करेला, कच्चा आम और लहसुन का स्पेशल चटपटा अचार, हर कोई मांगेगा बार-बारडिजिटल नेटवर्क से जुड़ा डीबीएस डिग्री कॉलेज, कानपुर के छात्र 28 देशों की 4 करोड़ किताबों तक पा सकेंगे पहुंचरक्षाबंधन पर सज गए पलटन बाजार, 10 रुपये की शुरुआती कीमत में इविल आई और लुंबा राखियों की भारी मांगभारत की राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के बधाई संदेश पर वोलोदिमिर जेलेंस्की ने व्यक्त किया आभार, युद्ध के सम्मानजनक अंत की जताई उम्मीदसूर्यापेट हादसे में हैदराबाद से एलुरु जा रही बस के उड़े परखच्चे 6 की मौत और 20 गंभीरबैंक ऑफ जापान सितंबर में 1.25 प्रतिशत तक बढ़ा सकता है ब्याज दरें, विश्लेषकों ने दिए संकेतअजमेरी गेट से स्कूटी पर रवाना हुए कलेक्टर संदेश नायक, जयपुर के परकोटे में रातभर परखी सफाई व्यवस्थाविशेष फव्वारे और अनूठे मिजाज के बल पर गोरखपुर के शहीद अशफाक उल्ला खां प्राणी उद्यान में छाया गंगा प्रसादगोवा में हुतात्मा स्मृति स्मारक का उद्घाटन करेंगे राजनाथ सिंह, पुर्तगाली शासन के खिलाफ लड़ने वाले बलिदानियों को दी श्रद्धांजलिऑस्ट्रेलियाई डॉलर में लगातार दूसरे दिन तेजी, महंगाई के आंकड़ों से ब्याज दरें बढ़ने की उम्मीद मजबूत
बगीचे को तितलियों से भर देगा लैंटाना, मानसून में लगाने के लिए जानें सही तरीकाDIY
26 अग॰ 2026, 6:30 am (2 घंटे पहले)· 3

बगीचे को तितलियों से भर देगा लैंटाना, मानसून में लगाने के लिए जानें सही तरीका

कम देखभाल में रंग-बिरंगे फूलों से बगीचे को महकाने के लिए लैंटाना एक शानदार विकल्प है। जानिए मानसून में इसे लगाने, धूप, सिंचाई, खाद और सुरक्षा से जुड़ी अहम बातें।

मानसून के समय अगर आप अपने बगीचे या बालकनी को खूबसूरत फूलों से महकाना चाहते हैं, तो लैंटाना कैमरा एक बेहतरीन विकल्प है। यह पौधा अपनी सहनशीलता और कम देखभाल में भी लगातार खिलने वाले फूलों के लिए जाना जाता है। पीले, गुलाबी, बैंगनी, नारंगी और लाल रंग के गुच्छों में खिलने वाले इसके फूल न केवल घर की सुंदरता बढ़ाते हैं, बल्कि आसपास तितलियों और मधुमक्खियों को भी आकर्षित करते हैं।

पौधे के लिए सही मिट्टी और धूप का चुनाव

लैंटाना लगाने की सबसे बड़ी खासियत यह है कि इसके लिए किसी विशेष प्रकार की मिट्टी की आवश्यकता नहीं होती। यह साधारण दोमट मिट्टी या हल्की रेतीली मिट्टी में भी आसानी से पनप जाता है। आप इसे घर के गमलों में, सीधे जमीन पर या फिर बाउंड्री के पास रोप सकते हैं।

ये भी पढ़ें

इस पौधे की अच्छी वृद्धि के लिए सही स्थान का चयन करना बहुत महत्वपूर्ण है। इसे ऐसी जगह रखें जहां रोजाना कम से कम 5 से 6 घंटे सीधी धूप मिलती हो। मानसून का मौसम इसे लगाने के लिए सबसे उपयुक्त माना जाता है। हालांकि, यह ध्यान रखना जरूरी है कि गमले या जमीन में बारिश का पानी जमा न होने पाए, क्योंकि रुका हुआ पानी जड़ों को नुकसान पहुंचा सकता है।

मौसम के अनुसार सिंचाई और पानी प्रबंधन

लैंटाना की देखभाल करना काफी आसान है क्योंकि इसे बहुत अधिक पानी की जरूरत नहीं होती। इसमें सिंचाई तभी करनी चाहिए जब ऊपर की मिट्टी सूखी दिखाई दे। मानसून और ठंड के दिनों में इसमें पानी की मात्रा काफी कम रखनी चाहिए, जबकि बारिश के दौरान आवश्यकतानुसार सिंचाई बिल्कुल रोक देनी चाहिए।

गर्मियों के मौसम में पौधे की नमी बनाए रखने के लिए सुबह या शाम के समय पानी देना सबसे अच्छा माना जाता है। गमले में जल निकासी की सही व्यवस्था होना जरूरी है ताकि अत्यधिक पानी जड़ों को नुकसान न पहुंचाए और पौधा लंबे समय तक स्वस्थ रहे।

कटाई-छंटाई और जैविक खाद की खुराक

पौधे को घना और ज्यादा फूलों वाला बनाने के लिए नियमित कटाई-छंटाई बेहद आवश्यक है। हर 2 से 3 महीने के अंतराल पर इसकी सूखी, पुरानी और कमजोर टहनियों को काट देना चाहिए। इससे पौधे में नई शाखाएं निकलती हैं और अधिक मात्रा में कलियां आती हैं।

पौधे के बेहतर विकास और अधिक फूलों के लिए महीने में एक बार गोबर की खाद, वर्मी कंपोस्ट या किसी अन्य जैविक खाद का प्रयोग करें। ध्यान रखें कि बहुत अधिक मात्रा में खाद देने से बचना चाहिए, क्योंकि संतुलित पोषण ही पौधे को लंबे समय तक स्वस्थ रखता है।

फैलने की प्रवृत्ति और सुरक्षा सावधानियां

लैंटाना एक तेजी से बढ़ने वाला पौधा है, इसलिए इसे रोपते समय पर्याप्त जगह का ध्यान रखना चाहिए। यदि इसकी समय पर छंटाई न की जाए, तो यह आसपास लगे छोटे पौधों पर फैलकर उन्हें दबा सकता है।

इसके अलावा, एक महत्वपूर्ण बात यह है कि इसके पत्तों और कच्चे फलों में विषैले तत्व मौजूद होते हैं। इसलिए इसे ऐसे स्थान पर लगाएं जहां छोटे बच्चे और पालतू जानवर आसानी से न पहुंच सकें। सही देखभाल और सुरक्षा के साथ यह पौधा मानसून के बाद भी लंबे समय तक आपके बगीचे को रंगीन बनाए रखेगा।

सवाल-जवाब

लैंटाना के पौधे को रोजाना कितने घंटे धूप की आवश्यकता होती है?
लैंटाना के पौधे को बेहतर विकास और अधिक फूलों के लिए रोजाना करीब 5 से 6 घंटे की सीधी धूप की आवश्यकता होती है।
लैंटाना लगाने के लिए किस तरह की मिट्टी सबसे अच्छी मानी जाती है?
लैंटाना के लिए किसी खास मिट्टी की जरूरत नहीं होती, यह सामान्य दोमट या हल्की रेतीली मिट्टी में आसानी से बढ़ सकता है।
लैंटाना के पौधे की कटाई-छंटाई कब और क्यों करनी चाहिए?
पौधे को घना बनाने और ज्यादा फूल पाने के लिए हर 2 से 3 महीने में इसकी सूखी और कमजोर टहनियों की छंटाई करनी चाहिए।
क्या लैंटाना का पौधा बच्चों या पालतू जानवरों के लिए नुकसानदायक है?
हां, लैंटाना के पत्तों और कच्चे फलों में विषैले तत्व पाए जाते हैं, इसलिए इसे बच्चों और पालतू जानवरों की पहुंच से दूर रखना चाहिए।
लैंटाना के पौधे में खाद कब डालनी चाहिए?
पौधों की अच्छी बढ़वार के लिए महीने में एक बार गोबर की खाद या वर्मी कंपोस्ट जैसी जैविक खाद देना पर्याप्त रहता है।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 0

अभी तक कोई टिप्पणी नहीं — पहली टिप्पणी आपकी हो!

नागरिक पत्रकारिता

TrendKia पत्रकार बनें

जनता की आवाज़

अपने आसपास की ख़बरें, तस्वीरें और वीडियो ट्रेंडकिआ के साथ साझा करें और अपनी आवाज़ देश तक पहुँचाएँ। हर नागरिक एक पत्रकार।

अभी जुड़ें
CH 01 लाइव
TrendKia TV ON AIR