हैदराबाद की साइबराबाद पुलिस ने एक गंभीर मामले में अपने ही एक अधिकारी के खिलाफ कानूनी कार्रवाई शुरू की है। सब-इंस्पेक्टर पुजारी तिरुपति पर आरोप है कि उन्होंने एक व्यस्त सड़क पर अपनी नाबालिग पोती को कार की स्टीयरिंग थमा दी थी। यह घटना सोशल मीडिया पर तब सुर्खियों में आई जब इसका वीडियो तेजी से वायरल हो गया। वीडियो में बच्ची को गाड़ी चलाते हुए देखा जा सकता है, जिसके बाद लोगों के कड़े विरोध और विभागीय नियमों के उल्लंघन के चलते पुलिस प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए एफआईआर दर्ज की है।
घटना का विवरण और विरोध
यह वाकया नरसिंगी थाना क्षेत्र के गांधमगुडा-बैरागीगुडा मार्ग पर सामने आया। स्थानीय लोगों ने देखा कि सब-इंस्पेक्टर तिरुपति अपनी करीब 6 साल की पोती को ड्राइविंग सिखा रहे थे और व्यस्त सड़क पर बच्ची वाहन को नियंत्रित कर रही थी। इस लापरवाही के कारण वहां यातायात प्रभावित हुआ। जब लोगों ने इसका कड़ा विरोध जताया और सवाल किया कि कानून के रक्षक खुद नियम क्यों तोड़ रहे हैं, तो स्थिति तनावपूर्ण हो गई। वायरल वीडियो में बच्ची को यह कहते हुए सुना जा सकता है कि उसके दादा एक पुलिस वाले हैं।
अपनी सफाई में, पुजारी तिरुपति ने तर्क दिया कि कार ऑटोमैटिक गियर तकनीक वाली थी और वाहन पूरी तरह उनके नियंत्रण में था। हालांकि, आम लोगों ने उनकी इस दलील को सिरे से खारिज कर दिया। लोगों का कहना था कि सार्वजनिक सड़क पर इस तरह का अभ्यास करना न केवल नियमों का उल्लंघन है, बल्कि दूसरों की जान को खतरे में डालने जैसा है। उन्हें सलाह दी गई कि यदि वे पोती को ड्राइविंग सिखाना चाहते हैं, तो किसी सुरक्षित और बंद स्थान का चुनाव करना चाहिए था।
पुलिस प्रशासन की कार्रवाई
मामला तूल पकड़ने के बाद साइबराबाद ट्रैफिक पुलिस ने मामले का संज्ञान लिया। रविवार की रात जारी आधिकारिक बयान के अनुसार, सब-इंस्पेक्टर पुजारी तिरुपति के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 125 और मोटर वाहन अधिनियम की धाराओं 180 और 184 के तहत मामला दर्ज किया गया है। अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि घटना की जांच अभी चल रही है और उचित कानूनी प्रक्रिया अपनाई जाएगी।
ड्रंक एंड ड्राइव के खिलाफ अभियान
इस घटना के साथ ही साइबराबाद ट्रैफिक पुलिस ने अपने हालिया एंटी ड्रंक एंड ड्राइव अभियान का विवरण भी साझा किया। वीकेंड के दौरान चलाए गए इस विशेष अभियान में कुल 354 चालकों को नशे की हालत में वाहन चलाते हुए पकड़ा गया। पकड़े गए लोगों में 299 दोपहिया, 17 तिपहिया और 38 चारपहिया वाहन शामिल हैं। पुलिस द्वारा जांचे गए नमूनों में 305 चालकों का ब्लड अल्कोहल कंटेंट (बीएसी) 36 से 200 मिलीग्राम प्रति 100 मिलीलीटर पाया गया, जबकि 31 लोगों का स्तर 201 से 300 मिलीग्राम और 18 लोगों का स्तर 301 से 550 मिलीग्राम प्रति 100 मिलीलीटर तक रिकॉर्ड किया गया। सभी आरोपियों को आगे की कार्रवाई के लिए कोर्ट में पेश किया जाएगा।








