ट्रपति चुनाव लड़ चुकी हैं, का कहना है कि वे निर्दोष हैं और उन पर लगे गबन के आरोप निराधार हैं। इससे पहले भी फ्रांस के पूर्व राष्ट्रपति निकोलस सरकोजी को भ्रष्टाचार के एक मामले में एंकल डिवाइस पहनना पड़ा था। निकोलस सरकोजी को एक साल की जेल हुई थी और उन्हें सुबह 8 बजे से रात 8 बजे के बीच बाहर जाने की अनुमति थी। बाद में उन्हें तीन महीने से कुछ अधिक समय के बाद सशर्त रिहाई मिल गई थी, जिससे उनका इलेक्ट्रॉनिक टैग हटा दिया गया था।











