अगर आप ओडिशा या छत्तीसगढ़ में निवास कर रहे हैं तो आपको अत्यधिक सतर्क रहने की आवश्यकता है क्योंकि मूसलाधार वर्षा, तेज आंधी और आकाशीय बिजली गिरने के कारण इन क्षेत्रों में बाढ़ और गंभीर जलभराव जैसी स्थितियां पैदा हो सकती हैं। मौसम का मिजाज पूरी तरह बदलने जा रहा है। बंगाल की खाड़ी में सक्रिय हुए नए वेदर सिस्टम के प्रभाव से मानसून एक बार फिर अत्यंत आक्रामक रूप में लौट आया है। भारतीय मौसम विज्ञान विभाग यानी आईएमडी ने इन दोनों राज्यों के लिए उच्चतम स्तर का रेड अलर्ट घोषित कर दिया है। इसके अलावा उत्तराखंड, बिहार और झारखंड में ऑरेंज अलर्ट जबकि उत्तर प्रदेश तथा हिमाचल प्रदेश में येलो अलर्ट लागू किया गया है। विशेषकर पहाड़ी क्षेत्रों में लगातार हो रही बरसात के चलते भूस्खलन यानी लैंडस्लाइड का गंभीर खतरा मंडरा रहा है। आगामी 31 अगस्त को भुवनेश्वर, रायपुर, पटना, रांची, देहरादून, लखनऊ और गुवाहाटी जैसे महत्वपूर्ण शहरों में मौसम का मिजाज काफी बिगड़ा रह सकता है। ओडिशा और छत्तीसगढ़ में व्यापक जलभराव और वज्रपात होना बेहद आम बात रहने वाली है। देहरादून में बड़े पैमाने पर भूस्खलन होने की पूरी आशंका जताई गई है, जबकि बिहार तथा झारखंड के कई हिस्सों में झमाझम बारिश की चेतावनी दी गई है।
दस राज्यों के चालीस प्रमुख शहरों में कल के मौसम का विस्तृत हाल
• नई दिल्ली: कल के दौरान आसमान में आंशिक रूप से बादल छाए रहने की उम्मीद है। दिन के वक्त अच्छी धूप खिलेगी लेकिन शाम ढलते ही और रात के समय बादलों की गहराई बढ़ सकती है। यहाँ का अधिकतम तापमान लगभग 35 डिग्री सेल्सियस से 36 डिग्री सेल्सियस के बीच दर्ज किए जाने की संभावना है, जिससे लोगों को भारी उमस और चिलचिलाती गर्मी का अहसास होगा।
• नोएडा और ग्रेटर नोएडा: यहाँ पूरे दिन मौसम साफ रहने से लेकर आंशिक रूप से बादलों की आवाजाही बनी रहेगी। बारिश होने की संभावना न के बराबर यानी दस प्रतिशत से भी कम है, जिसके कारण तापमान करीब 35 डिग्री सेल्सियस के आसपास स्थिर रहेगा और वातावरण में उमस बरकरार रहेगी।
• गाजियाबाद: यहाँ आसमान मुख्य रूप से साफ नजर आएगा और हल्की धूप खिली रहेगी। दिन के समय उमस भरी गर्मी का असर साफ तौर पर दिखाई देगा, जबकि शाम के वक्त कुछ इलाकों में आंशिक बादल छा सकते हैं।
• गुरुग्राम यानी गुड़गांव: धूप खिली रहने की वजह से यहाँ का मौसम पूरी तरह शुष्क बना रहेगा। दिन के वक्त तेज गर्मी और उमस लोगों को काफी परेशान कर सकती है, और अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस तक पहुँचने का अनुमान है।
• फरीदाबाद: यहाँ पूरे दिन तीव्र धूप और बेहद उमस भरा माहौल बना रहेगा। बारिश को लेकर कोई बड़ी चेतावनी जारी नहीं की गई है, हालांकि शाम के वक्त हल्की और ठंडी हवाएं चल सकती हैं।
• भुवनेश्वर: कल मूसलाधार बारिश और भयंकर आंधी-तूफान के कारण शहर में जगह-जगह जलभराव की गंभीर समस्या उत्पन्न हो सकती है, जिसे देखते हुए मौसम विभाग ने रेड वार्निंग जारी की है।
• कटक: भारी से अति भारी वर्षा के साथ-साथ बादलों के गरजने और निचले तथा संकरे इलाकों में पानी भरने की पूरी संभावना बनी रहेगी।
• बालासोर: तटीय इलाकों पर पड़ने वाले प्रभाव के कारण यहाँ तेज हवाओं के साथ अत्यंत भारी बारिश और फ्लैश फ्लड यानी अचानक बाढ़ आने का तगड़ा खतरा मंडरा रहा है।
• संबलपुर: यहाँ पूरे दिन आसमान बादलों से घिरा रहेगा और गरज-चमक के साथ भारी बारिश तथा तड़ित आघात की विशेष चेतावनी दी गई है।
• रायपुर: कल अत्यंत भारी वर्षा के कारण शहर की सड़कों पर भयंकर जलभराव और बाढ़ जैसे हालात बन सकते हैं, जिसके चलते यहाँ रेड अलर्ट पूरी तरह केंद्रित किया गया है।
• बिलासपुर: मूसलाधार बारिश होने और आकाशीय बिजली कड़कने की पूरी संभावना है, जिससे जनजीवन आंशिक रूप से प्रभावित हो सकता है।
• दुर्ग: यहाँ पूरे दिन तेज हवाओं के साथ रुक-रुक कर भारी बारिश का सिलसिला जारी रहेगा, जिससे निचले स्थानों पर पानी जमा हो सकता है।
• अंबिकापुर: पहाड़ी इलाकों के समीप भारी वर्षा होने, बिजली कड़कने और फ्लैश फ्लड का बड़ा जोखिम लगातार बना रहेगा।
• देहरादून: कल घोषित ऑरेंज अलर्ट के बीच शहर में भारी बारिश होगी, जिसके परिणामस्वरुप भूस्खलन होने और पहाड़ी नदियों के उफान पर आने की पूरी आशंका है।
• नैनीताल: पर्वतीय क्षेत्रों में मूसलाधार बरसात होने से लैंडस्लाइड की घटनाएं सामने आ सकती हैं और लोगों की यात्रा में भारी रुकावटें आ सकती हैं।
• हरिद्वार: तेज बारिश होने के साथ-साथ बिजली कड़कने की घटनाएं होंगी और पवित्र गंगा नदी के जलस्तर में भी उल्लेखनीय वृद्धि दर्ज की जा सकती है।
• अल्मोड़ा: भूस्खलन यानी लैंडस्लाइड का गंभीर खतरा बना हुआ है, और भारी वर्षा तथा वज्रपात को लेकर मौसम विभाग ने सभी को सतर्क रहने की सलाह दी है।
• पटना: कल जारी ऑरेंज अलर्ट के अंतर्गत भारी बारिश होने और वज्रपात की प्रबल आशंका है, जिससे शहरी क्षेत्रों में जलभराव होना तय माना जा रहा है।
• गया: मध्यम से लेकर भारी स्तर की वर्षा के साथ बादलों की तेज गर्जना और कड़कती हुई बिजली का सामना करना पड़ सकता है।
• भागलपुर: गंगा नदी के तटीय इलाकों में तेज हवाएं चलने और बारिश होने के कारण जलभराव की समस्या बढ़ सकती है और नदी का जलस्तर भी ऊपर उठ सकता है।
• मुजफ्फरपुर: यहाँ पूरा दिन आसमान बादलों से ढका रहेगा, और कई दौर की भारी वर्षा तथा वज्रपात का बड़ा खतरा मंडराता रहेगा।
• रांची: कल घोषित ऑरेंज अलर्ट के प्रभावस्वरूप बहुत भारी बारिश होने की संभावना है जिससे सड़कों पर तेज जलभराव देखने को मिल सकता है।
• जमशेदपुर: भारी वर्षा होने और बिजली कड़कने का दौर लगातार जारी रहेगा, जिससे निचले इलाकों में पानी भरने का डर बना हुआ है।
• धनबाद: बादलों की भारी गड़गड़ाहट के साथ रुक-रुक कर भारी बारिश होगी और साथ ही तेज हवाएं भी चलेंगी।
• लातेहार: अचानक बाढ़ यानी फ्लैश फ्लड के खतरे के साथ-साथ मूसलाधार बारिश और आकाशीय बिजली गिरने का विशेष अलर्ट जारी किया गया है।
• लखनऊ: कल आसमान में बादल छाए रहेंगे, और कुछ चुनिंदा इलाकों में मध्यम से लेकर भारी बारिश होने के साथ बिजली कड़कना संभव है।
• वाराणसी: भारी वर्षा होने का पुख्ता पूर्वानुमान जताया गया है, इसलिए जलभराव और बादलों की भयंकर गड़गड़ाहट को लेकर पूरी तरह सतर्क रहें।
• गोरखपुर: भारी बारिश की कड़ी चेतावनी जारी की गई है, जिसके चलते तटीय और निचले इलाकों में बाढ़ जैसी विकट स्थिति उत्पन्न हो सकती है।
• प्रयागराज: हल्की से लेकर मध्यम वर्षा होने के साथ बादलों का तूफान उठ सकता है और तड़ित चमक की पूरी संभावना है।
• कोलकाता: कल के दिन भारी बारिश और तेज हवाओं के चलने से गंभीर जलभराव की समस्या पैदा हो सकती है, जिसे लेकर चेतावनी जारी की गई है।
• सिलीगुड़ी: पहाड़ी क्षेत्रों के नजदीक भारी वर्षा होने से भूस्खलन की स्थिति बन सकती है और नदियां उफान पर बह सकती हैं।
• बांकुरा: यहाँ मूसलाधार बारिश दर्ज की जाएगी, और तेज बिजली कड़कने के साथ-साथ जलभराव की चेतावनी भी दी गई है.
• दीघा: समुद्री तूफान और भारी बारिश का असर यहाँ साफ दिखाई देगा, जिसके चलते मछुआरों को समुद्र के भीतर न जाने की सख्त सलाह दी गई है।
• गुवाहाटी: कल भारी बारिश होने के साथ-साथ बिजली कड़क सकती है और शहर के कई हिस्सों में जलभराव होना तय माना जा रहा है।
• डिब्रूगढ़: रुक-रुक कर भारी वर्षा का क्रम जारी रहेगा, और ब्रह्मपुत्र नदी के जलस्तर तथा बाढ़ की स्थिति पर लगातार कड़ी नजर रखी जा रही है।
• सिलचर: गरज-चमक के साथ मूसलाधार बारिश होने की संभावना है, और पहाड़ी इलाकों में छोटे स्तर के भूस्खलन होने की आशंका जताई गई है।
• जोरहाट: बादलों का भयंकर तूफान उठेगा और भारी बारिश होगी, जिससे दिन भर का मौसम सुहावना होने के साथ-साथ काफी चुनौतीपूर्ण भी रहेगा।
• शिमला: कल भारी बारिश होने की वजह से सड़कों पर लैंडस्लाइड होने की पूरी संभावना है, जिसके मद्देनजर मौसम विभाग ने येलो अलर्ट जारी किया है।
• मनाली: पर्वतीय क्षेत्रों के भीतर मूसलाधार बारिश होगी, आकाशीय बिजली कड़केगी और भूस्खलन होने का बड़ा खतरा लगातार बना रहेगा।
• धर्मशाला: अत्यधिक वर्षा होने और बादलों की तीव्र गर्जना से स्थानीय खड्डों और नालों में जलस्तर बहुत तेजी से बढ़ सकता है।
• सोलन: लगातार हो रही बारिश के कारण पहाड़ी ढलानों पर लैंडस्लाइड होने की आशंका है और यातायात भी बाधित हो सकता है।





















