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आस्था कुंज पार्क में नाबालिग से दरिंदगी की पूर्व-नियोजित साजिश, हथियारों के साथ पहुंचे थे तीनों आरोपीअपराध
24 सित॰ 2026, 9:02 am (7 दिन पहले)· 0

आस्था कुंज पार्क में नाबालिग से दरिंदगी की पूर्व-नियोजित साजिश, हथियारों के साथ पहुंचे थे तीनों आरोपी

कालकाजी के आस्था कुंज पार्क में नाबालिग से गैंगरेप मामले में चौंकाने वाले तथ्य सामने आए हैं। आरोपी हथियारों के साथ योजना बनाकर पहुंचे थे और वारदात के बाद सबूत मिटाने की कोशिश भी की थी।

राष्ट्रीय राजधानी के कालकाजी इलाके में स्थित आस्था कुंज पार्क में एक नाबालिग छात्रा के साथ हुए सामूहिक दुष्कर्म मामले की जांच में कई सनसनीखेज पहलू सामने आए हैं। पुलिस छानबीन के मुताबिक, तीनों आरोपियों ने इस घिनौने अपराध को अचानक अंजाम नहीं दिया था, बल्कि वे पूरी तैयारी के साथ शिकार की तलाश में निकले थे। वारदात को अंजाम देने से पहले तीनों आरोपी करीब 45 मिनट तक 142 एकड़ में फैले विशाल पार्क के अलग-अलग कोनों में घूमते रहे और ऐसे किसी जोड़े की तलाश करते रहे जिसे डराया-धमकाया जा सके। घटना के समय उनके पास कम से कम दो घातक हथियार, जिनमें एक बंदूक और एक चाकू शामिल था, मौजूद थे। इसके अलावा उनके पास कंडोम भी मिला, जिससे साफ संकेत मिलता है कि यह सुनियोजित तरीके से रची गई साजिश थी।

जन्मदिन पर दर्शन करने आई छात्रा बनी शिकार

पीड़िता हरियाणा की रहने वाली है और कक्षा 11वीं की छात्रा है। वह सोमवार को अपने 17वें जन्मदिन के मौके पर कालकाजी मंदिर में दर्शन और पूजा-अर्चना करने दिल्ली आई थी। उसके साथ उसका 17 वर्षीय दोस्त भी था। शाम करीब 7:00 बजे मंदिर में दर्शन समाप्त करने के बाद दोनों लगभग 7:15 से 7:30 बजे के बीच मंदिर के समीप स्थित आस्था कुंज पार्क में टहलने चले गए। दोनों पार्क के एक शांत कोने में बैठे बातचीत कर रहे थे। उसी दौरान तीनों आरोपी आसिफ, मुकेश और हेमंत सिंह वहां आ धमके। आरोपियों ने खुद को पुलिसकर्मी बताकर दोनों नाबालिगों को बुरी तरह डराया, उन पर दबाव बनाया और फिर लड़की के साथ सामूहिक दुष्कर्म की घिनौनी वारदात को अंजाम दिया।

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आरोपी आसिफ का पुराना आपराधिक रवैया

स्थानीय निवासियों, पार्क के सुरक्षा गार्ड्स और नियमित रूप से वहां टहलने आने वाले लोगों ने पूछताछ में बताया कि आरोपी आसिफ इलाके में दबंगई दिखाता था और पार्क में खुलेआम घूमता रहता था। लोगों के अनुसार, आसिफ इससे पहले भी पार्क में बैठे एक युगल को चाकू दिखाकर धमका चुका था। उस वक्त वह अकेला था, जिसके कारण कोई बड़ी वारदात नहीं हो पाई थी। पार्क के कर्मचारियों और सुरक्षाकर्मियों को उस दौरान मौखिक तौर पर शिकायतें भी दी गई थीं, हालांकि थाने में कोई औपचारिक लिखित रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई गई थी।

एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी ने इस संदर्भ में बताया कि लोगों की ओर से यह बात सामने आई है कि आसिफ अक्सर चाकू लेकर घूमता दिखता था। पुलिस अब इस पहलू की भी गहराई से पड़ताल कर रही है कि क्या तीनों आरोपी मिलकर पार्क में आने वाले जोड़ों को नियमित रूप से ब्लैकमेल या परेशान करते थे। चूंकि पूर्व में कोई आधिकारिक लिखित शिकायत नहीं मिली थी, इसलिए पुलिस अब अतिरिक्त साक्ष्य जुटाने में लगी हुई है ताकि इनके पिछले कृत्यों की कड़ियां जोड़ी जा सकें।

मुठभेड़ के बाद गिरफ्तारी और हथियारों की बरामदगी

घटना की सूचना मिलने के बाद दिल्ली पुलिस ने तत्परता दिखाते हुए इलाके के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली और कॉल डिटेल रिकॉर्ड्स की मदद से आरोपियों की गतिविधियों का सुराग लगाया। पुलिस टीमों ने तलाश तेज की तो मंगलवार सुबह लगभग 6:00 बजे अमर कॉलोनी इलाके में आरोपी आसिफ को एक मुठभेड़ के बाद दबोच लिया गया। तलाशी के दौरान उसके कब्जे से एक गैर-कानूनी बिना लाइसेंस वाली पिस्तौल और एक चाकू बरामद हुआ। आसिफ से मिली जानकारी के आधार पर पुलिस ने अन्य दो आरोपियों मुकेश और हेमंत को श्रीनिवासपुरी स्थित उनके आवास से गिरफ्तार कर लिया।

वारदात के बाद सबूत मिटाने की साजिश

जांच में यह भी स्पष्ट हुआ है कि वारदात को अंजाम देने के बाद आरोपियों ने पकड़े जाने से बचने के पूरे हथकंडे अपनाए थे। जैसे ही आसिफ को भनक लगी कि पुलिस उसकी धरपकड़ में जुट चुकी है, उसने दिल्ली छोड़कर भागने की कोशिश शुरू कर दी थी। दूसरी तरफ, दोनों सगे भाई मुकेश और हेमंत वारदात के तुरंत बाद एक भोजनालय में खाना खाने गए। वहां से दोनों श्रीनिवासपुरी स्थित अपने घर पहुंचे और साक्ष्य नष्ट करने के इरादे से घटना के वक्त पहने गए अपने कपड़े तुरंत धो डाले।

पुलिस ने आरोपियों के घर से धुले हुए कपड़े और मोबाइल फोन जब्त कर लिए हैं। जांच अधिकारियों ने पाया कि आरोपियों ने अपने फोन से बहुत सारा डिजिटल डेटा मिटा दिया था। पुलिस अब डिलीट किए गए डेटा, चैट और कॉल रिकॉर्ड्स को पुनः प्राप्त करने के लिए उपकरणों को फॉरेंसिक साइंस लैबोरेटरी भेज रही है। आसिफ के मोबाइल फोन से आपत्तिजनक और अश्लील सामग्री भी बरामद हुई है, जिसकी विस्तृत रिपोर्ट फॉरेंसिक टीम से मांगी गई है।

आरोपियों की पृष्ठभूमि और शैक्षणिक दावे

आरोपियों की पारिवारिक और शैक्षणिक पृष्ठभूमि की पड़ताल करने पर कुछ चौंकाने वाले तथ्य मिले हैं। पूछताछ के दौरान हेमंत ने दावा किया कि उसने रोहतक स्थित एक सरकारी विश्वविद्यालय से वर्ष 2014-15 में विधि की पढ़ाई पूरी की थी और वर्तमान में वह प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा है। वहीं उसका भाई मुकेश पलवल के एक कॉलेज में बैचलर ऑफ साइंस गणित विषय से अंतिम वर्ष का छात्र है। पड़ोसियों ने खुलासा किया कि दोनों भाई पढ़ाई की आड़ में पिछले कई वर्षों से अधिकांश समय इसी पार्क में आवारागर्दी करते हुए बिताते थे। दूसरी ओर, मुख्य आरोपी आसिफ के पास से मिली अवैध पिस्तौल काफी पुरानी है और वह वर्षों से गैर-कानूनी हथियार अपने पास रख रहा था।

अन्य पीड़ितों की तलाश में जुटी पुलिस

जांच एजेंसी अब इस बात की भी सघन जांच कर रही है कि क्या इन आरोपियों ने पहले भी आस्था कुंज पार्क या आसपास के इलाकों में अन्य महिलाओं अथवा जोड़ों को अपना निशाना बनाया था। आरोपी जिस तरह से हथियार लेकर घूमते थे और खुद को फर्जी पुलिसकर्मी बताकर लोगों को धमकाते थे, उससे अंदेशा है कि कई अन्य पीड़ित बदनामी या डर के कारण सामने नहीं आए होंगे। पुलिस आरोपियों को रिमांड पर लेकर उनके संपूर्ण आपराधिक रिकॉर्ड और अनसुलझे मामलों की कड़ियां जोड़ने में जुटी है।

सवाल-जवाब

आस्था कुंज पार्क में वारदात को अंजाम देने वाले आरोपी कौन हैं?
इस मामले में आसिफ, मुकेश और हेमंत सिंह नाम के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है, जिनमें मुकेश और हेमंत सगे भाई हैं।
घटना के समय पीड़िता कहां से आई थी?
पीड़िता हरियाणा की रहने वाली 11वीं कक्षा की 17 वर्षीय छात्रा है, जो अपने जन्मदिन पर कालकाजी मंदिर में दर्शन करने आई थी।
आरोपियों को पुलिस ने कब और कैसे पकड़ा?
पुलिस ने मंगलवार सुबह अमर कॉलोनी में मुठभेड़ के बाद आसिफ को पकड़ा और उसकी निशानदेही पर मुकेश और हेमंत को श्रीनिवासपुरी स्थित उनके घर से गिरफ्तार किया।
वारदात के बाद आरोपियों ने क्या किया था?
वारदात के बाद मुकेश और हेमंत ने एक रेस्तरां में खाना खाया, फिर घर जाकर कपड़े धोए और फोन का डेटा मिटाया, जबकि आसिफ भागने की फिराक में था।
आरोपियों से क्या हथियार और वस्तुएं बरामद हुईं?
पुलिस ने आरोपियों के पास से एक गैर-कानूनी पिस्तौल, एक चाकू, आपत्तिजनक फोन और वारदात के समय पहने गए धुले हुए कपड़े बरामद किए हैं।
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