उत्तर प्रदेश के नोएडा के थाना सेक्टर-142 क्षेत्र के अंतर्गत आने वाले सेक्टर-137 में स्थित गुलशन विवांते सोसाइटी में शुक्रवार की देर रात एक गंभीर दुर्घटना घटी। यहां एक ऊंची इमारत से नीचे गिरने के कारण 20 साल की एक घरेलू सहायिका की मौके पर ही मौत हो गई। इस दुखद घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस बल तुरंत मौके पर पहुंचा और शव को अपने कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए अस्पताल भेज दिया। घटना के बाद से ही आवासीय परिसर और आसपास के इलाके में हड़कंप मच गया है।
10वें फ्लोर पर काम करती थी मोनिका
प्राप्त जानकारी के अनुसार, इस दुर्घटना में जान गंवाने वाली युवती का नाम मोनिका था। वह इस सोसाइटी के 10वें फ्लोर पर रहने वाले गिरधारी लाल के घर में घरेलू सहायिका के रूप में काम करती थी। शुक्रवार की देर रात अचानक बहुमंजिला इमारत की ऊंचाई से नीचे गिरने के कारण उसकी घटनास्थल पर ही मौत हो गई। जैसे ही इस हादसे की खबर थाना सेक्टर-142 पुलिस को मिली, टीम ने फौरन मौके पर पहुंचकर शव को अपने कब्जे में लिया और पोस्टमार्टम के लिए भिजवा दिया। पुलिस अधिकारियों ने मृतका के परिजनों को इस घटना की सूचना दे दी है। इस पूरे मामले की गंभीरता और संवेदनशीलता को देखते हुए एक फोरेंसिक टीम ने भी घटनास्थल का दौरा किया और वहां से जरूरी साक्ष्य एकत्र किए हैं।
एसीपी राजीव कुमार गुप्ता ने दी जानकारी
इस पूरे प्रकरण पर बात करते हुए सहायक पुलिस आयुक्त यानी एसीपी राजीव कुमार गुप्ता ने बताया कि गिरधारी लाल के आवास पर काम करने वाली मोनिका की ऊंचाई से नीचे गिरने के कारण जान गई है। पुलिस इस मामले की तह तक जाने के लिए सभी संभावित पहलुओं को ध्यान में रखकर गहराई से जांच कर रही है। एसीपी राजीव कुमार गुप्ता के अनुसार, अभी यह स्पष्ट रूप से नहीं कहा जा सकता कि यह महज एक दुर्घटना थी या फिर युवती ने खुदकुशी की है। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यदि मृतका के परिवार के सदस्य इस संबंध में कोई लिखित शिकायत दर्ज कराते हैं, तो पुलिस उसी के आधार पर औपचारिक मामला दर्ज कर आगे की कानूनी कार्रवाई को अंजाम देगी।
मौके पर स्थानीय लोगों की भीड़ और हत्या की आशंका
इमारत की ऊंचाई से एक युवती के नीचे गिरने की खबर जैसे ही फैली, सोसाइटी के भीतर और आसपास के इलाकों से भारी संख्या में लोग घटनास्थल पर जमा हो गए। वहां इकट्ठा हुए कुछ स्थानीय लोगों ने इस घटना को लेकर हत्या की आशंका भी जताई है। हालांकि, पुलिस का यही कहना है कि वे किसी एक दिशा में सोचने के बजाय सभी तरह की संभावनाओं को खुला रखकर मामले की पूरी छानबीन कर रहे हैं, ताकि सच्चाई सामने आ सके।



















