मानसून में क्यों बढ़ जाता है सांपों का खतरा
तेज गर्मी के बाद अब बारिश का मौसम दस्तक देने को तैयार है और इसी के साथ घरों के भीतर सांपों के घुसने की आशंका भी तेजी से बढ़ने वाली है. जब बरसात का पानी चारों तरफ फैलता है तो सांप अपने बिलों से बाहर निकलने पर मजबूर हो जाते हैं और इंसानी बस्तियों की तरफ रुख करते हैं. इन सांपों में कोबरा और Common Krait सबसे ज्यादा खतरनाक माने जाते हैं, लेकिन इंसानी जान के लिए सबसे बड़ा दुश्मन Common Krait ही साबित होता है.
Swapnil Khatal की चेतावनी: 22 साल का तजुर्बा बोलता है
करीब 22 वर्षों से वन्यजीवों के क्षेत्र में काम कर रहे एक्सपर्ट Swapnil Khatal बताते हैं कि Common Krait भारत के उन चार सांपों में गिना जाता है जिनके दंश से देश में सबसे ज्यादा मौतें होती हैं. इस सांप के शरीर में न्यूरोटॉक्सिन नामक जहर होता है जो खून में घुलते ही इंसान के नर्वस सिस्टम पर कहर बरपाने लगता है. Swapnil Khatal कहते हैं कि इसे मौत का दूसरा नाम कहना जरा भी अतिशयोक्ति नहीं है.
रात का शिकारी: अंधेरे में कैसे काम करता है Common Krait
Common Krait एक निशाचर प्राणी है, यानी यह दिन में छुपा रहता है और रात होते ही शिकार की तलाश में सक्रिय हो जाता है. ठंडे खून वाला जीव होने के कारण इसे हमेशा गर्म सतह की जरूरत रहती है और सोए हुए इंसान का शरीर इसे ठीक वैसी ही गर्माहट देता है. यह सांप मुख्य रूप से छिपकली, मेंढक और चूहों को खाता है और इन्हीं की तलाश में अक्सर घरों के भीतर तक पहुंच जाता है.
जब रात को घर में सन्नाटा छा जाता है और सभी लोग गहरी नींद में होते हैं, तब Common Krait बिना किसी डर के अंदर घूमता है और अपने शिकार को बड़े धैर्य से खोजता है, कभी-कभी लंबे समय तक उसका पीछा भी करता है. इसे ऊंची जगहों पर चढ़ने की आदत होती है इसलिए बिस्तर भी इसके लिए कोई रुकावट नहीं है. बिस्तर पर पहुंचकर जैसे ही सोए इंसान के शरीर में थोड़ी हलचल होती है, सांप खुद को खतरे में समझकर दंश कर देता है.
वो डंक जो कभी महसूस नहीं होता
Common Krait की सबसे भयावह खासियत यह है कि इसके दांत बेहद छोटे और सुई की तरह पतले होते हैं. जब यह काटता है तो पीड़ित को चुभन का जरा भी एहसास नहीं होता, खासकर नींद में तो बिल्कुल नहीं. न्यूरोटॉक्सिन जहर धीरे-धीरे खून में फैलता है और नसों को तेजी से नुकसान पहुंचाना शुरू कर देता है. कुछ ही समय में पीड़ित की जान चली जाती है और जब घर के बाकी लोग उसे जगाने की कोशिश करते हैं, तब तक बहुत देर हो चुकी होती है. यही वजह है कि Common Krait को 'साइलेंट किलर' कहा जाता है.
बचाव के आसान लेकिन जरूरी उपाय
Swapnil Khatal सलाह देते हैं कि मानसून के दौरान रात को सोते वक्त मच्छरदानी का इस्तेमाल करना सबसे सरल और कारगर उपाय है. इसके अलावा बिस्तर पर लेटने से पहले चादर, तकिए का कवर और मच्छरदानी को अच्छी तरह झाड़कर देख लें कि कहीं कोई सांप तो नहीं छुपा है. यह सावधानी खासतौर पर गांवों और बाढ़ प्रभावित इलाकों में रहने वाले लोगों के लिए जानलेवा खतरे से बचा सकती है.













