पिछले एक दशक में गेमिंग टेक्नोलॉजी की सबसे बड़ी इंडस्ट्रीज में से एक बनकर उभरी है और इसकी रफ्तार अभूतपूर्व रही है। कंप्यूटर के CPU (सेंट्रल प्रोसेसिंग यूनिट) और GPU (ग्राफिक्स प्रोसेसिंग यूनिट) बनाने में AMD की मजबूत पकड़ को देखते हुए ज्यादातर लोगों को लगता था कि कंपनी की सबसे बड़ी कमाई और ग्रोथ का इंजन गेमिंग ही रहेगा। लेकिन बीते कुछ सालों में तस्वीर पूरी तरह बदल गई है। अब AMD के शेयर की सबसे बड़ी ग्रोथ गेमिंग से नहीं, बल्कि एंटरप्राइज AI से आ रही है।
एंटरप्राइज AI कैसे बन रहा है सबसे बड़ा ग्रोथ इंजन
AI के आने के बाद पूरी दुनिया का समीकरण बदल गया है। गेमिंग आज भी AMD के कारोबार की एक मजबूत नींव है, लेकिन AI डेटा सेंटर तेजी से कंपनी की सबसे बड़ी प्राथमिकता बन चुके हैं। पहले जहां कंपनी सिर्फ AI पर केंद्रित GPU बेचने पर ध्यान दे रही थी, वहीं अब वह एक कहीं ज्यादा व्यापक रणनीति की ओर बढ़ रही है। AMD अब CPU, AI एक्सेलेरेटर, नेटवर्किंग और सॉफ्टवेयर को जोड़कर एंटरप्राइज ग्राहकों के लिए तैयार एकीकृत सिस्टम बनाना चाहती है।
AMD की एक बड़ी खासियत यह है कि वह GPU और CPU, दोनों तरह के समाधान देती है। जनरेटिव AI ज्यादातर GPU पर निर्भर करता है, जबकि एजेंटिक AI को ज्यादा CPU ताकत की जरूरत पड़ेगी। एजेंटिक AI का दौर AMD के शेयर को एक नई ग्रोथ फेज में पहुंचा सकता है। इंटेल के CEO लिप-बू टैन ने भी CPU पर आधारित एजेंटिक AI को लेकर ऐसी ही राय दोहराई है।
डेटा सेंटर और AI कंप्यूटिंग में उतरने के बाद अब AMD का कारोबार गेमिंग, पर्सनल कंप्यूटर, एम्बेडेड सिस्टम, डेटा सेंटर और एंटरप्राइज AI तक फैला हुआ है। इससे कंपनी को कारोबार में जबरदस्त विविधता मिलती है, जो किसी एक क्षेत्र पर निर्भरता का जोखिम घटाती है।
शेयर में मजबूत तेजी
गोल्डमैन सैक्स के अपने प्राइस टारगेट को बढ़ाकर $640 करने के बाद AMD का शेयर 6.61% यानी 34.23 अंक की छलांग के साथ बंद हुआ।
चल रहे AI बूम के बीच वॉल स्ट्रीट के विश्लेषक AMD को लेकर लगातार और ज्यादा उत्साहित होते जा रहे हैं। हालांकि कुछ विशेषज्ञ अब भी सतर्क हैं। माइकल बरी उन्हीं में से एक हैं, जिनका दावा है कि हम एक AI बबल में हैं जो अपने अंत के करीब है। लेकिन AMD की विविध कारोबारी रणनीति को देखते हुए माना जा रहा है कि किसी संभावित बबल के फूटने की स्थिति में भी कंपनी खुद को संभाल सकती है।











