चेन्नई सुपर किंग्स के मुख्य कोच का पद छोड़ने के बाद न्यूजीलैंड के पूर्व कप्तान स्टीफन फ्लेमिंग अब इंग्लैंड की टेस्ट टीम के नए हेड कोच की रेस में सबसे आगे पहुंच गए हैं। इंग्लैंड और वेल्स क्रिकेट बोर्ड (ECB) ब्रैंडन मैकुलम को पद से हटाए जाने के बाद नई रेड-बॉल लीडरशिप तलाशने की प्रक्रिया को तेजी से आगे बढ़ा रहा है। आईपीएल में लगातार 16 वर्षों तक चेन्नई सुपर किंग्स को कोचिंग देने का विशाल अनुभव रखने वाले फ्लेमिंग को इस नई जिम्मेदारी के लिए सबसे उपयुक्त उम्मीदवार माना जा रहा है। इसी बीच, बेन स्टोक्स के टेस्ट क्रिकेट से संन्यास लेने के बाद टीम के नए कप्तान के रूप में जो रूट को फिर से जिम्मेदारी दिए जाने की प्रबल संभावना जताई जा रही है।
साउथ अफ्रीका दौरे से जिम्मेदारी संभालने की संभावना
इंग्लैंड के नए टेस्ट कोच के चयन की प्रक्रिया में स्टीफन फ्लेमिंग ने प्रतिस्पर्धा में शामिल अन्य दिग्गजों रिचर्ड डॉसन और जोनाथन ट्रॉट को पीछे छोड़ दिया है। हालांकि, फ्लेमिंग पाकिस्तान के खिलाफ आयोजित होने वाली आगामी टेस्ट श्रृंखला के दौरान यह पद नहीं संभालेंगे। इसके बजाय, उनके वर्ष 2026 में इंग्लैंड के साउथ अफ्रीका दौरे के समय शुरू होने वाली तीन मैचों की टेस्ट सीरीज से पूर्णकालिक रूप से मुख्य कोच का पदभार ग्रहण करने की उम्मीद जताई जा रही है। वर्तमान समय में ब्रैंडन मैकुलम की विदाई के बाद इंग्लैंड के पूर्व सलामी बल्लेबाज मार्कस ट्रेस्कोथिक अंतरिम हेड कोच की भूमिका निभा रहे हैं।
इंग्लैंड क्रिकेट इतिहास के 5वें गैर-ब्रिटिश कोच
यदि स्टीफन फ्लेमिंग की नियुक्ति पर आधिकारिक मुहर लग जाती है, तो वह इंग्लैंड की टेस्ट टीम का मार्गदर्शन करने वाले इतिहास के 5वें गैर-ब्रिटिश कोच बन जाएंगे। उनसे पहले विदेशी कोच के रूप में जिम्बाब्वे के डंकन फ्लेचर और एंडी फ्लावर, ऑस्ट्रेलिया के ट्रेवर बेलिस तथा न्यूजीलैंड के ब्रैंडन मैकुलम इंग्लैंड की टेस्ट टीम को अपनी सेवाएं दे चुके हैं। फ्लेमिंग का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कोचिंग देने का यह पहला अनुभव होगा, जिससे इस नियुक्ति को लेकर क्रिकेट जगत में काफी उत्सुकता देखी जा रही है।
आईपीएल में 5 ट्रॉफी और 16 साल का सफल करियर
विश्व क्रिकेट के बेहतरीन बाएं हाथ के सलामी बल्लेबाजों में गिने जाने वाले स्टीफन फ्लेमिंग का बतौर कोच रिकॉर्ड बेहद शानदार रहा है। वर्ष 2008 में आईपीएल के उद्घाटन सत्र में उन्होंने चेन्नई सुपर किंग्स के लिए बतौर खिलाड़ी भाग लिया था। इसके बाद वर्ष 2009 से लेकर 2026 तक वह आईपीएल में कोचिंग की भूमिका में रहे। इस दौरान उन्होंने 16 सीज़न तक चेन्नई सुपर किंग्स के हेड कोच की जिम्मेदारी संभाली, जबकि 2 वर्षों तक सीएसके पर प्रतिबंध रहने के दौरान वह राइजिंग पुणे सुपर जायंट्स के मुख्य कोच भी रहे। फ्लेमिंग के मार्गदर्शन में चेन्नई सुपर किंग्स ने 5 बार आईपीएल ट्रॉफी अपने नाम की। हालांकि फ्रैंचाइजी क्रिकेट में अपार सफलता के बावजूद उनके पास किसी अंतरराष्ट्रीय राष्ट्रीय टीम को प्रशिक्षित करने का पूर्व अनुभव नहीं है। ऐसे में यदि वह इंग्लैंड के टेस्ट हेड कोच बनते हैं, तो लाल गेंद के क्रिकेट में उनका प्रदर्शन सभी के आकर्षण का केंद्र रहेगा।



















