भारतीय फिल्म जगत की प्रतिष्ठित एवं वरिष्ठ अभिनेत्री सौकार जानकी का 21 अगस्त 2026 को चेन्नई में 94 वर्ष की आयु में निधन हो गया। स्वास्थ्य संबंधी जटिलताओं के कारण उन्हें कुछ दिनों पहले अस्पताल की गहन चिकित्सा इकाई यानी आईसीयू में भर्ती कराया गया था, जहां उन्होंने अंतिम सांस ली। साढ़े सात दशकों से भी लंबे अपने शानदार करियर में उन्होंने अपनी अद्वितीय अभिनय कला और जीवंत किरदारों के जरिए भारतीय सिनेमा पर अमिट छाप छोड़ी। उनके निधन की खबर से पूरे फिल्म उद्योग और प्रशंसकों में शोक की लहर दौड़ गई है। सिनेमा जगत के दिग्गज कलाकारों, निर्देशकों और प्रमुख राजनीतिक हस्तियों ने उन्हें याद करते हुए भावुक श्रद्धांजलि अर्पित की है।
सात दशकों से अधिक का स्वर्णिम करियर और भाषा की सीमाओं से परे पहचान
सौकार जानकी का अभिनय सफर भारतीय सिनेमा के स्वर्णिम इतिहास का प्रतीक रहा है। उन्होंने सात दशकों से अधिक समय तक लगातार सक्रिय रहकर दर्शकों के दिलों पर राज किया। अपने करियर के दौरान उन्होंने तमिल, तेलुगु, मलयालम, कन्नड़ और हिंदी सहित पांच प्रमुख भाषाओं की फिल्मों में काम किया। विविध प्रकार की भूमिकाओं को पर्दे पर सहजता से उतारने की उनकी क्षमता ने उन्हें हर भाषा के दर्शक वर्ग के बीच लोकप्रिय बनाया।
उनकी कलात्मक यात्रा और सिनेमा में अप्रतिम योगदान के लिए उन्हें देश के प्रतिष्ठित सम्मानों से नवाजा गया। सौकार जानकी को भारत सरकार द्वारा पद्म श्री पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। इसके अतिरिक्त उन्हें कलाईमामणि पुरस्कार और प्रतिष्ठित नंदी अवॉर्ड जैसे कई राज्य स्तरीय और राष्ट्रीय पुरस्कारों से भी विभूषित किया गया। उनका अभिनय करियर भारतीय कला जगत के लिए प्रेरणा का एक बड़ा स्रोत रहा है।
तमिलनाडु के मुख्यमंत्री थलापति विजय ने व्यक्त किया गहरा दुख
अभिनेत्री के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए तमिलनाडु के मुख्यमंत्री और प्रसिद्ध अभिनेता थलापति विजय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर तमिल भाषा में अपना संदेश साझा किया। उन्होंने लिखा कि महान फिल्म अभिनेत्री सौकार जानकी के निधन का समाचार अत्यंत दुखद और स्तब्ध कर देने वाला है। उन्होंने अपनी अनूठी और प्रखर अभिनय शैली से कई पीढ़ियों के प्रशंसकों के दिलों में एक विशेष और कभी न मिटने वाला स्थान बनाया था।
मुख्यमंत्री ने उनके परिवारजनों और दुनिया भर में फैले अनगिनत प्रशंसकों के प्रति अपनी संवेदना प्रकट की। उन्होंने आगे कहा कि भारतीय फिल्म उद्योग में 70 वर्षों से अधिक का उनका योगदान और अनगिनत यादगार भूमिकाएं वास्तव में वंदनीय हैं। उनका जाना फिल्म जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है। उन्होंने प्रार्थना की कि ईश्वर दिवंगत आत्मा को अपने श्रीचरणों में शांति प्रदान करे।
तेलुगु सिनेमा के दिग्गजों जूनियर एनटीआर और चिरंजीवी की श्रद्धांजलि
तेलुगु सिनेमा के प्रमुख अभिनेता जूनियर एनटीआर ने भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर तेलुगु में एक भावुक संदेश साझा करते हुए सौकार जानकी को श्रद्धांजलि दी। उन्होंने लिखा कि तेलुगु और संपूर्ण भारतीय फिल्म उद्योग पर गहरी कलात्मक छाप छोड़ने वाली सौकार जानकी गारू के देहावसान की खबर बेहद दुखद है। उनका सिनेमाई सफर और उनके द्वारा जीवंत किए गए किरदार सदैव हमारी स्मृतियों में अमर रहेंगे। उन्होंने दिवंगत आत्मा की शांति की कामना करते हुए शोकाकुल परिवार के प्रति संवेदनाएं व्यक्त कीं।
वही दक्षिण भारतीय फिल्मों के सुपरस्टार चिरंजीवी ने भी तेलुगु में अपनी भावनाएं व्यक्त करते हुए कहा कि पद्म श्री से सम्मानित सौकार जानकी गारू के निधन से उन्हें गहरा दुख हुआ है। उन्होंने याद दिलाया कि उनका ऐतिहासिक फिल्मी सफर प्रसिद्ध फिल्म 'शावुकारु' से आरंभ हुआ था। लगभग सात दशकों तक फैला उनका यह सफर तेलुगु और तमिल सहित कई भाषाओं में मील का पत्थर साबित हुआ। चिरंजीवी ने उनके योगदान को नमन किया।
कमल हासन ने याद किए चार दशकों के अनुभव और वात्सल्य का रिश्ता
महान अभिनेता कमल हासन ने भी सौकार जानकी के साथ बिताए लम्हों को याद करते हुए X पर एक बेहद भावुक तमिल पोस्ट साझा की। उन्होंने अपने 40 वर्षों के सह-कार्य अनुभव का जिक्र करते हुए लिखा कि उन्होंने 1962 की प्रसिद्ध फिल्म 'पार्थाल पासी थीरुम' से शुरुआत करके चार दशकों की अवधि में कई फिल्मों में साथ काम किया। कमल हासन ने उल्लेख किया कि फिल्मों में उन्होंने मां की भूमिका निभाई और वह उनके बेटे बने।
कमल हासन ने उन्हें दक्षिण भारतीय स्क्रीन की एक अनिवार्य और बेमिसाल अभिनय कलाकार करार दिया। उन्होंने कहा कि सौकार जानकी ने उस दौर के लगभग सभी दिग्गज अभिनेताओं के साथ स्क्रीन साझा की थी। वे कमल हासन के गुरु एवं मेंटर के. बालचंदर की सबसे पसंदीदा अभिनेत्रियों में से एक थीं। कमल हासन ने भावुक होते हुए कहा कि ममता की एक मूरत अब हमारे बीच नहीं रही, और वे नम आंखों से अपनी इस प्रिय सह-कलाकार को अंतिम विदाई देते हैं।
राधिका सरथकुमार और प्रभुदेवा की भावपूर्ण विदाई
वरिष्ठ अभिनेत्री राधिका सरथकुमार ने भी सौकार जानकी अम्मा के निधन पर गहरा शोक जताया। उन्होंने कहा कि सौकार जानकी एक अत्यंत मजबूत, स्वतंत्र और दृढ़ संकल्प वाली महिला थीं, जिन्होंने अपने समय में महिलाओं के लिए नई राहें बनाई थीं। राधिका ने अपने व्यक्तिगत अनुभवों को याद करते हुए बताया कि उन्हें उनके साथ काम करने और उन्हें करीब से जानने का सौभाग्य प्राप्त हुआ था। वे राधिका के पिता की भी घनिष्ठ मित्र थीं और दोनों एक-दूसरे का अत्यधिक सम्मान करते थे।
प्रसिद्ध कोरियोग्राफर एवं अभिनेता प्रभुदेवा ने भी सोशल मीडिया पर सौकार जानकी की एक पुरानी यादगार तस्वीर साझा करते हुए उन्हें अपनी ओर से भावपूर्णा श्रद्धांजलि अर्पित की और उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की। सौकार जानकी का जाना भारतीय सिनेमा के एक स्वर्णिम अध्याय के समापन जैसा है।



















