राजकुमार राव अभिनीत फिल्म प्रहार रिलीज हो चुकी है और इसके साथ ही सिनेमाघरों में एक बड़ी जंग शुरू हो गई है। अविनाश अरुण के निर्देशन में बनी इस फिल्म की कहानी भारत के मशहूर स्पेशल पब्लिक प्रॉसिक्यूटर उज्ज्वल निकम के जीवन और उनके सबसे बड़े मुकदमों पर आधारित है। यह फिल्म देश के सबसे काले इतिहास और उस कानूनी संघर्ष को पर्दे पर उतारती है, जिसने अजमल कसाब को फांसी के फंदे तक पहुंचाया था।
फिल्म की कहानी और पृष्ठभूमि
प्रहार उन ऐतिहासिक पलों और घटनाओं को टटोलती है जब सदी का सबसे बड़ा और बेरहम अपराधी अदालत के कटघरे में खड़ा था और देश का एक ऐसा वकील उसके सामने था जो कभी हारना नहीं जानता। कहानी उस कानूनी लड़ाई का जिक्र करती है जिसे शुरुआत में नामुमकिन माना जा रहा था। फिल्म अजमल कसाब के खिलाफ लड़ी गई उस कानूनी जंग के पीछे की पूरी तैयारी और दबाव को गहराई से दिखाती है, जिसे पूरा देश आज भी भूला नहीं है।
फिल्म निर्माण और टीम
इस प्रोजेक्ट के निर्देशक अविनाश अरुण हैं जिन्होंने इसे एक थ्रिलर के रूप में गढ़ा है। फिल्म में राजकुमार राव ने मुख्य भूमिका निभाई है। रिलीज से पहले इस फिल्म को लेकर काफी चर्चा रही है और इसका 1 मिनट 42 सेकेंड का वीडियो भी दर्शकों के बीच काफी लोकप्रिय हुआ था, जिसमें फिल्म के तेवर और कोर्टरूम ड्रामे की झलक साफ दिखाई देती है। बॉक्स ऑफिस पर इस फिल्म का मुकाबला यामी गौतम की फिल्म नई नवेली से चल रहा है।
कानूनी लड़ाई और उज्ज्वल निकम की भूमिका
फिल्म का मुख्य आकर्षण उज्ज्वल निकम की वह भूमिका है जो उन्होंने 26/11 के हमले के बाद निभाई थी। संजय दत्त को सजा दिलाने से लेकर अजमल कसाब को फांसी के फंदे तक पहुंचाने वाले उज्ज्वल निकम के कई केस ऐतिहासिक रहे हैं। फिल्म में यह दिखाया गया है कि कैसे एक सरकारी वकील ने तमाम चुनौतियों के बावजूद न्याय सुनिश्चित किया और आतंकी को उसके अंजाम तक पहुंचाया।


















