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महिला आंदोलनकारियों से बदसलूकी के दावे निराधार, दिल्ली पुलिस ने दी सफाईदिल्ली
6 अक्तू॰ 2026, 8:04 am (2 घंटे पहले)· 1

महिला आंदोलनकारियों से बदसलूकी के दावे निराधार, दिल्ली पुलिस ने दी सफाई

दिल्ली पुलिस ने महिला प्रदर्शनकारियों के साथ मारपीट के आरोपों को खारिज करते हुए कहा कि कानूनन केवल महिला स्टाफ ही उन्हें संभालता है।

राजधानी में प्रदर्शनकारियों की धरपकड़ के दौरान महिला आंदोलनकारियों के साथ बदसलूकी और मारपीट के दावों पर दिल्ली पुलिस ने कड़ा रुख अपनाया है। नई दिल्ली जिले के पुलिस उपायुक्त (DCP) ने डिजिटल मंचों पर चल रहे इन आरोपों को सिरे से नकारते हुए इन्हें पूरी तरह तथ्यहीन और भ्रामक करार दिया है। इस संबंध में DCP नई दिल्ली ने एक्स पर जारी आधिकारिक बयान में स्पष्ट किया कि पुलिस बल का हर कदम तय कानूनी मर्यादाओं के दायरे में होता है।

कानूनी कायदों और महिला स्टाफ की देखरेख में हुई कार्रवाई

पुलिस प्रशासन ने विस्तार से बताया कि जब भी महिला प्रदर्शनकारियों को नियंत्रित करने अथवा हिरासत में लेने की आवश्यकता पड़ती है, तो यह जिम्मेदारी केवल प्रशिक्षित महिला पुलिसकर्मियों को ही सौंपी जाती है। उनके साथ सदैव शालीन, सम्मानजनक और विधिसम्मत व्यवहार किया जाता है। पुलिस ने रेखांकित किया कि प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लेने से लेकर उन्हें मुक्त करने तक का समूचा घटनाक्रम प्रासंगिक कानूनों और निर्धारित कार्यप्रणाली के तहत ही पूरा किया जाता है। इसमें किसी भी तरह की मनमानी या नियम उल्लंघन की गुंजाइश नहीं रहती।

निर्धारित मियाद में रिहा किए गए पुरुष प्रदर्शनकारी

प्रशासन ने स्पष्ट किया कि हिरासत में लिए गए पुरुष आंदोलनकारियों को भी कानूनी औपचारिकताएं पूरी करने के बाद तय समय सीमा के भीतर रिहा कर दिया गया था। पुलिस के अनुसार, सोशल मीडिया पर प्रसारित किए जा रहे विवरण जमीनी हकीकत से कोसों दूर हैं और घटनाक्रम की वास्तविक स्थिति को पूरी तरह तोड़-मरोड़ कर पेश कर रहे हैं। आम नागरिकों से अपील की गई है कि वे इंटरनेट पर फैल रही अपुष्ट तस्वीरों या वीडियो के आधार पर निष्कर्ष न निकालें, बल्कि केवल प्रमाणित तथ्यों पर ही विश्वास करें।

सीजेपी का 10 अक्टूबर को जंतर-मंतर पर बड़ा प्रदर्शन

इस बीच, चुनावी सुधारों को लेकर राजधानी में राजनीतिक तापमान भी बढ़ने लगा है। कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) ने शनिवार को ऐलान किया कि 10 अक्टूबर को नई दिल्ली में उसका प्रस्तावित प्रदर्शन पूरी तरह शांतिपूर्ण ढंग से आयोजित किया जाएगा। पार्टी ने स्वतंत्र एवं निष्पक्ष चुनाव प्रणाली के समर्थकों से इस आंदोलन में शामिल होने का आह्वान किया है। CJP का कहना है कि यदि मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार अपने पद से त्यागपत्र नहीं देते हैं, तो यह प्रदर्शन तय तारीख पर शुरू होगा।

ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग पर अड़ी CJP

मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) की प्रक्रिया में कथित गड़बड़ियों का हवाला देते हुए CJP लगातार मुख्य निर्वाचन आयुक्त के इस्तीफे पर जोर दे रही है। पार्टी के संस्थापक एवं संयोजक अभिजीत दीपके ने शनिवार को बयान जारी कर कहा कि यदि ज्ञानेश कुमार अपने पद से नहीं हटते हैं, तो देश भर से नागरिक और पार्टी कार्यकर्ता नई दिल्ली में जुटेंगे और ऐतिहासिक जंतर-मंतर पर एक विशाल धरना-प्रदर्शन करेंगे।

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सवाल-जवाब

दिल्ली पुलिस ने महिला प्रदर्शनकारियों को लेकर क्या बयान दिया है?
DCP नई दिल्ली ने स्पष्ट किया कि महिला आंदोलनकारियों के साथ मारपीट के दावे बेबुनियाद हैं और उन्हें केवल महिला पुलिसकर्मियों द्वारा नियमानुसार संभाला गया।
हिरासत में लिए गए पुरुष प्रदर्शनकारियों का क्या हुआ?
पुलिस के अनुसार पुरुष प्रदर्शनकारियों को कानूनी प्रक्रिया पूरी करते हुए तय समय सीमा के भीतर रिहा कर दिया गया था।
कॉकरोच जनता पार्टी 10 अक्टूबर को प्रदर्शन क्यों कर रही है?
पार्टी मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (SIR) में कथित अनियमितताओं को लेकर मुख्य निर्वाचन आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रही है।
CJP के संस्थापक और संयोजक कौन हैं?
CJP के संस्थापक एवं संयोजक अभिजीत दीपके हैं, जिन्होंने शनिवार को बयान जारी कर जंतर-मंतर पर प्रदर्शन की घोषणा की।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 4

Arjun Mehta@arjun-mehta·33 मिनट पहले

पुलिस अपनी सफाई दे रही है, पर 10 अक्टूबर का जंतर-मंतर वाला प्रदर्शन अब सरकार के लिए बड़ी चुनौती बनने वाला है।

Vikram Yadav@vikram-yadav·33 मिनट पहले

अर्जुन भाई, चुनौती तो ठीक है, पर मुझे लगता है कि 10 अक्टूबर तक मामला शायद इतना बड़ा न खिंच पाए।

Karan Malhotra@karan-malhotra·59 मिनट पहले

10 अक्टूबर के जंतर-मंतर वाले प्रदर्शन पर सबकी नज़र रहेगी।

Rohan Verma@rohan-verma·58 मिनट पहले

करण भाई, बात तो सही है। पर क्या सच में 10 अक्टूबर को ये प्रदर्शन बिना किसी रुकावट के शांति से हो पाएगा?

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