भारतीय खानपान में टमाटर की मौजूदगी बेहद खास मानी जाती है। दाल में तड़का लगाना हो, किसी सब्जी की ग्रेवी तैयार करनी हो या सलाद बनाना हो, टमाटर के बिना रसोई का काम अधूरा सा लगता है। हालांकि, बदलते मौसम और खासकर भीषण गर्मी के दिनों में टमाटर बहुत तेजी से खराब होने लगते हैं। अक्सर देखा जाता है कि बाजार से लाए गए टमाटर कुछ ही दिनों में गलने, सिकुड़ने या पिलपिले होने लगते हैं, जिसके कारण मजबूरी में उन्हें फेंकना पड़ता है। रसोई की इस आम समस्या से छुटकारा पाना ज्यादा मुश्किल नहीं है। यदि आप टमाटरों को घर में रखने की अपनी पुरानी आदतों में थोड़े से बदलाव कर लें, तो इन्हें हफ्तों तक एकदम लाल, रसीला और ताजा बनाए रखना मुमकिन है।
कमरे के तापमान और फ्रिज के सही इस्तेमाल का नियम
अक्सर ज्यादातर लोग बाजार से टमाटर लाते ही उन्हें सीधा फ्रिज में रख देते हैं। हालांकि, खाद्य विशेषज्ञों के अनुसार यह एक बड़ी गलती साबित हो सकती है। अत्यधिक ठंडक टमाटर के भीतर मौजूद प्राकृतिक स्वाद वाले घटकों को नुकसान पहुंचाती है, जिससे उनका स्वाद फीका पड़ जाता है और गूदा रेतीला या दानेदार हो जाता है। ऐसे में जो टमाटर हल्के हरे हों या अभी पूरी तरह पके न हों, उन्हें हमेशा कमरे के सामान्य तापमान पर किसी हवादार स्थान पर रखना चाहिए। जब टमाटर पूरी तरह पक जाएं और 1 से 2 दिनों के अंदर उनका इस्तेमाल न करना हो, केवल तभी उन्हें फ्रिज के सबसे कम ठंडे हिस्से में रखें। इसके अलावा, फ्रिज से निकाले गए टमाटरों का खाना बनाने में इस्तेमाल करने से कम से कम आधा घंटा पहले बाहर निकाल कर रख लेना चाहिए ताकि वे सामान्य तापमान पर आ सकें।
डंठल वाले हिस्से को नीचे रखने की कारगर तकनीक
टमाटर को लंबे समय तक ताजा रखने के लिए उनकी रखने की दिशा भी काफी अहम होती है। टमाटर का डंठल वाला ऊपरी हिस्सा सबसे नाजुक माना जाता है क्योंकि यहीं से अंदर की नमी सबसे तेजी से वाष्पित होकर बाहर निकलती है और बाहरी हवा या बैक्टीरिया प्रवेश करते हैं। ऐसे में जब भी आप टमाटरों को किसी समतल टोकरी या ट्रे में रखें, तो उन्हें हमेशा उल्टा करके यानी डंठल वाले हिस्से को नीचे की ओर करके रखें। अगर आप चाहें तो डंठल वाली जगह पर थोड़ा सा सेलोटेप चिपका सकते हैं। ऐसा करने से टमाटर के भीतर की नमी पूरी तरह लॉक हो जाती है, जिससे वे कई हफ्तों तक सिकुड़ते नहीं हैं और एकदम कड़े बने रहते हैं।
एक परत में फैलाएं और इथिलीन गैस से दूर रखें
रसोई में टमाटरों को स्टोर करते समय इस बात का ध्यान रखना जरूरी है कि उन्हें कभी भी एक-दूसरे के ऊपर ढेर लगाकर न रखें। टमाटर स्वाभाविक रूप से इथिलीन गैस छोड़ते हैं, जो फल और सब्जियों को तेजी से पकाने का काम करती है। यदि टमाटरों को एक के ऊपर एक ठूंसकर रखा जाएगा, तो वे आपस में टकराकर दबाव की वजह से जल्दी गलने लगेंगे। इसलिए इन्हें हमेशा एक ही परत में थोड़ा फासला बनाकर फैलाकर रखें। इसके साथ ही, टमाटरों को कभी भी केले, सेब या आलू जैसी चीजों के पास न रखें, क्योंकि ये फल भी भारी मात्रा में इथिलीन छोड़ते हैं जिससे टमाटर समय से पहले बहुत जल्दी खराब हो सकते हैं।
कटे हुए टमाटरों को सुरक्षित रखने का सही तरीका
खाना बनाते समय कई बार आधा टमाटर बच जाता है जिसे लोग खुली हवा में ही छोड़ देते हैं। खुला रहने पर कटे हुए हिस्से पर बहुत जल्दी नमी सूख जाती है और बैक्टीरिया पनपने लगते हैं। यदि आपके पास आधा कटा हुआ टमाटर बच जाए, तो उसे कभी भी खुला न छोड़ें। कटे हुए टमाटर के हिस्से को किसी एयरटाइट डिब्बे में बंद करके रखें या फिर उस पर क्लिंग रैप लपेटकर फ्रिज में रख दें। इस तरह सुरक्षित किए गए कटे टमाटर का 1 से 2 दिन के भीतर इस्तेमाल कर लेना चाहिए ताकि उनका स्वाद और ताजगी बरकरार रहे।
फ्रीजर में रखकर महीनों तक चलाएं
यदि आपके पास बहुत अधिक मात्रा में टमाटर मौजूद हैं और आप उन्हें लंबे समय तक खराब होने से बचाना चाहते हैं, तो फ्रीजिंग तकनीक सबसे बेहतरीन विकल्प है। इसके लिए टमाटरों को पहले अच्छी तरह पानी से धो लें और फिर किसी कपड़े से पोंछकर पूरी तरह सुखा लें। इसके बाद इन्हें साबुत ही किसी जिपलॉक बैग में भरकर फ्रीजर में रख दें। इस तरीके से टमाटर कई महीनों तक खराब नहीं होते। जब भी आपको किसी सब्जी की ग्रेवी, चटनी या सूप तैयार करना हो, तो फ्रीजर से टमाटर निकालें। बर्फ पिघलते ही इनका छिलका बेहद आसानी से अपने आप उतर जाता है और इन्हें सीधे इस्तेमाल में लाया जा सकता है।



















