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राजस्थान में समान सिविल संहिता पर सुझाव मांगने के लिए घर-घर पहुंच रहे SMS, सरकार ने खोला ऑनलाइन पोर्टलराजनीति
4 जुल॰ 2026, 12:06 am (45 दिन पहले)· 2

राजस्थान में समान सिविल संहिता पर सुझाव मांगने के लिए घर-घर पहुंच रहे SMS, सरकार ने खोला ऑनलाइन पोर्टल

राजस्थान सरकार ने समान सिविल संहिता को लेकर आम लोगों के मोबाइल पर SMS भेजकर सुझाव मांगे हैं और इसके लिए एक अलग ऑनलाइन पोर्टल भी तैयार किया गया है.

राजस्थान में समान सिविल संहिता यानी UCC को लागू करने की दिशा में राज्य सरकार ने एक नया कदम उठाया है. सरकार अब सीधे आम लोगों के मोबाइल फोन पर SMS भेजकर इस विषय पर उनकी राय और सुझाव मांग रही है. भेजे जा रहे संदेश में लोगों से अपील की गई है कि वे अपने विचार साझा करें और नीति बनाने की पूरी प्रक्रिया में भागीदार बनें. सरकार का कहना है कि UCC कानून को लेकर जनता की राय को भी अहम माना जाएगा.

मोबाइल पर आया संदेश, क्या है इसमें

सरकार की ओर से भेजे जा रहे SMS में साफ तौर पर लिखा गया है कि राजस्थान सरकार समान सिविल संहिता लागू करने का विचार रखती है और इस संबंध में आमजन के बहुमूल्य सुझाव आमंत्रित किए जा रहे हैं. संदेश में लोगों से कहा गया है कि वे अपने विचार समिति की वेबसाइट पर साझा करें, जिससे नीति तैयार करने की प्रक्रिया में उनकी भागीदारी भी सुनिश्चित हो सके. इस पूरी पहल के लिए गृह विभाग की ओर से विशेष व्यवस्था की गई है. मोबाइल पर यह संदेश पहुंचने के बाद कई लोगों के बीच UCC को लेकर चर्चा भी तेज हो गई है, और लोग आपस में इस बारे में बातचीत करते नजर आ रहे हैं.

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सुझाव देने के लिए अलग पोर्टल तैयार

सरकार ने आमजन से सुझाव जुटाने के लिए एक अलग ऑनलाइन पोर्टल भी तैयार किया है, जहां कोई भी व्यक्ति अपने विचार और सुझाव दर्ज करा सकता है. इसी पोर्टल पर समिति से जुड़ी जानकारी और संपर्क विवरण भी उपलब्ध कराए गए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर लोग सीधे समिति से संपर्क कर सकें. यानी सिर्फ SMS ही नहीं, बल्कि सुझाव दर्ज कराने के लिए एक पूरा डिजिटल इंतजाम किया गया है.

जनभागीदारी बढ़ाने पर सरकार का जोर

सरकार का कहना है कि UCC कानून को लेकर आम लोगों की राय को बेहद अहम माना जा रहा है, और इसी वजह से सीधे जनता तक SMS भेजकर सुझाव मांगे जा रहे हैं. इसका मकसद ज्यादा से ज्यादा लोगों को इस प्रक्रिया से जोड़ना बताया जा रहा है, ताकि नीति सिर्फ सरकार के स्तर पर नहीं, बल्कि जनता की भागीदारी से भी तैयार हो सके.

आगे क्या होगा

फिलहाल सरकार ने UCC लागू करने के अपने इरादे के साथ जनता से सुझाव आमंत्रित किए हैं. अब देखने वाली बात यह होगी कि समाज के अलग-अलग वर्गों से कितने सुझाव आते हैं और समिति उन्हें अपनी रिपोर्ट में किस तरह शामिल करती है. आने वाले समय में जैसे जैसे यह प्रक्रिया आगे बढ़ेगी, राज्य में UCC को लेकर चर्चा और तेज होने की संभावना जताई जा रही है.

सवाल-जवाब

राजस्थान सरकार यह SMS क्यों भेज रही है?
सरकार समान सिविल संहिता (UCC) लागू करने पर विचार कर रही है और इस पर जनता से सुझाव लेना चाहती है, इसीलिए यह SMS भेजा जा रहा है.
सुझाव कैसे और कहां दिए जा सकते हैं?
सरकार ने इसके लिए एक अलग ऑनलाइन पोर्टल तैयार किया है, जहां कोई भी व्यक्ति अपने विचार और सुझाव दर्ज करा सकता है.
यह पहल किस विभाग के जरिए चलाई जा रही है?
इस पूरी पहल के लिए गृह विभाग की ओर से विशेष व्यवस्था की गई है.
पोर्टल पर सुझाव के अलावा और क्या जानकारी मिलती है?
पोर्टल पर UCC से जुड़ी समिति की जानकारी और संपर्क विवरण भी दिए गए हैं, ताकि जरूरत पड़ने पर लोग सीधे समिति से संपर्क कर सकें.
सुझाव मांगने का मकसद क्या बताया गया है?
सरकार का कहना है कि ज्यादा से ज्यादा लोगों को नीति निर्माण की प्रक्रिया से जोड़ना ही इसका मकसद है.
सुझाव मिलने के बाद आगे क्या होगा?
समिति अलग-अलग वर्गों से मिले सुझावों को देखेगी और उन्हें अपनी रिपोर्ट में शामिल करेगी, जिसके आधार पर आगे की प्रक्रिया तय होगी.
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