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चीन में मिली 2200 साल पुरानी बीयर, कब्र से निकले तरल ने चौंकायाचीन
17 अग॰ 2026, 7:52 pm (28 दिन पहले)· 1

चीन में मिली 2200 साल पुरानी बीयर, कब्र से निकले तरल ने चौंकाया

चीन के शानजियाबाओ कब्रिस्तान में पुरातत्वविदों को युद्धरत राज्यों के दौर की कब्र से लगभग 3.74 लीटर प्राचीन तरल बीयर मिली है जो हजारों साल बाद भी सुरक्षित है।

चीन में चल रही पुरातात्विक खुदाई के दौरान शोधकर्ताओं के हाथ एक ऐसा हैरान करने वाला खजाना लगा है जिसने प्राचीन खानपान के इतिहास को लेकर नए दरवाजे खोल दिए हैं। वैज्ञानिकों को करीब 2200 साल पुरानी एक कब्र से लगभग 3.74 लीटर तरल बीयर बरामद हुई है। सबसे बड़ा आश्चर्य इस बात का है कि इतनी लंबी अवधि बीत जाने के बावजूद यह पेय सूखा नहीं था, बल्कि अभी भी तरल अवस्था में ही मौजूद था।

शानजियाबाओ कब्रिस्तान में हुई अनोखी खोज

यह दिलचस्प खोज चीन के निंग्शिया हुई के शानजियाबाओ कब्रिस्तान क्षेत्र में की गई है। जब शोधकर्ता वहां जमीन की खुदाई कर रहे थे, तब उन्हें युद्धरत राज्यों के दौर यानी लगभग 475 से 221 ईसा पूर्व के कालखंड की कुल 183 कब्रें प्राप्त हुईं। इन्हीं में से एक विशेष कब्र की छानबीन करते समय उन्हें कांसे का एक बड़ा पात्र मिला। जब रिसर्चर ने उस बर्तन को खोलकर देखा तो उसके भीतर भारी मात्रा में तरल पदार्थ भरा हुआ पाया गया। प्रयोगशाला में हुई जांच के बाद यह स्पष्ट हो गया कि यह कोई आम पानी या रसायन नहीं, बल्कि सदियों पुरानी बीयर थी।

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बर्तन में मिली थी पंद्रह कप से ज्यादा बीयर

शोधकर्ताओं के अनुसार, उस कांसे के बर्तन में करीब 3.74 लीटर बीयर मौजूद थी, जो कुल मिलाकर 15 कप से भी अधिक बैठती है। इतिहास में इतनी बड़ी मात्रा में किसी प्राचीन मादक पेय का मिलना बेहद दुर्लभ घटना मानी जाती है। वैज्ञानिकों का कहना है कि उन्हें केवल इस पेय की भारी मात्रा को देखकर ही आश्चर्य नहीं हुआ, बल्कि इस बात ने भी उन्हें चकित कर दिया कि यह हजारों वर्षों तक इतनी बेहतरीन स्थिति में कैसे सुरक्षित रह गई।

कैसा था प्राचीन पेय का रूप और रंग

इस तरल की जांच करने पर पाया गया कि इसमें से किसी प्रकार की तेज या विशेष गंध नहीं आ रही थी। इसका रंग हल्का नीला-सफेद हरा सा था और देखने में यह तरल काफी हद तक साफ नजर आ रहा था। आधुनिक समय की शराब से इसकी तुलना करें तो यह काफी अलग थी।

बाजरे और अनाज से बनती थी प्राचीन बीयर

वैज्ञानिकों ने विभिन्न आधुनिक वैज्ञानिक तकनीकों का इस्तेमाल करके इस पेय के घटकों की जांच की। इस विश्लेषण के आधार पर उनका अनुमान है कि यह मुख्य रूप से बाजरे से तैयार की गई बीयर थी, या फिर इसे बाजरे के साथ गेहूं और जौ को मिलाकर बनाया गया कोई अल्कोहलिक पेय था। हालांकि, यह आज के दौर की तेज डिस्टिल्ड शराब जैसी बिल्कुल नहीं थी। शोधकर्ताओं ने स्पष्ट किया कि यह किण्वन यानी फर्मेंटेशन प्रक्रिया के जरिए तैयार किया गया एक हल्का अल्कोहलिक पेय था।

कبر में बीयर रखने के पीछे की मान्यता

इस खोज के बाद सबसे बड़ा सवाल यह उठता है कि आखिर किसी मृत व्यक्ति की कब्र में इतनी बड़ी मात्रा में बीयर क्यों रखी गई होगी। इस पर रिसर्चर का अनुमान है कि इसे संभवतः मृत व्यक्ति के साथ उसके परलोक के सफर के लिए रखा गया होगा। उस प्राचीन काल में लोगों की ऐसी धार्मिक या सांस्कृतिक मान्यता रही होगी कि मृत्यु के उपरांत भी आत्मा को खाने-पीने की वस्तुओं की आवश्यकता पड़ती होगी। यही वजह है कि करीब 2200 साल पहले किसी व्यक्ति को उसकी अंतिम यात्रा पर विदा करते समय उसके साथ बीयर का यह बर्तन भी रख दिया गया होगा।

हजारों साल तक क्यों नहीं खराब हुआ तरल

इतनी लंबी समयावधि तक किसी तरल पदार्थ का बिना खराब हुए बचे रहना अपने आप में एक अनोखा रहस्य है। इस बारे में वैज्ञानिकों का मानना है कि शानजियाबाओ क्षेत्र का सूखा और शुष्क वातावरण इसके संरक्षण में मददगार साबित हुआ होगा। इसके अतिरिक्त, कांसे के बर्तन की बनावट, उसे सील करने या बंद रखने का तरीका तथा कब्र के भीतर का विशेष पर्यावरण भी इस बीयर को सदियों तक सुरक्षित रखने में मुख्य रूप से जिम्मेदार रहे होंगे। वर्तमान में वैज्ञानिक यह समझने के लिए इस पर लगातार अध्ययन कर रहे हैं कि आखिर यह तरल इतने लंबे समय तक बिना नष्ट हुए कैसे टिक सका।

चीन में पहले भी मिल चुकी हैं प्राचीन शराब

यह पहली बार नहीं है जब चीन की धरती से इस तरह की प्राचीन बीयर बरामद हुई हो। इससे पहले साल 2024 में भी चीन के शान्शी प्रांत में लगभग 2300 साल पुरानी एक अन्य कब्र से बीयर के अवशेष मिले थे। उस प्राचीन पेय में गेहूं या जौ के साथ-साथ बाजरा, विभिन्न प्रकार की दालों और घास के बीजों के अंश पाए जाने के संकेत मिले थे।

चीन में शराब बनाने का है 9000 साल पुराना इतिहास

यदि चीन में मदिरा या शराब निर्माण के इतिहास को खंगाला जाए तो इसके प्रमाण और भी अधिक पुराने हैं। शोधकर्ताओं को हेनान प्रांत में लगभग 9000 साल पुराने मिट्टी के प्राचीन बर्तन मिले हैं, जिन पर चावल, शहद और विभिन्न फलों से तैयार की गई शराब के पुख्ता प्रमाण मौजूद हैं। इससे यह साबित होता है कि चीन में किण्वित पेय पदार्थों को बनाने की परंपरा हजारों साल पुरानी है।

सवाल-जवाब

चीन में कितनी पुरानी बीयर मिली है?
चीन में लगभग 2200 साल पुरानी बीयर की खोज की गई है।
यह प्राचीन बीयर कहाँ से बरामद हुई है?
यह खोज चीन के निंग्शिया हुई के शानजियाबाओ कब्रिस्तान में स्थित एक प्राचीन कब्र से हुई है।
कब्र से मिलने वाले तरल बीयर की मात्रा कितनी थी?
बर्तन के अंदर लगभग 3.74 लीटर या 15 कप से अधिक तरल बीयर मौजूद थी।
यह प्राचीन बीयर किस अनाज से बनाई गई थी?
शोधकर्ताओं का अनुमान है कि यह बाजरे या बाजरे के साथ गेहूं और जौ के मिश्रण से तैयार की गई थी।
हजारों साल तक यह बीयर खराब क्यों नहीं हुई?
स्थानीय सूखे वातावरण, कांसे के बर्तन और कब्र के भीतर की खास परिस्थितियों ने इसे सुरक्षित रखने में मदद की।
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