यश और कियारा आडवाणी स्टारर बहुप्रतीक्षित फिल्म का टॉक्सिक रिव्यू अब दर्शकों के सामने आ चुका है, क्योंकि दो बार रिलीज डेट टलने के बाद यह एक्शन एंटरटेनर आखिरकार सिनेमाघरों में रिलीज हो गई है। गीतू मोहनदास के निर्देशन में बनी इस थ्रिलर को देखने के लिए दर्शकों में भारी उत्साह देखा गया और शुरुआती शो पूरी तरह हाउसफुल रहे। रांची के सिनेमाघरों से बाहर निकलने वाले दर्शकों ने फिल्म को लेकर मिली-जुली राय जाहिर की है, जहां कुछ लोग इसके एक्शन की तारीफ कर रहे हैं तो कुछ कहानी से निराश हैं।
सिनेमाघरों में हाउसफुल शो और दर्शकों का भारी उत्साह
लंबे समय से विवादों और चर्चाओं में बनी रहने के बाद इस फिल्म को लेकर फैंस का इंतजार खत्म हुआ। रिलीज की तारीख में दो बार बदलाव के बावजूद पहले ही दिन सिनेमाघरों में दर्शकों की भारी भीड़ उमड़ी। रांची के थिएटर्स में सभी शो हाउसफुल रहे। यश का स्क्रीन अपीयरेंस देखने और गीतू मोहनदास के निर्देशन को परखने पहुंचे लोगों में जबरदस्त क्रेज देखा गया। हालांकि फिल्म देखने के बाद दर्शकों की प्रतिक्रिया काफी अलग-अलग सामने आई है।
जबर्दस्त एक्शन, कियारा का लुक और महिला निर्देशक की सराहना
फिल्म देखकर बाहर निकले दर्शक मृगांक ने बताया कि कहानी बहुत ही तेजी से आगे बढ़ती है और चीजें काफी जल्दी पार हो जाती हैं। हालांकि उन्होंने फिल्म के एक्शन की जमकर तारीफ की और कहा कि इसे देखने में बहुत मज़ा आया। मृगांक ने इसे फुल पैसा वसूल बताते हुए 10 में से 9 नंबर दिए। उनका कहना था कि अगर कहानी थोड़ी धीरे आगे बढ़ती तो फिल्म और भी शानदार हो सकती थी। यश के लुक की तारीफ करते हुए उन्होंने कहा कि वह दोबारा इस फिल्म को देखने जाएंगे।
इसी तरह दर्शक आशुतोष ने फिल्म के एक्शन सीक्वेंस की बारीकियों और डिटेलिंग की सराहना की। उन्होंने कहा कि आमतौर पर साउथ की फिल्मों में बेहतरीन एक्शन होता है, लेकिन इस फिल्म में एक्शन पर बहुत ही बारीकी से काम किया गया है। आशुतोष ने एक महिला निर्देशक द्वारा ऐसी वृहद एक्शन फिल्म बनाने की प्रशंसा की और 10 में से 8 नंबर दिए। इसके साथ ही उन्होंने कियारा आडवाणी की खूबसूरती की भी तारीफ की।
सेकेंड हाफ और कहानी की रफ्तार पर उठे सवाल
दूसरी तरफ कुछ दर्शकों को फिल्म की कहानी और सेकेंड हाफ ने काफी निराश किया। दर्शक प्रियांशु ने थिएटर से बाहर निकलते हुए मायूसी जताई और कहा कि उन्हें सेकेंड हाफ बिल्कुल समझ में नहीं आया। उन्होंने कहा कि ऐसा लगा जैसे निर्देशक खुद उलझ गए थे कि सेकेंड हाफ में क्या करना है और फिल्म को बस खत्म करने के लिए खत्म कर दिया गया। उनका मानना था कि सेकेंड हाफ दिमाग से ऊपर चला गया और उनके पैसे डूब गए।
दर्शक प्रियंका ने भी निराशा व्यक्त करते हुए कहा कि उनके पैसे बर्बाद हो गए क्योंकि फिल्म बहुत बोरिंग और डार्क है। उन्होंने कहा कि कहानी उनके सिर के ऊपर से निकल गई और एक्शन के अलावा उन्हें कुछ समझ नहीं आया। प्रियंका ने कहा कि अगर उन्हें पहले से रिव्यू पता होते तो वह यह फिल्म देखने बिल्कुल नहीं आतीं और उन्होंने मजाक में टिकट के पैसे वापस मांगने की बात कही।



















