बिहार के छपरा जिले में कृषि के क्षेत्र में एक अनोखा प्रयोग देखने को मिला है, जहां एक किसान ने अपनी सूझबूझ से खेती को एक नया आयाम दिया है। जिले के गरखा प्रखंड के अंतर्गत आने वाले नराव गांव निवासी हेमंत सिंह ने अपने घर की चारदीवारी पर ड्रैगन फ्रूट के पौधे लगाए हैं, जो इन दिनों क्षेत्र में चर्चा का विषय बने हुए हैं। उनका यह अनूठा प्रयास आसपास के अन्य किसानों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत बन गया है और लोग उनसे इस तकनीक की जानकारी लेने पहुंच रहे हैं।
कृषि विभाग से जुड़ाव और अनुभव
किसान हेमंत सिंह ने अपनी औपचारिक शिक्षा पूरी करने के बाद कृषि के क्षेत्र में ही महारत हासिल की है। वर्तमान में वह कृषि विभाग में अपनी सेवाएं दे रहे हैं और उन्हें अक्सर विभागीय योजनाओं के तहत किसानों को प्रशिक्षित करने का अवसर मिलता रहता है। इसी व्यावहारिक अनुभव और तकनीकी ज्ञान का उपयोग करते हुए उन्होंने अपने आवास पर कई तरह की नकदी फसलों को एक विशेष शैली में विकसित किया है। उन्हें बागवानी का काफी पुराना और समृद्ध अनुभव है, जिसके तहत वह आम, केला और पपीता जैसे फलों के साथ-साथ इमारती लकड़ी के बगीचे भी सफलतापर्वक तैयार कर चुके हैं।
चारदीवारी पर खेती के तीन बड़े फायदे
हेमंत सिंह ने इस बात पर प्रकाश डाला कि घर की चारदीवारी पर ड्रैगन फ्रूट उगाने से एक साथ तीन बड़े लाभ मिलते हैं। सबसे पहले तो यह पौधों और गुलाबी रंग के फलों की वजह से घर की खूबसूरती को चार चांद लगा देता है। दूसरा मुख्य फायदा यह है कि परिवार के सदस्यों को बिल्कुल ताजा फल खाने को मिल जाता है। इसके अलावा, इसकी प्रकृति ऐसी है कि यह सुरक्षा कवच का भी काम करता है। पौधों में मौजूद नुकीले कांटे किसी भी बाहरी व्यक्ति या आवारा पशुओं को घर की सीमा में प्रवेश करने से रोकते हैं, जिससे पूरी सुरक्षा बनी रहती है।
कम लागत और आसान देखभाल
इस अनूठी खेती को करने में खर्च बेहद कम आता है, जिससे यह आर्थिक रूप से भी काफी फायदेमंद साबित होती है। पौधों की बेहतरीन ग्रोथ और अच्छी पैदावार के लिए जैविक खाद और पुराने गोबर का इस्तेमाल किया जाता है, जिससे फलों की क्वालिटी और बेहतर हो जाती है। घर की चारदीवारी इन पौधों की बेलों को ऊपर चढ़ने के लिए एक आदर्श ढांचा प्रदान करती है, जिससे पौधों के विकास में किसी प्रकार की बाधा नहीं आती है और वे आसानी से फल देने लगते हैं। इस प्रकार कम जगह और कम लागत में यह अभिनव तरीका किसानों के लिए मुनाफे का सौदा साबित हो रहा है।


















