भारतीय टीम को इंग्लैंड के खिलाफ खेली जा रही 5 मैचों की टी20 सीरीज के दूसरे मुकाबले में मैनचेस्टर के ओल्ड ट्रैफर्ड मैदान पर चार विकेट से हार का सामना करना पड़ा है, जिसके बाद टीम सीरीज में 0-1 से पिछड़ गई है. इस हार के साथ ही कप्तान श्रेयस अय्यर के नाम भारतीय क्रिकेट इतिहास का एक ऐसा रिकॉर्ड दर्ज हो गया है, जिसे कोई भी कप्तान अपने नाम नहीं करना चाहेगा.
पहले चार मैचों में जीत की तलाश अधूरी
श्रेयस अय्यर ने आयरलैंड के दौरे से भारतीय टी20 टीम की पूर्णकालिक कमान संभाली थी. आयरलैंड में भारत ने दो मैच खेले और पहली बार किसी सीरीज में टीम को क्लीन स्वीप का सामना करना पड़ा. इसके बाद इंग्लैंड दौरे का पहला मैच बारिश की भेंट चढ़ गया और खेला ही नहीं जा सका. मैनचेस्टर में हुआ यह मुकाबला अय्यर की कप्तानी में उनका चौथा टी20 इंटरनेशनल मैच था, लेकिन इसमें भी टीम को जीत हासिल नहीं हो सकी. यानी कप्तानी संभालने के बाद से अब तक अय्यर को एक भी मुकाबले में जीत का स्वाद चखने को नहीं मिला है.
भारतीय क्रिकेट में पहली बार दर्ज हुआ ऐसा आंकड़ा
श्रेयस अय्यर भारत की तरफ से कम से कम तीन या उससे ज्यादा टी20 इंटरनेशनल मैचों में कप्तानी करने वाले 12वें खिलाड़ी बने हैं. लेकिन इन 12 कप्तानों की फेहरिस्त में अय्यर अकेले ऐसे कप्तान हैं, जो अपनी कप्तानी के शुरुआती चार मैचों में से एक भी मैच जीतने में कामयाब नहीं हुए. कप्तानी के इस बेहद खराब सफर ने अय्यर को इतिहास के पन्नों में एक ऐसे आंकड़े के साथ दर्ज कर दिया है, जो उनकी नेतृत्व क्षमता पर सवाल भी खड़े कर सकता है. गौर करने वाली बात यह है कि आईपीएल में लगातार दमदार कप्तानी दिखाने के बाद ही सेलेक्टरों ने उन्हें टीम इंडिया की टी20 कमान सौंपी थी, लेकिन कप्तानी की ऐसी बदकिस्मत शुरुआत का अंदाजा शायद ही किसी को रहा होगा.
2021 के बाद पहली बार तीन मैचों में लगातार हार
श्रेयस अय्यर की कप्तानी में टीम इंडिया की हार सिर्फ एक मैच तक सीमित नहीं रही है. भारत ने लगातार तीन टी20 इंटरनेशनल मैच गंवा दिए हैं. साल 2021 के बाद यह पहला मौका है, जब भारतीय टीम को लगातार तीन टी20 मैचों में करारी हार का सामना करना पड़ा है. हार की इस हैट्रिक ने पूरी टीम के मनोबल को गहरा झटका दिया है.
इंग्लैंड ने भारत के खिलाफ रचा नया इतिहास
मैनचेस्टर में खेले गए इस मुकाबले में भारतीय गेंदबाजों का प्रदर्शन बेहद निराशाजनक रहा. भारत ने इंग्लैंड के सामने 191 रनों का बड़ा लक्ष्य रखा था, लेकिन श्रेयस अय्यर की कप्तानी में भारतीय गेंदबाजी इस टारगेट का बचाव करने में पूरी तरह नाकाम रही. टी20 इंटरनेशनल क्रिकेट के इतिहास में यह इंग्लैंड की तरफ से भारत के खिलाफ सफलतापूर्वक चेज किया गया अब तक का सबसे बड़ा लक्ष्य बन गया है. इससे पहले साल 2012 में इंग्लैंड ने मुंबई के वानखेड़े स्टेडियम में भारत के खिलाफ 178 रनों का लक्ष्य चेज किया था, जो उस समय तक उनका सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन था. अब भारत के सामने चुनौती यही होगी कि बचे हुए मैचों में वापसी की जाए, हालांकि लगातार तीन हार से हुआ नुकसान भरना आसान नहीं होगा.













