अमेरिकी अभिनेत्री सिडनी स्वेनी के एक नए विज्ञापन ने अंतरराष्ट्रीय खेल जगत में तीव्र विवाद खड़ा कर दिया है। स्पोर्ट्स प्रेडिक्शन मार्केट प्लेटफॉर्म नोविग के प्रचार अभियान में सिडनी स्वेनी बेहद कम कपड़ों में नजर आ रही हैं, जहां वे अपने शरीर के कुछ हिस्सों को फुटबॉल और विभिन्न खेल परिधानों की मदद से ढकती दिखती हैं। इस दृश्य को देखकर दुनिया भर की कई प्रमुख महिला खिलाड़ियों ने तीखी प्रतिक्रिया दी है और इसे खेल जगत में महिलाओं को महज कामुक नजरिए से पेश करने का प्रयास बताया है।
ओलंपिक स्वर्ण पदक विजेता एरियार्ने टिटमस की तीखी प्रतिक्रिया
चार बार की ओलंपिक तैराकी स्वर्ण पदक विजेता एरियार्ने टिटमस ने सोशल मीडिया पर इस विज्ञापन को लेकर अपनी गहरी नाराजगी व्यक्त की। उन्होंने इंस्टाग्राम पर लिखा कि इस प्रचार को देखकर उनके भीतर उठ रहे गुस्से को शब्दों में बयां कर पाना मुश्किल है। टिटमस ने सवाल उठाया कि समाज आज भी ऐसी स्थिति में क्यों खड़ा है, जहां महिलाओं के शरीर का बाजारीकरण करना और महिलाओं के खेल को कामुकता के चश्मे से देखना एक सामान्य बात समझी जाती है। कई अन्य खिलाड़ियों ने भी इस बात का समर्थन करते हुए कहा कि यह दृष्टिकोण महिला एथलीटों के आत्मसम्मान को ठेस पहुंचाता है।
ब्रिटिश स्प्रिंटर एमी हंट का कड़ा संदेश
हंगरी की राजधानी बुडापेस्ट में आयोजित अल्टीमेट चैंपियनशिप में 200 मीटर दौड़ में चौथा स्थान हासिल करने के बाद ब्रिटिश धाविका एमी हंट ने भी इस विषय पर सीधे अपनी बात रखी। एक साक्षात्कार के दौरान कैमरे की तरफ देखते हुए उन्होंने सिडनी स्वेनी को सीधा संदेश दिया। हंट ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि खेल जगत में असली महिलाएं कैसी दिखती हैं, वह मांसपेशियों, कड़ी मेहनत, पसीने, खून और आंसुओं से परिभाषित होता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि खिलाड़ियों की पहचान उनकी शारीरिक बनावट या कामुकता नहीं, बल्कि मैदान पर बहाया गया पसीना और अनुशासन है।
ग्रेसी क्रैमर और सोफी फेला ने उठाए गंभीर सवाल
अमेरिका की पूर्व जिम्नास्ट ग्रेसी क्रैमर ने भी इस विज्ञापन की जमकर भर्त्सना की और इसे अत्यंत आपत्तिजनक करार दिया। ग्रेसी क्रैमर ने इंस्टाग्राम पर लिखा कि उन्होंने अपनी पूरी जिंदगी एक ऐसे खेल को समर्पित की है जहां महिला खिलाड़ियों को अनावश्यक रूप से कामुक बनाकर पेश किया जाता रहा है। उन्होंने दर्द साझा करते हुए कहा कि महिला एथलीटों को अक्सर उनके शरीर तक सीमित कर दिया जाता है, जिसके कारण उन्हें अपनी प्रतिभा के दम पर गंभीरता से पहचान पाने के लिए लगातार कड़ा संघर्ष करना पड़ता है। क्रैमर ने अभ्यास में जुटी महिला खिलाड़ियों की तस्वीरें साझा करते हुए लिखा कि खेल जगत में एक महिला असल में ऐसी दिखाई देती है।
इसी क्रम में जर्मन रग्बी खिलाड़ी सोफी फेला ने भी विज्ञापन की आलोचना की। उन्होंने कहा कि महिला खिलाड़ी समाज के पारंपरिक सौंदर्य और नारीत्व के बंधनों से खुद को अलग करके उभरती हैं, जिससे वे युवा लड़कियों और महिलाओं के लिए सच्ची प्रेरणा बन सकती हैं। फेला ने इंस्टाग्राम पर स्पष्ट किया कि इसी कारण से सिडनी स्वेनी का यह विज्ञापन दुनिया भर की प्रत्येक महिला खिलाड़ी के लिए बेहद अपमानजनक है।


















