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अदनान सामी ने क्यों छोड़ा था पाकिस्तान, सिंगर ने खुद किया बड़ा खुलासामनोरंजन
9 सित॰ 2026, 1:08 am (4 दिन पहले)· 3

अदनान सामी ने क्यों छोड़ा था पाकिस्तान, सिंगर ने खुद किया बड़ा खुलासा

अदनान सामी ने हाल ही में एक इंटरव्यू में बताया कि उन्हें पाकिस्तान छोड़कर भारत क्यों आना पड़ा। उन्होंने यह भी साझा किया कि भारतीय नागरिकता मिलने के बाद उनके जीवन और करियर में किस तरह के बड़े बदलाव आए।

प्रसिद्ध गायक अदनान सामी ने एक हालिया साक्षात्कार में पाकिस्तान छोड़ने की असली वजह और भारतीय नागरिकता मिलने के बाद अपनी जिंदगी में आए बदलावों पर खुलकर बात की है। गायक को साल 2016 में भारत की आधिकारिक नागरिकता प्रदान की गई थी, जबकि उससे पहले वह पाकिस्तान के नागरिक हुआ करते थे। अब उन्होंने इस पूरे सफर को लेकर कई खुलासे किए हैं।

भारत में काम मिलने पर क्या बोले गायक

व्यापार विश्लेषक कोमल नाहटा को दिए गए एक इंटरव्यू में अदनान सामी ने स्पष्ट किया कि अब वह पूरी तरह भारत के हो चुके हैं और भारत उनका हो चुका है। गायक का कहना है कि जब वह पाकिस्तानी नागरिक थे, तब भी उन्हें कभी भी भारत में काम हासिल करने में किसी प्रकार की दिक्कत का सामना नहीं करना पड़ा था। हालांकि, भारतीय नागरिकता मिलने के बाद कानूनी और भावनात्मक रूप से चीजें काफी बदल गईं और अपनापन और अधिक गहरा हो गया।

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पाकिस्तान क्यों छोड़ा और करियर के हालात

साक्षात्कार के दौरान जब उनसे यह सवाल पूछा गया कि उन्होंने आखिर पाकिस्तान क्यों छोड़ा, तो उन्होंने बताया कि वहां की संगीत इंडस्ट्री में उनके करियर की राह उतनी अनुकूल और बेहतरीन नहीं थी जितनी भारत में थी। उन्हें वहां पर उस स्तर के सही मौके और समर्थन की कमी महसूस हो रही थी, जिसके बाद उन्होंने आखिरकार भारत में ही बसने और अपनी नई शुरुआत करने का बड़ा फैसला लिया।

आशा भोसले की सलाह और नागरिकता का सफर

गायक ने यह भी साझा किया कि उन्हें भारत आने और यहां बसने के लिए दिग्गज गायिका आशा भोसले ने ही विशेष तौर पर प्रोत्साहित किया था। वह सबसे पहले साल 2001 में एक विजिटर वीजा पर भारत आए थे, जिसके बाद उन्होंने भारतीय संगीत उद्योग में काम किया और जबरदस्त लोकप्रियता हासिल की। साल 2015 में जब पाकिस्तान में उनका पासपोर्ट रिन्यू नहीं हो पाया, तब उन्होंने भारत सरकार के सामने नागरिकता के लिए औपचारिक मांग रखी। इसके बाद गृह मंत्रालय ने विचार करते हुए 2016 में उन्हें भारत की नागरिकता दे दी।

सफलता, पद्मश्री और वजन घटाने का सफर

अदनान सामी ने अपने सांगीतिक करियर की शुरुआत नब्बे के दशक में की थी और उन्हें 'कभी तो नजर मिलाओ' एल्बम से अपार सफलता और पहचान मिली थी। संगीत जगत में उनके उल्लेखनीय योगदान के चलते उन्हें साल 2020 में देश के प्रतिष्ठित नागरिक सम्मान पद्मश्री से भी नवाजा गया था। अपने करियर के दौरान वह अपने बढ़े हुए वजन को लेकर भी काफी चर्चा में रहे थे, लेकिन बाद में उन्होंने जिस तरह से अपना वजन घटाया और जबरदस्त ट्रांसफॉर्मेशन किया, उसने सभी को हैरान कर दिया था।

सवाल-जवाब

अदनान सामी को भारत की नागरिकता कब मिली थी?
अदनान सामी को भारत सरकार के गृह मंत्रालय द्वारा साल 2016 में भारतीय नागरिकता दी गई थी।
अदनान सामी को भारत आने के लिए किसने प्रेरित किया था?
भारत आने और यहां काम करने के लिए अदनान सामी को दिग्गज गायिका आशा भोसले ने प्रोत्साहित किया था।
अदनान सामी पहली बार भारत कब आए थे?
वह पहली बार साल 2001 में एक विजिटर वीजा के तौर पर भारत आए थे।
अदनान सामी को पद्मश्री सम्मान कब मिला?
उन्हें संगीत के क्षेत्र में उनके योगदान के लिए साल 2020 में पद्मश्री से सम्मानित किया गया था।
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