महाराष्ट्र के पुणे स्थित बारामती एयरपोर्ट पर एक बार फिर बड़ा विमान हादसा होने से टल गया। रनवे पर लैंडिंग और टैक्सिंग के दौरान एक प्रशिक्षण विमान अचानक असंतुलित होकर फिसल गया और दुर्घटनाग्रस्त हो गया। हादसे के तुरंत बाद आपातकालीन प्रतिक्रिया दल ने स्थिति पर काबू पाया। राहत की बात यह रही कि विमान उड़ा रहा ट्रेनी पायलट सुरक्षित बाहर निकल आया और इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ है।
बारामती में लगातार हादसों का सिलसिला
बारामती हवाई पट्टी पर विमान दुर्घटनाओं का यह कोई पहला मामला नहीं है। इससे पहले मई 2026 में रेडबर्ड फ्लाइट ट्रेनिंग अकादमी का एक प्रशिक्षण विमान तकनीकी खराबी आने के कारण पास के गांव में क्रैश-लैंड हो गया था। उस समय भी ट्रेनी पायलट ने सूझबूझ का परिचय देते हुए सुरक्षित लैंडिंग की थी और किसी तरह जान बचाई थी। बार-बार हो रहे इन हादसों ने एविएशन अकादमियों द्वारा इस्तेमाल किए जा रहे विमानों के रखरखाव पर गंभीर सवाल खड़े किए हैं।
जनवरी 2026 का भीषण चार्टर प्लेन हादसा
चालू वर्ष की शुरुआत में ही बारामती एयरपोर्ट पर एक बेहद भयानक विमान हादसा देखने को मिला था। जनवरी 2026 में लैंडिंग के दौरान एक चार्टर प्लेन दुर्घटनाग्रस्त होकर ब्लास्ट हो गया था। इस भीषण हादसे में महाराष्ट्र के तत्कालीन उपमुख्यमंत्री अजित पवार समेत कुल 5 लोगों का दुखद निधन हो गया था। उस समय घटना के बाद पूरे क्षेत्र में हड़कंप मच गया था और विमान संचालन के मानकों पर व्यापक जांच के निर्देश दिए गए थे।
सुरक्षा मानकों और निगरानी व्यवस्था पर सवाल
महज आठ महीनों के भीतर एक ही एयरपोर्ट पर तीन अलग-अलग विमान हादसों के सामने आने से उड्डयन सुरक्षा से जुड़े अधिकारी चौकन्ने हो गए हैं। स्थानीय लोगों और विशेषज्ञों ने बारामती एयरपोर्ट की रनवे स्थिति, एयर ट्रैफिक कंट्रोल के प्रबंधन और ट्रेनिंग अकादमियों के कड़े ऑडिट की मांग की है। बार-बार दोहराई जा रही तकनीकी खराबियां और लैंडिंग के समय विमानों का फिसलना यह संकेत देता है कि वहां सुरक्षा प्रोटोकॉल और नियमित जांच में बड़ी लापरवाही बरती जा रही है।



















