उज्बेकिस्तान के समरकंद शहर में आयोजित 46वें शतरंज ओलंपियाड में हिस्सा लेने पहुंची भारतीय टीम को मंगलवार को भारी अव्यवस्था का सामना करना पड़ा। हवाई अड्डे पर उतरने के बाद भारतीय दल जब होटल पहुंचा, तो उन्हें कमरे आवंटित नहीं किए गए, जिसके चलते खिलाड़ियों को पांच घंटे से भी अधिक समय तक इंतजार में बिताना पड़ा। यह अंतरराष्ट्रीय प्रतियोगिता बुधवार से शुरू हो रही है और 16 से 27 सितंबर तक चलेगी। ऐन मुकाबले से ठीक पहले इस तरह की बुनियादी व्यवस्था न मिलने पर भारतीय खिलाड़ियों और कप्तानों ने खुलकर असंतोष जाहिर किया।
होटल में कमरे न मिलने पर कप्तानों और खिलाड़ियों ने उठाया सवाल
भारतीय पुरुष दल के कप्तान ग्रैंडमास्टर श्रीनाथ नारायणन ने सोशल मीडिया पर इस अव्यवस्था की जानकारी साझा की। उन्होंने X पर अपनी बात रखते हुए कहा कि FIDE शतरंज ओलंपियाड 2026 में उनका अनुभव बेहद निराशाजनक रहा है, क्योंकि हवाई अड्डे पर उतरने के पांच घंटे बीत जाने के बाद भी किसी को यह साफ नहीं था कि कमरे कब तक मिल पाएंगे। टीम के प्रमुख सदस्य और ग्रैंडमास्टर विदित गुजराती ने भी अपनी निराशा व्यक्त की और X पर लिखा कि समरकंद ओलंपियाड का यह बेहद खराब अनुभव है और वे अब भी इंतजार में खड़े हैं।
गत चैंपियन के रूप में मैदान में उतर रही हैं दोनों भारतीय टीमें
इस बड़े मुकाबले में भारतीय पुरुष टीम की अगुवाई कप्तान श्रीनाथ नारायणन कर रहे हैं, जिसमें विश्व चैंपियन डी गुकेश, ग्रैंडमास्टर आर प्रज्ञानानंदा, अर्जुन एरिगेसी, निहाल सरीन और विदित गुजराती जैसे दिग्गज खिलाड़ी शामिल हैं। वहीं महिला वर्ग की टीम का नेतृत्व कप्तान स्वयम्स मिश्रा के हाथों में है, जबकि दल में कोनेरू हम्पी, आर वैशाली, दिव्या देशमुख, वंतिका अग्रवाल और सविता श्री बी खेल रही हैं। पांच-पांच खिलाड़ियों वाली ये दोनों भारतीय टीमें टूर्नामेंट की गत चैंपियन हैं, जिन्होंने 2024 के सत्र में पुरुष और महिला दोनों खिताब जीतकर ऐतिहासिक सफलता हासिल की थी।

















