अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद ने पाकिस्तान महिला क्रिकेट टीम की कप्तान फातिमा सना के खिलाफ बड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की है। भारतीय ओपनर शेफाली वर्मा के खिलाफ एशिया कप मुकाबले के दौरान आचार संहिता तोड़ने के मामले में फातिमा सना को सजा भुगतनी पड़ी है। इस घटना के बाद से क्रिकेट जगत में काफी चर्चा हो रही है और खिलाड़ियों के मैदान पर आचरण को लेकर फिर से बहस छिड़ गई है।
मैच फीस पर जुर्माना और डिमेरिट अंक
आईसीसी की ओर से जारी आधिकारिक बयान के मुताबिक फातिमा सना पर उनकी कुल मैच फीस का 10 प्रतिशत जुर्माना लगाया गया है। इसके अलावा उनके अनुशासनात्मक रिकॉर्ड में एक डिमेरिट अंक भी जोड़ दिया गया है। यह कार्रवाई आईसीसी आचार संहिता के लेवल-1 के उल्लंघन के तहत की गई है, जो खिलाड़ियों के मैदान पर अनुचित व्यवहार या इशारों से जुड़ा हुआ है।
शेफाली वर्मा के विकेट से जुड़ा है विवाद
पूरा मामला भारत और पाकिस्तान के बीच खेले गए एशिया कप के एक रोमांचक मुकाबले का है। मैदान पर भारतीय ओपनर शेफाली वर्मा के विकेट के बाद पाकिस्तानी कप्तान का आचरण नियमों के दायरे से बाहर पाया गया। अंपायरों और मैच रेफरी ने स्थिति का जायजा लेने के बाद इस मामले को आईसीसी के समक्ष रखा, जिसके बाद यह सख्त कदम उठाया गया है।
टूर्नामेंट के दौरान बढ़ा तनाव
महिला एशिया कप 2026 के दौरान भारत और पाकिस्तान के बीच मुकाबला हमेशा से उच्च दबाव वाला रहा है। इस मैच के दौरान मैदान पर दोनों टीमों के खिलाड़ियों के बीच तीखी नोकझोक देखने को मिली। फातिमा सना द्वारा भारतीय खिलाड़ी के साथ किया गया बर्ताव खेल भावना के विपरीत माना गया, जिसके चलते उन्हें आर्थिक दंड के साथ-साथ डिमेरिट अंक का सामना करना पड़ा है।



















