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पूर्व जांच अधिकारी निरंजन सिंह की सियासी पारी शुरू, अमृतपाल सिंह के दल से जुड़ेपंजाब
22 सित॰ 2026, 9:05 pm (45 दिन पहले)· 2

पूर्व जांच अधिकारी निरंजन सिंह की सियासी पारी शुरू, अमृतपाल सिंह के दल से जुड़े

प्रवर्तन निदेशालय के पूर्व अधिकारी निरंजन सिंह ने राजनीति में कदम रखते हुए खडूर साहिब के सांसद अमृतपाल सिंह के दल का रुख किया है। नशा मुक्ति और व्यवस्था परिवर्तन की दलील देकर उन्होंने इस नए सफर का आगाज किया।

पंजाब के सियासी हलकों में एक असाधारण घटनाक्रम सामने आया है, जहां जांच एजेंसियों में लंबे समय तक सक्रिय रहे पूर्व अधिकारी निरंजन सिंह ने औपचारिक राजनीति में कदम रखने का फैसला किया है। प्रवर्तन निदेशालय यानी ईडी के पूर्व चर्चित जांच अधिकारी बुधवार को खडूर साहिब से सांसद अमृतपाल सिंह के संगठन अकाली दल (वारिस पंजाब दे) में शामिल होने जा रहे हैं। राष्ट्रीय सुरक्षा कानून के तहत आरोपों का सामना कर रहे सांसद के संगठन से पूर्व जांचकर्ता का यह जुड़ाव राज्य के राजनीतिक परिदृश्य को नया मोड़ दे रहा है। एक तरफ जहां संबंधित अधिकारी की पहचान नशीले पदार्थों और वित्तीय अनियमितताओं के खिलाफ सख्त रुख अपनाने वाले की रही है, वहीं दूसरी तरफ गंभीर आरोपों से घिरे सांसद के मंच से उनकी यह नई पारी कई चर्चाओं को जन्म दे रही है।

नशा मुक्ति और व्यवस्था में बदलाव की रखी दलील

राजनीतिक मंच चुनने के अपने फैसले पर स्थिति स्पष्ट करते हुए निरंजन सिंह ने कहा कि वे करीब पांच से छह वर्ष पहले ही अपनी सरकारी सेवा से सेवानिवृत्त हो चुके हैं। अपने इस कदम के पीछे तर्क देते हुए उन्होंने रेखांकित किया कि पंजाब में दशकों से सक्रिय लगभग सभी पारंपरिक सियासी दलों ने मादक पदार्थों की समस्या को जड़ से खत्म करने के बड़े-बड़े वादे किए थे। हालांकि इतने वर्षों बाद भी जमीनी हालात में कोई बड़ा सकारात्मक अंतर नहीं आया है और नशे की समस्या आज भी गंभीर रूप में कायम है। उनका कहना है कि मौजूदा व्यवस्था में अब बुनियादी और कड़े बदलाव की सख्त आवश्यकता महसूस की जा रही है। इसी व्यवस्था परिवर्तन की उम्मीद और एक नए सियासी विकल्प को तैयार करने के उद्देश्य से उन्होंने यह कदम उठाया है, जो आने वाले समय में राज्य के समीकरणों पर व्यापक असर डाल सकता है।

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हाई-प्रोफाइल मामलों की जांच और विवादों का इतिहास

प्रशासनिक सेवा के दौरान निरंजन सिंह की भूमिका कई बहुचर्चित और संवेदनशील मामलों की जांच में प्रमुख रही है। ईडी में अपनी तैनाती के दौरान उन्होंने राज्य से जुड़े कई बड़े आर्थिक और आपराधिक मामलों की फाइलें संभाली थीं। पंजाब के बहुचर्चित ड्रग्स मामले में अकाली दल के वरिष्ठ नेता बिक्रम सिंह मजीठिया से लंबी और तीखी पूछताछ करने वाले जांच अधिकारियों में निरंजन सिंह मुख्य चेहरे के रूप में सामने आए थे। उस समय मजीठिया से पूछताछ के दौरान अचानक उनके तबादले के आदेश ने राज्य की राजनीति में बड़ा बवंडर खड़ा कर दिया था, और यह प्रकरण काफी समय तक सार्वजनिक बहस के केंद्र में रहा था।

पंजाब की राजनीति पर नए समीकरणों का प्रभाव

अब वही पूर्व कड़क अधिकारी एक ऐसे सांसद के संगठन का दामन थाम रहे हैं, जो खुद आतंकवाद और गंभीर आपराधिक धाराओं से जुड़े आरोपों में घिरे हैं। यह कदम प्रशासनिक अनुभव, कठोर जांच छवि और विवादित राजनीतिक पृष्ठभूमि के विचित्र तालमेल को दर्शाता है। आने वाले समय में यह राजनीतिक गठजोड़ राज्य की सियासत में किस तरह की हलचल पैदा करता है और मतदाताओं के बीच किस रूप में स्वीकार किया जाता है, इस पर सभी दलों की नजरें टिकी हुई हैं।

सवाल-जवाब

निरंजन सिंह किस पार्टी में शामिल हो रहे हैं?
निरंजन सिंह पंजाब के खडूर साहिब से सांसद अमृतपाल सिंह के संगठन अकाली दल (वारिस पंजाब दे) में शामिल हो रहे हैं।
निरंजन सिंह पूर्व में किस पद या एजेंसी में कार्यरत थे?
वे प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) में एक प्रमुख जांच अधिकारी के रूप में कार्यरत थे।
उन्हें सरकारी सेवा से सेवानिवृत्त हुए कितना समय हो चुका है?
उन्हें सरकारी सेवा से रिटायर हुए लगभग पांच से छह साल हो चुके हैं।
उन्होंने राजनीति में आने और पार्टी चुनने का क्या कारण बताया?
उन्होंने कहा कि पारंपरिक दलों के वादों के बावजूद पंजाब में नशा खत्म नहीं हुआ, इसलिए राज्य में बड़े बदलाव के लिए यह कदम उठाया गया है।
निरंजन सिंह का नाम पूर्व में किन हाई-प्रोफाइल मामलों से जुड़ा रहा है?
वे पंजाब के बहुचर्चित ड्रग्स मामले में अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया से पूछताछ करने वाले प्रमुख अधिकारियों में शामिल थे।
संपादकीय नीति सुधार नीति

टिप्पणियाँ 5

Tanvi Desai@tanvi-desai·44 दिन पहले

ईडी के पूर्व अधिकारी निरंजन सिंह का अमृतपाल के दल से जुड़ना सचमुच हैरान करने वाला है। जो अफसर कल तक ड्रग्स मामलों की जांच कर रहा था, आज उसी मुद्दे पर विवादों में घिरे सांसद के साथ मंच साझा करेगा। पंजाब की राजनीति में ये वाकई एक अजीब सा मोड़ है।

Arjun Mehta@arjun-mehta·44 दिन पहले

ईडी वाले निरंजन साहब का अमृतपाल के साथ जाना थोड़ा हजम नहीं हो रहा। जो अफसर कभी ड्रग्स के खिलाफ कड़क जांच के लिए जाना जाता था, वो आज ऐसे सांसद के साथ मंच साझा कर रहा है। अजीब सा मेल है, देखते हैं जनता इसे कैसे लेती है।

Ravikash Gupta@ravikash·44 दिन पहले

अजय भाई, बात तो आपकी सही है। जो अफसर कभी ड्रग्स के मामलों में सबसे कड़क माना जाता था, उसका इस तरह अमृतपाल के साथ जाना वाकई हैरान करने वाला है।

Rohan Verma@rohan-verma·44 दिन पहले

मजीठिया से पूछताछ के दौरान दफ्तर के बाहर जो हंगामा हुआ था, वह आज भी याद है। अब वही अफसर राजनीति में आ गए, समय की बात है।

Karan Malhotra@karan-malhotra·44 दिन पहले

रोहन भाई, मजीठिया वाला दौर वाकई दिलचस्प था, पर ईडी से रिटायर होने के बाद अमृतपाल के साथ जाना सच में चौंकाने वाला है।

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