रिन्यूएबल एनर्जी क्षेत्र की प्रमुख कंपनी जूनिपर ग्रीन एनर्जी लिमिटेड जल्द ही अपना पहला सार्वजनिक निर्गम यानी IPO लेकर आ रही है। कंपनी ने अपने इश्यू के लिए शेयर मूल्य दायरा यानी प्राइस बैंड 214 रुपये से 225 रुपये प्रति इक्विटी शेयर निर्धारित कर दिया है। इस आईपीओ का अंकित मूल्य 10 रुपये प्रति शेयर रखा गया है। कंपनी ने सार्वजनिक सूचना के जरिए अपनी इस मूल्य सीमा और प्राथमिक बाजार से जुड़ी मुख्य तिथियों की आधिकारिक जानकारी साझा की है।
आईपीओ का शेड्यूल और जुटाए जाने वाली रकम
जूनिपर ग्रीन एनर्जी का यह IPO गुरुवार, 30 जुलाई को आम निवेशकों के सब्सक्रिप्शन के लिए खोल दिया जाएगा। इच्छुक निवेशक इस इश्यू में सोमवार, 3 अगस्त तक अपनी बोली लगा सकेंगे। मुख्य सब्सक्रिप्शन अवधि शुरू होने से ठीक एक दिन पहले, यानी 29 जुलाई को एंकर निवेशकों के लिए यह विंडो खोली जाएगी।
कंपनी इस शुरुआती सार्वजनिक पेशकश के जरिए पूंजी बाजार से कुल 1,800 करोड़ रुपये की विशाल राशि जुटाने का लक्ष्य लेकर चल रही है। इस कुल रकम को जुटाने के उद्देश्य से जूनिपर ग्रीन एनर्जी की तरफ से 8,00,00,000 (यानी 8 करोड़) नए इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे। ध्यान देने योग्य बात यह है कि कंपनी का यह पूरा आईपीओ पूरी तरह से फ्रेश इश्यू पर आधारित है। इसमें कोई ऑफर फॉर सेल (OFS) घटक शामिल नहीं किया गया है, जिसका सीधा अर्थ यह है कि मौजूदा प्रमोटर या शुरुआती निवेशक अपने किसी भी शेयर की बिक्री नहीं कर रहे हैं और जुटाया गया पूरा पैसा सीधे कंपनी के पास ही जाएगा।
बाजार पूंजीकरण और श्रेणीवार आरक्षण
यदि इस इश्यू के ऊपरी मूल्य दायरे यानी 225 रुपये के हिसाब से कंपनी का कुल मूल्यांकन देखा जाए, तो आईपीओ पूरा होने के बाद जूनिपर ग्रीन एनर्जी का बाजार पूंजीकरण (मार्केट कैप) लगभग 12,802 करोड़ रुपये पहुंच जाएगा। इस सार्वजनिक पेशकश के तहत विभिन्न निवेशक श्रेणियों के लिए शेयर आवंटन का ढांचा भी स्पष्ट किया गया है।
कुल निर्गम का 50 प्रतिशत हिस्सा योग्य संस्थागत खरीदारों (QIB) के लिए आरक्षित रखा गया है। इसके अलावा, गैर-संस्थागत निवेशकों (NII) के लिए 15 प्रतिशत हिस्सा और खुदरा (रिटेल) व्यक्तिगत निवेशकों के लिए 35 प्रतिशत हिस्सा सुरक्षित किया गया है। कंपनी ने अपने पात्र कर्मचारियों का भी विशेष ध्यान रखा है और उनके लिए 2 करोड़ रुपये मूल्य तक के शेयर आरक्षित किए हैं। इसके साथ ही, कर्मचारियों को ऊपरी प्राइस बैंड पर प्रति शेयर 21 रुपये की छूट देने का भी फैसला किया गया है।
आवंटन, रिफंड और लिस्टिंग की समयसीमा
सार्वजनिक बोली प्रक्रिया समाप्त होने के बाद शेयरों के आवंटन की प्रक्रिया 4 अगस्त को संपन्न की जाएगी। जिन आवेदकों को सफलता पूर्वक शेयर आवंटित होंगे, उनके डीमैट खातों में 5 अगस्त को शेयर क्रेडिट कर दिए जाएंगे। जिन निवेशकों को आवंटन नहीं मिलेगा, उनके खातों में 5 अगस्त को ही रिफंड की प्रक्रिया पूरी की जाएगी।
यह एक मेनबोर्ड आईपीओ है, इसलिए कंपनी के इक्विटी शेयर देश के दोनों प्रमुख शेयर बाजारों, यानी बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (बीएसई) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (एनएसई) पर एक साथ लिस्ट किए जाएंगे। शेयर बाजार में इसकी आधिकारिक लिस्टिंग की तारीख 6 अगस्त तय की गई है।
अगस्त महीने में प्राथमिक बाजार की हलचल
आगामी अगस्त महीने में भारत के प्राथमिक शेयर बाजार में जबर्दस्त तेजी देखने को मिल सकती है। अगस्त में जेप्टो, ट्रूहॉम फाइनेंस और शिपरॉकेट जैसी 12 से अधिक बड़ी और चर्चित कंपनियां अपने आईपीओ बाजार में उतारने की तैयारी कर रही हैं। इन सभी कंपनियों द्वारा प्राथमिक बाजार से सामूहिक रूप से 25,000 करोड़ रुपये से ज्यादा की पूंजी जुटाने की संभावना जताई गई है। चालू वर्ष में अब तक आईपीओ बाजार का प्रदर्शन काफी मजबूत रहा है, जहां कुल 36 कंपनियां अपने पब्लिक इश्यू ला चुकी हैं। इनमें से 9 कंपनियों ने अकेले चालू महीने के दौरान ही शेयर बाजार में कदम रखा है और अपनी लिस्टिंग दर्ज कराई है।



















