भारतीय सिनेमा में पौराणिक गाथाओं पर आधारित फिल्मों का निर्माण हमेशा से दर्शकों के आकर्षण का केंद्र रहा है। वर्तमान समय में जहां नई तकनीकों के साथ भव्य सिनेमाई प्रस्तुतियों की चर्चा हो रही है, वहीं तीन दशक पूर्व का एक रोचक घटनाक्रम भी सामने आता है। नब्बे के दशक की शुरुआत में सलमान खान को मुख्य भूमिका में लेकर रामायण पर एक महत्वाकांक्षी फिल्म बनाने की तैयारी की गई थी। इस प्रोजेक्ट में सलमान खान भगवान राम के किरदार में नजर आने वाले थे और उनके साथ सोनाली बेंद्रे को सीता की भूमिका के लिए चुना गया था। हालांकि, शुरुआती दौर में ही शूटिंग शुरू होने के बाद यह फिल्म कभी बड़े पर्दे तक नहीं पहुंच सकी।
तीन दशक पुरानी योजना और स्टार कास्ट की तैयारी
नब्बे के दशक की शुरुआत में सोहेल खान ने रामायण की पौराणिक कथा पर एक बड़े बजट की फिल्म बनाने का संकल्प लिया था। उस समय फिल्म के प्री प्रोडक्शन और कास्टिंग का काम बेहद गंभीरता से पूरा किया गया था। इस प्रोजेक्ट का निर्माण और निर्देशन की जिम्मेदारी खुद सोहेल खान संभाल रहे थे। मुख्य किरदारों के चयन के दौरान सलमान खान को भगवान राम का स्वरूप देने का फैसला लिया गया, जबकि सीता के पावन किरदार के लिए उस दौर की प्रसिद्ध अभिनेत्री सोनाली बेंद्रे को शामिल किया गया। पूरी स्टार कास्ट और तकनीकी टीम के साथ फिल्म की शूटिंग की शुरुआत भी हो गई थी।
पारिवारिक असहमति और व्यक्तिगत रिश्तों का प्रभाव
फिल्म की शूटिंग के दौरान सोहेल खान और अभिनेत्री पूजा भट्ट के बीच नजदीकी बढ़ने लगी। उस दौर में दोनों के एक दूसरे को डेट करने की खबरें चर्चा में थीं और उनके रिश्ते को लेकर कई तरह की बातें की जा रही थीं। साल 1995 तक यह चर्चाएं काफी तेज हो गईं कि पूजा भट्ट जल्द ही सलीम खान के परिवार की बहू बन सकती हैं। हालांकि, परिवार के वरिष्ठ सदस्य सलीम खान इस रिश्ते से खुश नहीं थे और उन्होंने इसे अपनी स्वीकृति नहीं दी। पारिवारिक मंजूरी न मिलने के कारण सोहेल खान और पूजा भट्ट का यह रिश्ता टूट गया। इस व्यक्तिगत घटनाक्रम का सीधा असर फिल्म के प्रोडक्शन पर पड़ा। चूंकि पूजा भट्ट भी इस प्रोजेक्ट से जुड़ी हुई थीं, इसलिए उन्होंने फिल्म से अपनी दूरी बना ली।
40 फीसदी शूटिंग पूरी होने के बाद ठंडे बस्ते में गई फिल्म
पूजा भट्ट के अलग होने के बाद भी मेकर्स ने प्रोजेक्ट को आगे बढ़ाने और शूटिंग जारी रखने का प्रयास किया। टीम की कड़ी मेहनत के बल पर फिल्म की लगभग 40 फीसदी शूटिंग पूरी भी कर ली गई थी। लेकिन व्यक्तिगत और व्यावसायिक परिस्थितियों में आए बदलावों के कारण फिल्म पर संकट के बादल गहराते चले गए। लगातार कोशिशों के बावजूद स्थिति में सुधार नहीं हो सका और आखिरकार इस महत्वाकांक्षी प्रोजेक्ट को हमेशा के लिए रोक दिया गया। भारी मेहनत और लगभग आधी शूटिंग पूरी हो जाने के बाद भी यह फिल्म ठंडे बस्ते में चली गई और कभी सिनेमाघरों में रिलीज नहीं हो सकी।
नितेश तिवारी की नई रामायण से ताजा हुईं पुरानी यादें
आज के समय में जब जाने माने निर्देशक नितेश तिवारी की आगामी फिल्म रामायण को लेकर सिने जगत में भारी उत्साह बना हुआ है, तब सलमान खान की इस अधूरी फिल्म का जिक्र एक बार फिर शुरू हो गया है। नितेश तिवारी द्वारा बनाई जा रही भव्य फिल्म 6 नवंबर को बड़े पर्दे पर प्रदर्शित होने वाली है। इस नई फिल्म में रणबीर कपूर भगवान राम के किरदार को निभा रहे हैं, जबकि साई पल्लवी सीता की भूमिका में नजर आएंगी। इसके साथ ही कन्नड़ सुपरस्टार यश इस फिल्म में रावण का सशक्त किरदार निभाते हुए दिखाई देंगे। नई फिल्म की चर्चा के बीच तीन दशक पुराना यह किस्सा बॉलीवुड प्रेमियों के लिए एक यादगार अध्याय बन गया है।



















