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जयपुर में डॉक्टर नंद लाल डिसानिया का निधन, फंदे पर लटका मिला शवराजस्थान
8 जुल॰ 2026, 12:03 pm (45 दिन पहले)· 2

जयपुर में डॉक्टर नंद लाल डिसानिया का निधन, फंदे पर लटका मिला शव

जयपुर के सवाई मानसिंह (SMS) मेडिकल कॉलेज के फॉरेंसिक विभाग के विभागाध्यक्ष डॉ. नंद लाल डिसानिया ने आत्महत्या कर ली। उनका शव उनके घर पर फंदे से लटका पाया गया।

राजस्थान की राजधानी जयपुर से एक अत्यंत दुखद और स्तब्ध कर देने वाली खबर सामने आई है। सवाई मानसिंह (SMS) मेडिकल कॉलेज में फॉरेंसिक मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष (HOD) के पद पर कार्यरत डॉ. नंद लाल डिसानिया का निधन हो गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार, डॉ. डिसानिया ने अपने आवास पर आत्महत्या जैसा कदम उठाया। उनका शव घर के भीतर फंदे से लटका हुआ पाया गया, जिसने पूरे चिकित्सा जगत में शोक की लहर दौड़ा दी है।

घटना का विवरण

जिस समय यह हृदयविदारक घटना घटी, उस दौरान डॉ. डिसानिया के परिवार का कोई भी सदस्य घर पर मौजूद नहीं था। परिजन जब अपने घर वापस लौटे, तो उन्हें स्थिति का पता चला। उन्होंने डॉ. डिसानिया को फंदे से उतारा और तत्काल उपचार के लिए नजदीकी निजी अस्पताल ले गए, लेकिन तब तक बहुत देर हो चुकी थी। वहां मौजूद चिकित्सकों ने डॉ. डिसानिया को मृत घोषित कर दिया। फिलहाल, उनके पार्थिव शरीर को सवाई मानसिंह अस्पताल ले जाने की प्रक्रिया चल रही है।

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जांच और पृष्ठभूमि

इस आकस्मिक निधन के पीछे की वास्तविक वजह अभी तक स्पष्ट नहीं हो पाई है। पुलिस मामले की गहन जांच में जुटी है ताकि आत्महत्या के कारणों का पता लगाया जा सके। उल्लेखनीय है कि डॉ. डिसानिया ने हाल के वर्षों में जयपुर के चिकित्सा तंत्र में महत्वपूर्ण योगदान दिया था, जिसमें पॉइजन लैब की स्थापना जैसे कार्य शामिल थे। जयपुर में नेशनल फोरेंसिक साइंस यूनिवर्सिटी के नए कैंपस की प्रस्तावित शुरुआत के बीच, फॉरेंसिक विभाग के वरिष्ठ अधिकारी का इस तरह चले जाना चिकित्सा बिरादरी के लिए एक बड़ी क्षति है।

सवाल-जवाब

डॉ. नंद लाल डिसानिया कौन थे?
डॉ. नंद लाल डिसानिया सवाई मानसिंह (SMS) मेडिकल कॉलेज, जयपुर में फॉरेंसिक मेडिसिन विभाग के विभागाध्यक्ष (HOD) थे।
यह घटना कहां हुई?
यह दुखद घटना जयपुर स्थित डॉ. डिसानिया के निजी आवास पर हुई।
आत्महत्या का कारण क्या था?
फिलहाल आत्महत्या के पीछे के कारणों का खुलासा नहीं हुआ है और मामले की जांच जारी है।
डॉ. डिसानिया को मृत किसने घोषित किया?
परिजनों द्वारा नजदीकी निजी अस्पताल ले जाने के बाद वहां के चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित किया।
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