छोटे खेतों में कीटनाशक और लिक्विड खाद का छिड़काव करना अक्सर किसानों के लिए सिरदर्द बन जाता है, लेकिन रांची की बिरसा एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी ने इसका आसान हल निकाल दिया है। यहां पीठ पर बैग की तरह लटकाने वाली एक खास मशीन बनाई गई है, जिसमें एक बार में 25 लीटर तक कीटनाशक या लिक्विड खाद भरा जा सकता है। इसकी सबसे बड़ी खूबी इसका पाइप है, जिससे एक ही जगह खड़े होकर 20 से 25 फीट दूर तक दवा का छिड़काव किया जा सकता है।
टेक्नीशियन रौनक के मुताबिक यह मशीन खासतौर पर उन किसानों को ध्यान में रखकर बनाई गई है, जो 2 से 3 एकड़ में खेती करते हैं। ऐसे किसानों के लिए छिड़काव हमेशा एक बड़ी चुनौती रहता है। कई बार उन्हें यह काम कराने के लिए मजदूर रखना पड़ता है, लेकिन इस मशीन की मदद से वही काम सिर्फ एक घंटे में निपट जाता है।
कंधे और कमर पर नहीं पड़ेगा बोझ
रौनक बताते हैं कि बैग को बेहद आरामदायक बनाया गया है। यह काफी मोटा और गद्देदार है, जिससे कंधे पर भारीपन महसूस नहीं होता। इसे पहनकर कमर में बांध लें तो यह इधर-उधर बिल्कुल नहीं हिलता। बस हाथ में पाइप पकड़िए और छिड़काव शुरू कर दीजिए। एक बार में 25 लीटर भरने की सुविधा है, लेकिन अगर वजन ज्यादा लगे तो 10 लीटर भरकर भी एक एकड़ जमीन में आराम से छिड़काव किया जा सकता है।
बैटरी वाली मोटर से मिलता है प्रेशर
इस मशीन में नीचे की तरफ एक छोटी सी मोटर भी लगी है, जो पाइप को प्रेशर देती है। इसी प्रेशर की वजह से एक जगह खड़े-खड़े पानी 20 से 25 फीट तक आसानी से पहुंच जाता है और किसान को ज्यादा मेहनत नहीं करनी पड़ती। यह मोटर बैटरी से चलती है और लंबे समय तक साथ देती है। ज्यादातर किसानों का काम एक से दो घंटे में पूरा हो जाता है, इसलिए बैटरी की चिंता करने की जरूरत नहीं।
कीमत और जानकारी
अगर दाम की बात करें तो इस मशीन की कीमत ₹15000 है। इसके बारे में ज्यादा जानकारी लेने के लिए किसान सीधे एग्रीकल्चर यूनिवर्सिटी आ सकते हैं, जहां उन्हें मशीन का डेमो भी दिखाया जाएगा। यहां इसके अलावा भी कई तरह की मशीनें मौजूद हैं, जिन्हें किसान आकर देख और समझ सकते हैं। इसके लिए उन्हें कृषि यंत्र विभाग में पहुंचना होगा।













