महाराष्ट्र के औद्योगिक क्षेत्र से एक बड़ी उपलब्धि सामने आई है, जहां निर्मित जेसीबी मशीनों का अंतरराष्ट्रीय स्तर पर निर्यात शुरू हो चुका है। अब इन भारी वाहनों का उपयोग न्यूजीलैंड की धरती पर किया जाएगा, जिसके लिए पहली खेप को आधिकारिक तौर पर रवाना कर दिया गया है।
पीयूष गोयल ने दिखाई हरी झंडी
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने महाराष्ट्र में तैयार इन जेसीबी मशीनों को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस खास अवसर पर उन्होंने राज्य सरकार को इस बड़ी सफलता के लिए बधाई दी और देश के विनिर्माण क्षेत्र की सराहना की।
140 देशों में हो रही है आपूर्ति
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने जानकारी देते हुए बताया कि यह जेसीबी मशीन पूरी तरह से भारत के भीतर ही डिजाइन और निर्मित की गई है। उन्होंने यह भी साझा किया कि इस स्वदेशी तकनीक से बने इन वाहनों को अब दुनिया भर के 140 देशों में भेजा जा रहा है।
भारत और न्यूजीलैंड के बीच नया व्यापार समझौता
केंद्रीय मंत्री पीयूष गोयल ने अपने संबोधन में कहा कि यह केवल एक शुरुआत है और भारत को इस दिशा में अभी लंबी दूरी तय करनी है। उन्होंने उल्लेख किया कि भारत और न्यूजीलैंड के बीच मुक्त व्यापार समझौता लागू हो चुका है, जिसके तहत न्यूजीलैंड देश में 20 अरब डॉलर का निवेश करेगा।
युवाओं और किसानों को मिलेगा लाभ
इस व्यापार समझौते के माध्यम से दोनों देशों को एक-दूसरे की तकनीकी विशेषज्ञता का लाभ मिलने की उम्मीद है। इससे किसानों की आय में बढ़ोतरी होगी और शिक्षा प्राप्त करने के लिए न्यूजीलैंड जाने वाले युवाओं को गारंटीशुदा वर्क परमिट भी प्राप्त होगा।





















