शुक्रवार, 4 सितंबर को भारतीय शेयर बाजारों ने हफ्ते के आखिरी कारोबारी सत्र में शानदार रिकवरी दर्ज की है। जन्माष्टमी के पावन अवसर पर कारोबार की शुरुआत होते ही निवेशकों के चेहरे खिल उठे क्योंकि बेंचमार्क इंडेक्स में जोरदार तेजी देखने को मिली। शुरुआती घंटों में ही बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज का सेंसेक्स लगभग 500 अंक की लंबी छलांग लगाने में कामयाब रहा, जबकि नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी भी मजबूत बढ़त के साथ 23,900 के मनोवैज्ञानिक स्तर के पार कारोबार करता नजर आया। इस मजबूत माहौल के बीच मुख्य रूप से सूचना प्रौद्योगिकी यानी आईटी सेक्टर के शेयरों में निवेशकों की भारी खरीदारी का रुझान देखा गया, जिससे पूरे बाजार को एक ठोस आधार मिला।
सेंसेक्स में करीब 500 अंकों की मजबूत बढ़त
कारोबार की शुरुआत में सेंसेक्स 510.79 अंक मजबूत होकर 76,663.65 के स्तर पर जा पहुंचा। इसके साथ ही निफ्टी भी 47.70 अंक की तेजी के साथ 23,921.15 के आंकड़े पर ट्रेड करता दिखा। बाजार के आंकड़े बताते हैं कि इस दौरान तेजी का पलड़ा काफी भारी था क्योंकि करीब 1,561 कंपनियों के शेयर हरे निशान में कारोबार कर रहे थे। इसके विपरीत, महज 741 शेयरों में बिकवाली का दबाव देखा गया और लगभग 150 शेयरों के भाव में कोई खास फेरबदल दर्ज नहीं किया गया। इससे साफ जाहिर होता है कि शुरुआती सत्र में खरीदार पूरी तरह हावी रहे।
आईटी शेयरों की चमक से बाजार को मिला सहारा
इस कारोबारी दिन सबसे बड़ा आकर्षण आईटी सेक्टर रहा, जिसके शेयरों में निवेशकों ने जमकर पैसा लगाया। उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार निफ्टी आईटी इंडेक्स में करीब 1.06 फीसदी की तेजी दर्ज की गई। दिग्गज कंपनियों की बात करें तो टीसीएस के शेयरों में 1.44 फीसदी, विप्रो में 1.47 फीसदी, टेक महिंद्रा में 1.44 फीसदी और इंफोसिस में 1.25 फीसदी की ठोस बढ़त देखी गई। इसके अलावा ट्रेंट का शेयर भी करीब 0.72 फीसदी ऊपर रहा। चुनिंदा वित्तीय और दिग्गज कंपनियों जैसे रिलायंस इंडस्ट्रीज़, एचडीएफसी लाइफ, एचडीएफसी बैंक और कोटक महिंद्रा बैंक ने भी बाजार की इस तेजी में अपना योगदान दिया और बढ़त के साथ कारोबार किया।
इन दिग्गज शेयरों पर बना रहा बिकवाली का दबाव
एक तरफ जहां टेक्नोलॉजी और चुनिंदा बैंकिंग शेयरों ने बाजार को थामे रखा, वहीं दूसरी तरफ कई प्रमुख कंपनियों के शेयर लाल निशान के दायरे में फिसल गए। आयशर मोटर्स के शेयरों में लगभग 0.94 फीसदी, ग्रासिम में 0.97 फीसदी और नेस्ले इंडिया में 0.56 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई। इसके अलावा टाइटन, मारुति सुजुकी, अडानी पोर्ट्स, ओएनजीसी और कोल इंडिया जैसी बड़ी कंपनियों के शेयरों में भी बिकवाली का दबाव साफ नजर आया, जिससे इनकी चाल सुस्त पड़ गई।
रियल्टी और इंफ्रा सेक्टर का भी मिला साथ
विभिन्न सेक्टोरल इंडेक्स के प्रदर्शन पर नजर डालें तो निफ्टी रियल्टी इंडेक्स में करीब 0.51 फीसदी और निफ्टी इंफ्रास्ट्रक्चर इंडेक्स में 0.13 फीसदी की बढ़त दर्ज की गई। बैंकिंग क्षेत्र की बात करें तो निफ्टी बैंक इंडेक्स 0.08 फीसदी ऊपर रहा, जबकि पीएसयू बैंक इंडेक्स में मामूली 0.02 फीसदी की तेजी आई। हालांकि, इसके उलट एनर्जी, एफएमसीजी, एमएनसी और फार्मास्यूटिकल्स सेक्टर्स के सूचकांक गिरावट के साथ लाल निशान में कारोबार करते दिखाई दिए। इस बीच, निवेशक भारत और अमेरिका के बीच व्यापार समझौते से जुड़ी अपडेट्स पर भी करीबी नजर बनाए हुए हैं।


















