मिडिल ईस्ट में बढ़ते भू-राजनीतिक तनाव और होर्मुज जलडमरूमध्य में ऊर्जा आपूर्ति में आ रही रुकावटों ने वैश्विक अर्थव्यवस्था के सामने महंगाई का नया खतरा खड़ा कर दिया है। कच्चे तेल के अंतरराष्ट्रीय प्रवाह में आई कमी के प्रभाव को फिलहाल विभिन्न देशों के पास मौजूद पेट्रोलियम भंडार ने संभाल रखा है, लेकिन जानकारों का मानना है कि अगर यह तनाव लंबे समय तक जारी रहता है तो तेल बफर खत्म होने से स्थिति और गंभीर हो सकती है। इसी बीच दुनिया भर के वित्तीय बाजारों में भारी अनिश्चितता का माहौल है, जहां निवेशक अमेरिकी श्रम बाजार के आंकड़ों और केंद्रीय बैंक के आगामी फैसलों पर नजरें टिकाए हुए हैं।
होर्मुज जलडमरूमध्य में गतिरोध और ऊर्जा बाजार पर मंडराता संकट
राबोबैंक के सीनियर मैक्रो रणनीतिकार बास वैन गेफेन के अनुसार अमेरिका और ईरान के बीच बने कूटनीतिक गतिरोध का समाधान तलाशना दिन-ब-दिन कठिन होता जा रहा है। हाल ही में कतर के प्रधानमंत्री ने वाशिंगटन और तेहरान के बीच बातचीत की प्रक्रिया को दोबारा शुरू करने के उद्देश्य से तेहरान की यात्रा की थी। हालांकि, राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा कूटनीतिक प्रयासों में रुचि न दिखाने और सहमति पत्र को बहाल करने से इनकार करने के बाद वार्ता की उम्मीदों को करारा झटका लगा है। इस कूटनीतिक असफलता के कारण मध्यस्थों के पास बातचीत आगे बढ़ाने के विकल्प सीमित हो गए हैं।
तेल आपूर्ति में आई कमी को अब तक राष्ट्रीय और व्यावसायिक पेट्रोलियम भंडारों के जरिए नियंत्रित किया गया है। लेकिन जैसे-जैसे यह गतिरोध खिंच रहा है और तेल भंडार घट रहे हैं, वैसे-वैसे होर्मुज जलडमरूमध्य को बंद करने के कदम का वैश्विक असर अधिक व्यापक होता जा रहा है। इस महत्वपूर्ण समुद्री मार्ग में बाधा आने के कारण तेल निर्यातक पड़ोसी देशों और आयातक राष्ट्रों को अपने आपूर्ति मार्गों पर नए सिरे से विचार करने के लिए मजबूर होना पड़ रहा है। दीर्घकालिक समाधान के रूप में वेनेजुएला से तेल आपूर्ति एक विकल्प बन सकती है, लेकिन इस वैकल्पिक व्यवस्था को चालू करने में काफी समय और बड़े शुरुआती पूंजीगत निवेश की आवश्यकता होगी। वर्तमान में वैश्विक अर्थव्यवस्था पर पहले से ही वित्तीय दबाव है, जिससे नई परियोजनाओं के लिए फंडिंग जुटाना चुनौतीपूर्ण साबित हो रहा है।
मुद्रा बाजार में सुस्ती: पौंड, यूरो और अमेरिकी डॉलर की स्थिति
विदेशी मुद्रा बाजार में भी रणनीतिक सतर्कता देखी जा रही है। ब्रिटिश पौंड (GBP/USD) शुक्रवार के यूरोपीय कारोबारी सत्र के दौरान 1.3600 के स्तर पर प्रतिरोध का सामना करने के बाद स्थिरता के दौर में प्रवेश कर गया है। व्यापारी अमेरिकी नॉन-फॉर्म पेरोल (NFP) के बेंचमार्क संशोधन और जैक्सन होल संगोष्ठी में फेड अध्यक्ष वॉर्श के पहले आधिकारिक संबोधन से पहले किसी भी बड़े सौदे से परहेज कर रहे हैं। इन दो प्रमुख आयोजनों से वैश्विक मुद्रा बाजार में अचानक उतार-चढ़ाव आने की संभावना जताई जा रही है।
इसी तरह यूरो (EUR/USD) भी यूरोपीय सत्र में 1.1650 के आसपास कारोबार कर रहा है। अमेरिकी डॉलर में हाल ही में आई मजबूती के कारण यूरो पर दबाव बना हुआ है, लेकिन यूरोपीय सेंट्रल बैंक (ECB) की ओर से सख्त मौद्रिक नीति की उम्मीदों ने यूरो की गिरावट पर कुछ हद तक अंकुश लगाया है। बाजार प्रतिभागी फेडरल रिजर्व के रुख को स्पष्ट होने देने के बाद ही अगली दिशा तय करना चाहते हैं।
सोने में जारी रही तेजी, $4,610 के स्तर पर पहुंचा भाव
सुरक्षित निवेश के विकल्प के रूप में सोने की मांग में लगातार दूसरे दिन तेजी दर्ज की गई। यूरोपीय कारोबारी घंटों के दौरान अंतरराष्ट्रीय बाजार में सोना चढ़कर लगभग $4,610 प्रति औंस के आसपास पहुंच गया। तकनीकी चार्ट पर सोने का मूल्य एक असेंडिंग चैनल पैटर्न के भीतर बना हुआ है, जो बाजार में मजबूत खरीदारी और तेजी के रुझान को दर्शाता है।
तकनीकी संकेतकों के विश्लेषण से पता चलता है कि XAU/USD की हाजिर कीमत 9-अवधि और 50-अवधि के एक्सपोनेंशियल मूविंग एवरेज (EMA) दोनों से ऊपर बनी हुई है। इससे सोने के अल्पकालिक और मध्यमकालिक दोनों रुझान ऊपर की ओर संरेखित हैं, जिससे निवेशकों का भरोसा बना हुआ है।
क्रिप्टो बाजार में हलचल: हाइपरलिक्विड का $650 मिलियन का सौदा
डिजिटल एसेट मार्केट में हाइपरलिक्विड (HYPE) टोकन में शुक्रवार को 2% की मामूली गिरावट देखी गई। यह गिरावट पिछले दिन दर्ज किए गए 86.75 के सर्वकालिक रिकॉर्ड उच्च स्तर के बाद आई है। बाजार में इस सुधार के बावजूद संस्थागत गतिविधियों में तेजी बनी हुई है।
नैस्डैक में सूचीबद्ध संस्था हाइपरलिक्विड स्ट्रैटेजीज इंक ने अपने टोकन होल्डिंग्स को बढ़ाकर 29.3 मिलियन HYPE करने के उद्देश्य से एक इक्विटी सौदे के माध्यम से लगभग $650 मिलियन की राशि जुटाई है। इसके साथ ही संस्था अमेरिका में अपने परपेचुअल फ्यूचर्स मार्केट का विस्तार करने के लिए आक्रामक रूप से प्रयास कर रही है।
जैक्सन होल संगोष्ठी में फेड अध्यक्ष वॉर्श के संबोधन पर नजरें
फेडरल रिजर्व के अध्यक्ष के रूप में केविन वॉर्श शुक्रवार को वार्षिक जैक्सन होल संगोष्ठी में अपना पहला संबोधन देने की तैयारी कर रहे हैं। 27 अगस्त से 29 अगस्त तक आयोजित होने वाले इस तीन दिवसीय आर्थिक सम्मेलन का आधिकारिक विषय "वित्तीय नवाचार: भुगतान और नीति के लिए निहितार्थ" (Financial Innovation: Implications for Payments and Policy) रखा गया है।
वित्तीय बाजारों की उम्मीदें केवल इस सवाल तक सीमित नहीं हैं कि सितंबर की नीतिगत बैठक में ब्याज दरों में बढ़ोतरी होगी या उन्हें स्थिर रखा जाएगा। निवेशक इस बात को लेकर उत्सुक हैं कि नए फेड अध्यक्ष अमेरिकी अर्थव्यवस्था, मुद्रास्फीति नियंत्रण और दीर्घकालिक मौद्रिक नीति के दृष्टिकोण पर क्या संकेत देते हैं।



















