असम के कामरूप जिले के रंगिया इलाके के पास सोमवार रात एक दर्दनाक घटना सामने आई, जहां अज्ञात लोगों के हमले में 19 वर्षीय एक युवक की जान चली गई और उसका एक दोस्त गंभीर रूप से घायल हो गया। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, मृतक की पहचान धनजीत कलिता के रूप में की गई है, जिसने मौके पर ही दम तोड़ दिया।
दुर्गा पूजा से लौटते समय हुआ हादसा
मृतक धनजीत कलिता और उसका साथी बिशाल दास, जिनकी उम्र भी लगभग 19 वर्ष है, सोमवार रात को दुर्गा पूजा पंडाल घूमने निकले थे। पंडाल देखने के बाद दोनों अपने घर पनितेमा गांव की तरफ वापस लौट रहे थे, तभी रास्ते में सड़क किनारे पड़े बालू पर उनकी दोपहिया गाड़ी फिसल गई। इस आकस्मिक दुर्घटना के तुरंत बाद वहां स्थानीय लोगों का एक समूह इकट्ठा हो गया और दोनों युवकों पर बेरहमी से हमला बोल दिया। परिवार के सदस्यों और स्थानीय लोगों से मिली शुरुआती जानकारी के आधार पर एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने बताया कि हमलावरों ने दोनों को बुरी तरह पीटा। हालांकि, पुलिस ने इस बात पर जोर दिया है कि इस पूरी घटना के विवरण की स्वतंत्र रूप से पुष्टि अभी तक नहीं की जा सकी है और मामले की हर पहलू से गहन जांच की जा रही है।
अस्पताल में चल रहा है इलाज
इस भीषण हमले में गंभीर रूप से घायल हुए बिशाल दास को शुरुआत में स्थानीय स्तर पर प्राथमिक चिकित्सा दी गई थी। इसके बाद उसकी नाजुक हालत को देखते हुए उसे तुरंत एम्स गुवाहाटी में रेफर कर दिया गया, जहां डॉक्टरों की देखरेख में उसका इलाज जारी है और उसकी स्थिति बेहद गंभीर बनी हुई है। इस सनसनीखेज वारदात की खबर फैलते ही पनितेमा गांव के लोगों में भारी गुस्सा फूट पड़ा।
थाने के बाहर प्रदर्शन और पुलिस कार्रवाई
इस क्रूर घटना से आक्रोशित होकर बड़ी संख्या में ग्रामीण मंगलवार को रंगिया पुलिस स्टेशन के बाहर जमा हो गए। प्रदर्शन कर रहे लोगों ने पुलिस प्रशासन के सामने जोरदार मांग रखी कि इस मामले की निष्पक्ष और पूरी जांच की जाए तथा घटना में शामिल सभी आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए। पुलिस का कहना है कि इस हमले के पीछे की असली वजह क्या थी और हमलावर कौन लोग थे, इसका पता लगाने का प्रयास किया जा रहा है। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस लगातार तफ्तीश में जुटी हुई है, लेकिन इस मामले में अभी तक किसी भी संदिग्ध की गिरफ्तारी की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।



















