फिल्म जगत में इन दिनों सिद्धार्थ मल्होत्रा और तमन्ना भाटिया की आगामी फिल्म ‘द वन: फोर्स ऑफ द फॉरेस्ट’ का ट्रेलर सोशल मीडिया पर चर्चा का बड़ा केंद्र बना हुआ है। इस ट्रेलर को देखने से ही यह स्पष्ट हो जाता है कि इसकी पूरी रहस्यमयी कहानी मुख्य रूप से सिद्धार्थ के किरदार के आस-पास ही बुनी गई है। कहानी के अनुसार मुख्य किरदार शहर की भागदौड़ से दूर अपने पुश्तैनी गांव में वापस लौटता है। हालांकि वहां पहुंचने के बाद वह एक अजीब और उलझन भरे रहस्य के जाल में फंस जाता है, जिसमें एक देवी, एक घना जंगल और अपने लोगों की सुरक्षा के खातिर खड़ा होने वाला एक योद्धा मुख्य रूप से शामिल हैं।
लोककथाओं और 16वीं सदी के मंदिर से प्रेरित अनूठी पटकथा
ट्रेलर को सोशल मीडिया पर साझा करते हुए निर्माताओं ने इसके सार को बयां करते हुए लिखा कि जब आस्था और लोककथाएं आपस में मिलती हैं, तो एक अनोखी कहानी जीवंत हो उठती है। मीडिया रिपोर्ट्स से मिली जानकारी के अनुसार ‘द वन’ की यह पूरी पटकथा पटना के नजदीक बिहटा में स्थित 16वीं सदी के ऐतिहासिक ‘वन देवी मंदिर’ से जुड़ी सदियों पुरानी लोककथाओं से प्रेरणा लेकर तैयार की गई है। इस बहुप्रतीक्षित फिल्म में मुख्य जोड़ी के रूप में सिद्धार्थ मल्होत्रा और तमन्ना भाटिया नजर आएंगे, जबकि उनके साथ सुनील ग्रोवर, मनीष पॉल, श्वेता तिवारी और अनूप सोनी जैसे मंजे हुए कलाकार भी अहम किरदारों में अपनी मौजूदगी दर्ज कराएंगे।
गांव की परंपरा और आधुनिक विकास के बीच टकराव
सामने आए ट्रेलर में सिद्धार्थ मल्होत्रा को एक ऐसे सामान्य व्यक्ति के रूप में पर्दे पर उतारा गया है जो जमीन-जायदाद से जुड़े कुछ जरूरी कार्यों को निपटाने के लिए अपने पैतृक गांव की तरफ रुख करता है। वह गांव के अन्य निवासियों की तरह वहां की उन डरावनी और रहस्यमयी कहानियों पर बिल्कुल यकीन नहीं करता, जिनमें सूरज ढलने के बाद जंगल के भीतर जाने पर पूरी पाबंदी होती है। वर्तमान में यह गांव आधुनिक विकास और अपनी पुरानी परंपराओं के बीच एक अजीब कशमकश में फंसा हुआ नजर आता है। फिल्म में सुनील ग्रोवर का किरदार गांव में बुनियादी सुविधाओं के अभाव पर प्रकाश डालता है, वहीं दूसरी तरफ ‘वन देवी’ के पवित्र मंदिर के पास पेड़ों की कटाई से जुड़ी योजनाओं का ग्रामीण कड़ा विरोध करते हैं क्योंकि वे उस पूरे जंगल को अत्यधिक पवित्र मानते हैं।
रहस्य के घेरे में उलझता नायक और जंगल की अनसुलझी ताकतें
कथाक्रम में असली मोड़ तब आता है जब मुख्य किरदार यानी सिद्धार्थ का सामना जंगल से होता है जहां वह किसी हादसे में घायल हो जाता है और उसके बाद उसे कई तरह की अजीबोगरीब और डरावनी चीजें महसूस होने लगती हैं। गांव का एक पुजारी इस घटना के बाद यह आशंका जताता है कि शायद देवी स्वयं उसे कुछ विशेष संकेत देने का प्रयास कर रही हैं। देखते ही देखते वह इंसान जो शुरुआत में इन सब बातों पर केवल शक करता था और इन्हें खारिज करता था, खुद को उसी गहरे रहस्य के चक्रव्यूह में फंसा हुआ पाता है। जैसे-जैसे ट्रेलर अपने एक्शन दृश्यों की तरफ आगे बढ़ता है, सिद्धार्थ को जंगल के भीतर अज्ञात और रहस्यमयी ताकतों के साथ कड़ा मुकाबला करते हुए दिखाया जाता है, जिससे यह साफ संकेत मिलता है कि अंततः गांव की रक्षा करने में उसकी भूमिका बेहद निर्णायक साबित होने वाली है।
दिग्गज टीम और कॉमिक बुक के जरिए कहानी का विस्तार
इस रोमांचक फिल्म का निर्माण द वायरल फीवर यानी TVF के संस्थापक अरुणाभ कुमार द्वारा किया गया है, जबकि इसके निर्देशन की कमान दीपक मिश्रा ने संभाली है। फिल्म के दायरे को सिनेमाई पर्दे से भी आगे बढ़ाने के लिए निर्माताओं ने ‘द लीजेंड ऑफ वन’ नामक एक कॉमिक बुक के माध्यम से भी इस काल्पनिक दुनिया का विस्तार किया है, जो इस प्रोजेक्ट से जुड़ी तमाम लोककथाओं की परतों को और गहराई से उजागर करती है। यह फिल्म यानी ‘द वन: फोर्स ऑफ द फॉरेस्ट’ आगामी 25 सितंबर 2026 को देश भर के सिनेमाघरों में रिलीज के लिए पूरी तरह तैयार है।


















