भारतीय सिनेमा में कई बार एक ही शीर्षक वाले किरदार या फिल्में देखने को मिलती हैं, लेकिन किसी एक ही लोकप्रिय बोल वाले तीन अलग-अलग गानों का बनना एक दिलचस्प पहलू है। हिंदी फिल्मों के इतिहास में 'छम्मक छल्लो' नाम से तीन बड़े गाने बनाए गए हैं। इन तीनों गानों को अलग-अलग समय में, नए संगीत और नए कलाकारों के साथ दर्शकों के सामने पेश किया गया। इनमें से पहला गाना जहां दर्शकों का ज्यादा ध्यान आकर्षित नहीं कर सका, वहीं बाकी दो गानों ने रिलीज होते ही चार्टबस्टर सूची में अपनी जगह बना ली। इस पूरी संगीतमय यात्रा की सबसे खास बात यह है कि मशहूर पार्श्व गायक कुमार सानू ने इन तीन में से दो गानों को अपनी सुरीली आवाज दी है।
1996 की फिल्म अजय का पहला और गुमनाम 'छम्मक छल्लो' गाना
बॉलीवुड में 'छम्मक छल्लो' नाम के उपयोग की शुरुआत साल 1996 से मानी जाती है। निर्माता और निर्देशक सुनील दर्शन के निर्देशन में बनी रोमांटिक एक्शन फिल्म अजय 20 दिसंबर 1996 को सिनेमाघरों में रिलीज हुई थी। यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर एक सेमी-हिट साबित हुई थी। इसी फिल्म में करिश्मा कपूर और सनी देओल पर एक मजेदार और चुलबुला गाना फिल्माया गया था, जिसके बोल थे 'छम्मक छल्लो जरा धीरे चलो'।
इस गाने को 90 के दशक की मशहूर संगीतकार जोड़ी आनंद-मिलिंद ने कंपोज किया था और इसे आवाज दी थी कुमार सानू ने। हालांकि, सनी देओल और करिश्मा कपूर की मौजूदगी और कुमार सानू की गायकी के बावजूद यह गाना रिलीज के बाद ज्यादा बड़ी सफलता हासिल नहीं कर पाया। उस दौर के अन्य लोकप्रिय गानों की तुलना में यह दर्शकों के दिलों तक उतनी गहराई से नहीं पहुंच सका और धीरे-धीरे एक साधारण ट्रैक बनकर रह गया।
2011 में रा.वन का अंतरराष्ट्रीय फ्यूजन और ग्लोबल सेंसेशन
साल 2011 में जब निर्देशक अनुभव सिन्हा की महत्वाकांक्षी सुपरहीरो फिल्म रा.वन आई, तो इसमें 'छम्मक छल्लो' शब्द को एक नए और धमाकेदार अंदाज में पेश किया गया। इस फिल्म में शाहरुख खान, करीना कपूर और अर्जुन रामपाल मुख्य भूमिकाओं में थे, जबकि दक्षिण भारतीय सिनेमा के दिग्गज अभिनेता रजनीकांत ने भी एक विशेष उपस्थिति दर्ज कराई थी। यद्यपि यह बड़े बजट वाली सुपरहीरो फिल्म बॉक्स ऑफिस पर उम्मीद के मुताबिक बड़ा करिश्मा दिखाने में असफल रही, लेकिन इसका संगीत इतिहास रचने में कामयाब रहा।
इस फिल्म के 'छम्मक छल्लो' गाने को अंतरराष्ट्रीय पॉप स्टार अकोन ने भारतीय संगीतकार और गायक विशाल ददलानी के साथ मिलकर गाया था। विशाल-शेखर की जोड़ी द्वारा तैयार किया गया यह फ्यूजन गाना रिलीज होते ही हर घर की पसंद बन गया। गाने में करीना कपूर के लाल रंग के परिधान को प्रसिद्ध फैशन डिजाइनर मनीष मल्होत्रा ने डिजाइन किया था। लाल साड़ी में करीना कपूर का डांस स्टाइल और मनीष मल्होत्रा का डिजाइन इतना लोकप्रिय हुआ कि उस दौर में वह साड़ी फैशन का बड़ा ट्रेंड बन गई थी।
2012 में राउडी राठौड़ का सुपरहिट देसी अंदाज
रा.वन के ठीक एक साल बाद, यानी साल 2012 में, प्रभु देवा के निर्देशन में बनी एक्शन कॉमेडी फिल्म राउडी राठौड़ में 'छम्मक छल्लो' का तीसरा रूप देखने को मिला। मशहूर फिल्म निर्माता संजय लीला भंसाली और रोनी स्क्रूवाला के प्रोडक्शन में बनी यह फिल्म बॉक्स ऑफिस पर एक ऑल-टाइम ब्लॉकबस्टर साबित हुई थी। इस फिल्म में अक्षय कुमार और सोनाक्षी सिन्हा की मुख्य जोड़ी ने दर्शकों का भरपूर मनोरंजन किया था।
फिल्म में 'छम्मक छल्लो छैल छबीली' शीर्षक से एक बेहद ऊर्जावान और देसी डांस नंबर शामिल किया गया था। इस गाने में सोनाक्षी सिन्हा लाल रंग की साड़ी पहनकर अक्षय कुमार के साथ जबरदस्त थिरकती हुई नजर आई थीं। इस गाने को पार्श्व गायिका श्रेया घोषाल और दिग्गज गायक कुमार सानू ने मिलकर गाया था। इस तरह कुमार सानू ने 1996 के बाद 2012 में दूसरी बार 'छम्मक छल्लो' शीर्षक वाले गाने को अपनी आवाज दी और यह गाना चार्टबस्टर बनकर सुपरहिट रहा।
तीनों गानों का तुलनात्मक विश्लेषण और कुमार सानू का रिकॉर्ड
अगर तीनों गानों की तुलना की जाए, तो 1996 का गाना एक साधारण 90s डांस नंबर था, जिसे समय के साथ भुला दिया गया। वहीं 2011 में आया अकोन और विशाल ददलानी का वर्जन एक आधुनिक वेस्टर्न और वेस्ट-मीट्स-ईस्ट फ्यूजन था, जिसने क्लबों से लेकर शादियों तक में अपनी धाक जमाई। दूसरी तरफ 2012 का वर्जन पूरी तरह से भारतीय मासी और देसी बीट्स पर आधारित था, जिसे श्रेया घोषाल और कुमार सानू की सुरीली जुगलबंदी ने अमर बना दिया। तीन अलग-अलग दशकों में एक ही नाम से बने ये तीनों ट्रैक बॉलीवुड संगीत के बदलते मिजाज और प्रवृत्तियों को साफ तौर पर दर्शाते हैं।



















