भारतीय क्रिकेट टीम के अनुभवी बल्लेबाज विराट कोहली वेस्टइंडीज के खिलाफ आगामी तीन मैचों की वनडे सीरीज में मैदान पर उतरने की पूरी तैयारी कर चुके हैं। इस महत्वपूर्ण द्विपक्षीय श्रृंखला की शुरुआत 27 सितंबर को तिरुवनंतपुरम के मैदान पर पहले मुकाबले के साथ होने जा रही है। कैरेबियाई टीम के गेंदबाजों के खिलाफ कोहली का पिछला बल्ला हमेशा प्रभावशाली साबित हुआ है, जिसके चलते क्रिकेट प्रेमियों की नजरें एक बार फिर उनके प्रदर्शन पर टिकी रहने वाली हैं। इस घरेलू श्रृंखला के दौरान भारतीय बल्लेबाज के सामने क्रिकेट इतिहास के कई दिग्गज खिलाड़ियों के व्यक्तिगत कीर्तिमानों को पीछे छोड़ने का सुनहरा मौका रहेगा।
वनडे प्रारूप में सबसे तेज 15000 रनों का जादुई पड़ाव
तिरुवनंतपुरम में पहले मुकाबले के दौरान जब विराट कोहली क्रीज पर कदम रखेंगे, तब उनके सामने वनडे क्रिकेट में सबसे तेजी से 15000 रन पूरे करने का ऐतिहासिक मुकाम होगा। इस विशाल आंकड़े तक पहुंचने के लिए कोहली को सिर्फ 59 रनों की दरकार है। अपने अब तक के करियर में उन्होंने 314 एकदिवसीय मुकाबलों की 302 पारियों में कुल 14941 रन बनाए हैं। इस प्रारूप में उनके नाम 54 शतक और 79 अर्धशतक भी दर्ज हैं। एकदिवसीय मैचों में सबसे तेज गति से इस आंकड़े को छूने की उपलब्धि इससे पहले सचिन तेंदुलकर के नाम दर्ज रही है, जिन्होंने अपनी 377वीं पारी में 15000 रन बनाए थे। एकदिवसीय अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सर्वाधिक रनों का सर्वोच्च शिखर भी सचिन के पास ही है, जिन्होंने अपने पूरे करियर के 463 मुकाबलों में 18426 रन जुटाए थे।
वेस्टइंडीज के विरुद्ध अंतरराष्ट्रीय शतकों में सुनील गावस्कर को पछाड़ने का अवसर
कैरेबियाई टीम के खिलाफ बल्ले से शानदार प्रदर्शन करने वाले विराट कोहली के निशाने पर अंतरराष्ट्रीय शतकों की एक और विशेष सूची होगी। वेस्टइंडीज के खिलाफ अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में सबसे ज्यादा शतक जड़ने का कीर्तिमान फिलहाल पूर्व भारतीय सलामी बल्लेबाज सुनील गावस्कर के नाम दर्ज है, जिन्होंने इस टीम के खिलाफ कुल 12 अंतरराष्ट्रीय शतक लगाए हैं। वर्तमान में विराट कोहली भी 9 टेस्ट शतक और 3 एकदिवसीय शतकों की बदौलत कुल 12 शतक लगाकर गावस्कर के साथ बराबरी पर खड़े हैं। यदि इस तीन मैचों की सीरीज में कोहली के बल्ले से एक और शतकीय पारी निकलती है, तो वह गावस्कर को पीछे छोड़कर इस सूची में पहले पायदान पर पहुंच जाएंगे।
घरेलू मैदानों पर सर्वाधिक अंतरराष्ट्रीय शतक का मुकाम
भारतीय पिचों पर अपनी टीम के लिए खेलते हुए सर्वाधिक अंतरराष्ट्रीय शतक बनाने के मामले में भी कोहली इतिहास रचने की दहलीज पर हैं। घरेलू मैदानों पर तीनों प्रारूपों को मिलाकर विराट अब तक 41 अंतरराष्ट्रीय शतक अपने खाते में दर्ज करा चुके हैं। भारतीय जमीन पर सबसे ज्यादा अंतरराष्ट्रीय शतक लगाने की उपलब्धि सचिन तेंदुलकर के नाम है, जिनके खाते में कुल 42 शतक हैं। यदि कोहली आगामी सीरीज की तीन पारियों में दो शतक लगाने में सफल रहते हैं, तो वह घरेलू सरजमीं पर सचिन के 42 शतकों के रिकॉर्ड को पीछे छोड़ देंगे।
तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए 13000 रनों का आंकड़ा
मध्यक्रम में भारतीय टीम के लिए तीसरे क्रम पर बल्लेबाजी करते हुए विराट कोहली ने लंबे समय तक टीम को स्थिरता दी है। इस सीरीज में उनके पास तीसरे नंबर पर बल्लेबाजी करते हुए कुल 13000 रन पूरे करने का अवसर रहेगा। तीसरे नंबर की पोजीशन पर बल्लेबाजी करते हुए कोहली ने अब तक कुल 12820 रन अपने नाम किए हैं। इस खास मुकाम को छूने के लिए उन्हें श्रृंखला के दौरान कुल 247 रनों की आवश्यकता होगी।
घरेलू जमीन पर वनडे में सचिन के रनों को पीछे छोड़ने की चुनौती
घरेलू सरजमीं पर एकदिवसीय प्रारूप में सर्वाधिक रन बनाने वाले बल्लेबाजों की सूची में भी शीर्ष स्थान पर फेरबदल हो सकता है। फिलहाल भारतीय मैदानों पर सबसे अधिक वनडे रन बनाने का रिकॉर्ड सचिन तेंदुलकर के नाम है, जिन्होंने भारत में खेलते हुए कुल 6976 रन बनाए थे। इसके विपरीत विराट कोहली ने अब तक घरेलू पिचों पर कुल 6867 वनडे रन बनाए हैं। सचिन के इस लंबे समय से कायम घरेलू रिकॉर्ड को तोड़ने के लिए कोहली को आगामी सीरीज में केवल 110 रनों की दरकार है।
















